क्या रोहित शर्मा और हरमनप्रीत कौर को 'पद्म श्री' से सम्मानित किया जाएगा?
सारांश
Key Takeaways
- रोहित शर्मा और हरमनप्रीत कौर को 'पद्म श्री' पुरस्कार दिया जाएगा।
- विजय अमृतराज को 'पद्म भूषण' से सम्मानित किया जाएगा।
- 2026 के लिए 131 पद्म पुरस्कारों की स्वीकृति दी गई है।
- इस सूची में 19 महिलाएं हैं।
- खेल संस्कृति को बढ़ावा देने में पुरस्कारों की महत्ता।
नई दिल्ली, 25 जनवरी (राष्ट्र प्रेस)। भारत को कप्तान के तौर पर विश्व कप खिताब दिलाने वाले रोहित शर्मा और हरमनप्रीत कौर को 'पद्म श्री' पुरस्कार से सम्मानित किया जाएगा। इनके साथ-साथ 6 अन्य खिलाड़ियों को भी इस पुरस्कार से नवाजा जाएगा। वहीं, टेनिस के दिग्गज विजय अमृतराज को 'पद्म भूषण' से सम्मानित किया जाएगा।
साल 2026 के लिए, राष्ट्रपति ने 131 पद्म पुरस्कारों की स्वीकृति दी है, जिसमें 5 पद्म विभूषण, 13 पद्म भूषण और 113 पद्म श्री पुरस्कार शामिल हैं। इस सूची में 19 महिलाएं भी हैं। इसके अलावा, 6 विदेशी/एनआरआई/पीआईओ/ओसीआई श्रेणी के व्यक्तियों का नाम और 16 मरणोपरांत पुरस्कार पाने वालों का भी नाम शामिल है।
'पद्म श्री' पुरस्कार पाने वालों में पूर्व भारतीय क्रिकेट कप्तान रोहित शर्मा और महिला क्रिकेट टीम की कप्तान हरमनप्रीत कौर शामिल हैं। रोहित शर्मा की कप्तानी में भारत ने टी20 वर्ल्ड कप 2024 का खिताब जीता था। वहीं, हरमनप्रीत कौर की अगुवाई में भारतीय महिला क्रिकेट टीम ने वनडे विश्व कप 2025 का खिताब अपने नाम किया था।
बुंदेली युद्ध कला के प्रशिक्षक भगवानदास रैकवार को भी 'पद्म श्री' पुरस्कार से सम्मानित किया जाएगा, जिन्होंने 1,000 से अधिक खिलाड़ियों को प्रशिक्षित किया है।
पुडुचेरी के के. पजनीवेल को मार्शल आर्ट सिलांबम को बढ़ावा देने के लिए 'पद्म श्री' से नवाजा जाएगा। इसके साथ ही अनुभवी हॉकी कोच बलदेव सिंह को भी इस पुरस्कार से सम्मानित किया जाएगा, जिन्होंने 50 से अधिक अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ियों का मार्गदर्शन किया।
जॉर्जियाई कुश्ती कोच व्लादिमीर मेस्तविरिशविली को मरणोपरांत यह पुरस्कार दिया जाएगा, जिन्होंने दो दशकों तक भारतीय खिलाड़ियों को प्रशिक्षित किया और ओलंपिक मेडलिस्ट तैयार किए। इसके अलावा, महिला हॉकी खिलाड़ी सविता पूनिया और प्रवीण कुमार भी इस खिताब से सम्मानित होंगे।
'पद्म भूषण' पुरस्कार पाने वाले विजय अमृतराज 1970-80 के दशक में भारत के नंबर 1 खिलाड़ी रहे हैं, जिन्होंने 1974 और 1987 में डेविस कप के फाइनल में भारत का नेतृत्व किया। 2024 में अंतरराष्ट्रीय टेनिस हॉल ऑफ फेम में शामिल होने वाले अमृतराज ने ब्योन बोर्ग जैसे दिग्गज खिलाड़ियों को हराया।