मेरा युवा भारत प्लेटफॉर्म पर 1.52 लाख+ वॉलंटियरिंग अवसर, 10 करोड़ युवाओं को जोड़ने का लक्ष्य
सारांश
मुख्य बातें
केंद्र सरकार ने 5 जुलाई 2026 को जानकारी दी कि माई भारत (मेरा युवा भारत) प्लेटफॉर्म देश के युवाओं को राष्ट्र निर्माण की प्रक्रिया से जोड़ने का एक प्रभावी डिजिटल माध्यम बनकर उभरा है। सरकारी आँकड़ों के अनुसार, जून 2026 तक इस मंच पर सफाई अभियान, रक्तदान, खेल, आपदा राहत और सामुदायिक सेवा जैसे क्षेत्रों में 1.52 लाख से अधिक स्वयंसेवी अवसर उपलब्ध कराए जा चुके हैं। इस पहल का व्यापक उद्देश्य देश के 10 करोड़ युवाओं को सशक्त बनाना है।
प्लेटफॉर्म की पृष्ठभूमि और उद्देश्य
युवा मामले और खेल मंत्रालय के तहत अक्टूबर 2023 में शुरू किया गया यह मंच शैक्षणिक संस्थानों, सरकारी एजेंसियों, उद्योगों और गैर-सरकारी संगठनों को एकीकृत करता है। सरकार के अनुसार, इसका मूल उद्देश्य युवाओं को एक ही डिजिटल माध्यम पर सीखने, स्वयंसेवा करने और करियर से जुड़े अवसर सुलभ कराना है। यह ऐसे समय में आया है जब देश में युवा बेरोज़गारी और कौशल-अंतराल को लेकर नीतिगत बहस तेज़ है।
डिजिटल ढाँचा और सुविधाएँ
माई भारत प्लेटफॉर्म पूरी तरह डिजिटल व्यवस्था पर आधारित है। इसमें ऑनलाइन पंजीकरण, उपस्थिति दर्ज करना, जियो-टैगिंग, प्रमाणपत्र जारी करना और गतिविधियों के प्रभाव का आकलन जैसी सुविधाएँ शामिल हैं। इसके अतिरिक्त इंटर्नशिप, अप्रेंटिसशिप, उद्योग-अनुभव, AI आधारित रिज्यूमे निर्माण और मेंटरशिप जैसी सेवाएँ भी उपलब्ध हैं, जो स्वयंसेवकों और आयोजकों दोनों के लिए प्रक्रिया को सरल बनाती हैं।
अनुभवात्मक शिक्षण और कौशल विकास
सरकारी आँकड़ों के अनुसार, जुलाई 2026 तक प्लेटफॉर्म पर 24,900 से अधिक अनुभवात्मक शिक्षण कार्यक्रम (ELP) आयोजित किए जा चुके हैं। इन कार्यक्रमों का लक्ष्य युवाओं को व्यावहारिक दक्षता प्रदान करना और उन्हें रोज़गार बाज़ार के लिए तैयार करना है। गौरतलब है कि यह पहल केवल स्वयंसेवा तक सीमित नहीं है — इसमें करियर-निर्माण का एक समग्र ढाँचा भी शामिल है।
नागरिक जागरूकता और नेतृत्व विकास
सरकार के अनुसार, मंच युवाओं में नेतृत्व क्षमता और नागरिक जागरूकता बढ़ाने पर विशेष ध्यान देता है। इसके तहत क्विज़, प्रतियोगिताएँ और विकसित भारत यूथ पार्लियामेंट जैसे कार्यक्रम आयोजित होते हैं, जिनमें संविधान, सुशासन, सार्वजनिक नीति और राष्ट्रीय मुद्दों पर चर्चा होती है। 'माई भारत माई वोट' अभियान के ज़रिए पहली बार मतदान करने वाले युवाओं में संवैधानिक जागरूकता और ज़िम्मेदार मतदान को बढ़ावा दिया गया।
प्रमुख आयोजनों की भागीदारी
नेशनल यूथ फेस्टिवल: विकसित भारत यंग लीडर्स डायलॉग 2026 में 50.42 लाख से अधिक युवाओं ने हिस्सा लिया, जिन्होंने विकसित भारत 2047 के लक्ष्यों पर अपने सुझाव साझा किए। यूथ फॉर विकसित भारत – माई भारत यूथ कन्वेंशन 2026 में 6,000 से अधिक प्रतिभागी शामिल हुए। इसके अलावा देश के 17 क्षेत्रों में आयोजित नारी शक्ति यूथ पार्लियामेंट में 7,000 से अधिक युवा महिलाओं ने लोकतंत्र, नीति निर्माण और सामाजिक मुद्दों पर अपनी आवाज़ बुलंद की। सरकार का कहना है कि ये पहलें युवाओं को नेतृत्व और राष्ट्र निर्माण में सक्रिय भूमिका के लिए तैयार कर रही हैं।