श्रुति अहलावत ने आईटीएफ डब्ल्यू15 का सिंगल्स खिताब जीता, नई दिल्ली में शानदार जीत
सारांश
Key Takeaways
भारत की श्रुति अहलावत ने 3 मई 2026 को नई दिल्ली के डीएलटीए स्टेडियम में आयोजित आईटीएफ डब्ल्यू15 टूर्नामेंट के सिंगल्स फाइनल में शानदार जीत दर्ज की। अहलावत ने पोलैंड की जुजाना कोलोनस को 7-5, 6-2, 7-6 के स्कोर से हराकर खिताब अपने नाम किया। 27 अप्रैल से 3 मई तक चले इस अंतरराष्ट्रीय महिला टूर्नामेंट में 74 खिलाड़ियों ने भाग लिया, जिनमें 62 भारतीय थीं।
डबल्स खिताब का परिणाम
2 मई को खेले गए डबल्स फाइनल में जेनिया लास्कुतोवा और एकातेरिना याशिना (रूस) की जोड़ी ने अरिना आरिफुलिना और मिचिका ओजेकी (जापान) को 6-4, 6-3 से पराजित किया। इस मैच में रूसी जोड़ी ने दबाव में भी असाधारण तालमेल और मजबूत रक्षा प्रदर्शित की।
भारतीय प्रतिभा की गहराई
इस टूर्नामेंट ने भारत की उभरती महिला टेनिस प्रतिभा की व्यापकता को उजागर किया। 14 वर्षीय जेन्सी कनाबर किसी प्रोफेशनल आईटीएफ महिला टूर्नामेंट के सिंगल्स क्वार्टरफाइनल में पहुँचने वाली सबसे युवा भारतीय बनीं। जील देसाई, आकांक्षा दिलीप नित्तुरे और सोनल पाटिल जैसी अन्य प्रमुख भारतीय खिलाड़ियों ने भी टूर्नामेंट में मजबूत मौजूदगी दर्ज कराई।
पुरस्कार और रैंकिंग अंक
इस टूर्नामेंट में खिलाड़ियों के लिए कुल 15,000 अमेरिकी डॉलर की इनामी राशि और महत्वपूर्ण वर्ल्ड रैंकिंग पॉइंट्स दांव पर थे। यह राशि और अंक भारतीय खिलाड़ियों को वैश्विक स्तर पर अपनी पहचान मजबूत करने में सहायक साबित होते हैं।
अंतरराष्ट्रीय प्रतिभा की मौजूदगी
टूर्नामेंट में रूस, जापान, अमेरिका और पोलैंड की खिलाड़ियों की भी मजबूत उपस्थिति थी, जिससे प्रतियोगिता का स्तर और ऊँचा उठ गया। यह मुकाबले भारतीय खिलाड़ियों को अपनी ही धरती पर अंतरराष्ट्रीय स्तर का अनमोल अनुभव प्रदान करते हैं।
आईटीएफ टूर्नामेंट का महत्व
आईटीएफ डब्ल्यू15 नई दिल्ली आईटीएफ वीमेंस वर्ल्ड टेनिस टूर का एक महत्वपूर्ण भाग है। यह मंच भारतीय खिलाड़ियों के लिए रैंकिंग पॉइंट्स अर्जित करने, अंतरराष्ट्रीय पहचान बनाने और प्रतिभा विकास के लिए एक प्रमुख केंद्र के रूप में कार्य करता है।