ICC कोड ऑफ कंडक्ट उल्लंघन: नाहिदा अख्तर और सरमिन सुल्ताना पर 10%25 मैच फीस जुर्माना
सारांश
Key Takeaways
- नाहिदा अख्तर और सरमिन सुल्ताना पर मैच फीस का 10%25 जुर्माना लगाया गया।
- दोनों पर आईसीसी कोड ऑफ कंडक्ट लेवल 1 के तहत कार्रवाई हुई।
- नाहिदा ने आर्टिकल 2.5 और सरमिन ने आर्टिकल 2.8 का उल्लंघन किया।
- दोनों को एक-एक डिमेरिट पॉइंट मिला, जो 24 महीने में पहला उल्लंघन है।
- मैच रेफरी सुप्रिया रानी दास ने सजा सुनाई और दोनों ने बिना सुनवाई के स्वीकार की।
- यह घटना श्रीलंका के खिलाफ ICC विमेंस चैंपियनशिप के दूसरे वनडे में हुई।
दुबई, 25 अप्रैल 2025 — बांग्लादेश की महिला क्रिकेटर नाहिदा अख्तर और सरमिन सुल्ताना पर आईसीसी कोड ऑफ कंडक्ट के लेवल 1 उल्लंघन के लिए उनकी मैच फीस का 10 प्रतिशत जुर्माना लगाया गया है। यह मामला श्रीलंका के खिलाफ आईसीसी विमेंस चैंपियनशिप सीरीज के दूसरे वनडे के दौरान सामने आया। दोनों खिलाड़ियों ने अपनी गलती स्वीकार कर ली है और आधिकारिक सजा को मान लिया गया है।
क्या था पूरा मामला?
नाहिदा अख्तर पर आर्टिकल 2.5 के तहत कार्रवाई की गई, जो अंतरराष्ट्रीय मैच के दौरान आउट होने पर बल्लेबाज की बेइज्जती करने वाली भाषा, हरकतें या इशारे करने से संबंधित है। मैच के 17वें ओवर में श्रीलंका की कप्तान चमारी अथापट्टू को आउट करने के बाद नाहिदा ने पवेलियन की ओर इशारा करते हुए उन्हें अपमानजनक तरीके से विदाई दी।
वहीं, सरमिन सुल्ताना को आर्टिकल 2.8 के तहत दोषी पाया गया, जो अंपायर के फैसले पर असहमति जताने से जुड़ा है। बांग्लादेश की पारी के 16वें ओवर में सरमिन को पगबाधा (LBW) दिए जाने पर उन्होंने साफ नाराजगी जाहिर की, अपने बल्ले की ओर इशारा किया और क्रीज छोड़ने में जानबूझकर देरी की।
सजा का विवरण और प्रक्रिया
दोनों खिलाड़ियों पर मैच फीस का 10 प्रतिशत जुर्माना लगाने के साथ-साथ प्रत्येक को एक-एक डिमेरिट पॉइंट भी दिया गया है। यह 24 महीने की अवधि में उनकी पहली ऐसी गलती है, इसलिए सजा न्यूनतम स्तर पर रखी गई।
आरोप मैदानी अंपायरिंग टीम द्वारा लगाए गए, जिसमें एलोइस शेरिडन और रोकेया सुल्ताना मैदानी अंपायर थीं, जबकि डॉली रानी सरकार थर्ड अंपायर और शतिरा जाकिर जेसी फोर्थ अंपायर की भूमिका में थीं।
दोनों खिलाड़ियों ने एमिरेट्स आईसीसी इंटरनेशनल पैनल की मैच रेफरी सुप्रिया रानी दास द्वारा निर्धारित सजा को बिना किसी विरोध के स्वीकार कर लिया, जिससे किसी आधिकारिक सुनवाई की आवश्यकता नहीं रही।
आईसीसी कोड ऑफ कंडक्ट: लेवल 1 उल्लंघन क्या होता है?
आईसीसी कोड ऑफ कंडक्ट के तहत लेवल 1 सबसे हल्की श्रेणी का उल्लंघन माना जाता है। इसमें कम से कम आधिकारिक फटकार और अधिकतम मैच फीस का 50 प्रतिशत तक जुर्माना लगाया जा सकता है। साथ ही एक या दो डिमेरिट पॉइंट भी दिए जा सकते हैं।
यदि कोई खिलाड़ी 24 महीने में 4 या उससे अधिक डिमेरिट पॉइंट अर्जित कर लेता है, तो वे सस्पेंशन पॉइंट में बदल जाते हैं, जिससे उस खिलाड़ी पर मैच बैन भी लग सकता है। इस दृष्टि से दोनों खिलाड़ियों को भविष्य में अनुशासन बनाए रखना होगा।
व्यापक परिप्रेक्ष्य: महिला क्रिकेट में अनुशासन की बढ़ती जरूरत
यह घटना ऐसे समय में सामने आई है जब आईसीसी विमेंस चैंपियनशिप महिला क्रिकेट के विस्तार और व्यावसायीकरण के दौर से गुजर रही है। महिला क्रिकेट में दर्शकों की संख्या और मीडिया कवरेज में उल्लेखनीय वृद्धि के साथ, खिलाड़ियों से पेशेवर आचरण की अपेक्षाएं भी बढ़ी हैं।
गौरतलब है कि बांग्लादेश महिला टीम हाल के वर्षों में अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में अपनी पहचान मजबूत कर रही है। ऐसे में इस तरह की अनुशासनात्मक कार्रवाई टीम की छवि पर असर डाल सकती है। नाहिदा अख्तर बांग्लादेश की अनुभवी स्पिनर हैं और उनका यह आचरण उनकी वरिष्ठता के अनुरूप नहीं माना जा रहा।
आगे देखें तो आईसीसी विमेंस चैंपियनशिप सीरीज के शेष मैचों में बांग्लादेश टीम के प्रदर्शन और अनुशासन पर नजर रहेगी। दोनों खिलाड़ियों के लिए यह एक चेतावनी है कि भविष्य में किसी भी उल्लंघन पर सख्त कार्रवाई हो सकती है।