शुभमन गिल की 154 रनों की पारी, भारत ने अफगानिस्तान को 170 रन से रौंदा; सीरीज में 2-0 की बढ़त
सारांश
मुख्य बातें
कप्तान शुभमन गिल ने 110 गेंदों पर 154 रन की धमाकेदार पारी खेलते हुए 17 जून को लखनऊ के इकाना स्टेडियम में अफगानिस्तान के खिलाफ वनडे सीरीज के दूसरे मुकाबले में भारत को 170 रन की बड़ी जीत दिलाई। इस जीत के साथ भारतीय टीम ने तीन मैचों की सीरीज में 2-0 की अजेय बढ़त हासिल कर ली।
मैच का मुख्य घटनाक्रम
भारत ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 49.5 ओवर में 402 रन का विशाल स्कोर खड़ा किया। गिल ने अपनी पारी में 22 चौके और 2 छक्के जड़े और 43वें ओवर की तीसरी गेंद पर आउट हुए। विकेटकीपर बल्लेबाज ईशान किशन ने भी 79 गेंदों पर 125 रन की तूफानी पारी खेली, जिसमें 14 चौके और 7 छक्के शामिल थे। दोनों की शतकीय पारियों ने भारत को 403 रन के लक्ष्य तक पहुँचाया।
403 रन के विशाल लक्ष्य के सामने अफगानिस्तान की पूरी टीम 44.3 ओवर में 232 रन पर ढेर हो गई। अफगानिस्तान की तरफ से सबसे ज़्यादा 79 रन रहमत शाह ने बनाए। सेदिकुल्लाह अटल ने 42, रहमानुल्लाह गुरबाज़ ने 41 और इब्राहिम ज़ादरान ने 21 रन की पारी खेली।
गेंदबाज़ों का प्रदर्शन
भारतीय गेंदबाज़ों ने भी अपनी भूमिका बखूबी निभाई। अर्शदीप सिंह और गुरनुर बरार ने 3-3 विकेट लिए, जबकि प्रिंस यादव ने 2 और वाशिंगटन सुंदर ने 1 विकेट चटकाया। गिल ने मैच के बाद कहा कि तेज़ गेंदबाज़ों को इन पिचों पर अच्छी गेंदबाज़ी करते देखना सुखद अनुभव है।
गिल का लक्ष्य और बल्लेबाज़ी रणनीति
प्लेयर ऑफ द मैच चुने गए गिल ने मैच के बाद अपनी रणनीति साझा की। उन्होंने कहा, 'इस सीरीज के लिए मेरा एक टारगेट था। मैं पिच पर 40-45 ओवर तक बल्लेबाज़ी करना चाहता हूँ। मुझे पता था कि मुझे 440-450 को ध्यान में रखते हुए अपने शॉट्स मारते रहना है। गेंद बल्ले पर सही तरीके से आ रही थी।' उन्होंने यह भी बताया कि बल्लेबाज़ी के दौरान शरीर के कई हिस्सों में क्रैंप आए और थोड़ा दर्द हुआ, लेकिन उन्होंने पारी जारी रखी।
अफगानिस्तान कप्तान की प्रतिक्रिया
अफगानिस्तान के कप्तान हशमतुल्लाह शाहिदी ने हार स्वीकार करते हुए कहा, 'आप सब कुछ टॉस पर नहीं डाल सकते। हम गेंदबाज़ी में अच्छे नहीं थे। पहले 20 ओवर में हमने सही एरिया में गेंदबाज़ी नहीं की। यह हमारे लिए एक मुश्किल सीरीज है, लेकिन हमें बहुत कुछ सीखने को मिला। उम्मीद है चेन्नई में हम बेहतर प्रदर्शन करेंगे।'
आगे क्या
सीरीज का तीसरा और अंतिम वनडे चेन्नई में खेला जाएगा। भारत पहले ही सीरीज अपने नाम कर चुका है, इसलिए तीसरे मुकाबले में युवा खिलाड़ियों को आज़माने का मौका मिल सकता है। अफगानिस्तान के लिए यह मैच अपनी गेंदबाज़ी की कमज़ोरियों को दूर करने और सम्मानजनक विदाई का अवसर होगा।