थाईलैंड ओपन फाइनल: सात्विक-चिराग को इंडोनेशियाई जोड़ी ने 21-12, 25-23 से हराया, सिल्वर पर रुका सफर
सारांश
मुख्य बातें
भारत की शीर्ष पुरुष युगल जोड़ी सात्विकसाईराज रंकीरेड्डी और चिराग शेट्टी को 17 मई 2026 को पटुमवान, थाईलैंड में खेले गए थाईलैंड ओपन के फाइनल में हार झेलनी पड़ी। इंडोनेशिया के लियो रोली कार्नांडो और डेनियल मार्थिन ने भारतीय जोड़ी को 21-12, 25-23 के स्कोर से मात देकर खिताब अपने नाम किया। सात्विक और चिराग को रजत पदक से संतोष करना पड़ा।
मुख्य घटनाक्रम
पहले गेम में भारतीय जोड़ी लय पकड़ने में नाकाम रही। इंडोनेशियाई खिलाड़ियों ने शुरू से ही दबाव बनाए रखा और पहला गेम 21-12 से एकतरफा अंदाज में जीत लिया। दूसरे गेम में सात्विक-चिराग ने जोरदार वापसी की और मुकाबले को रोमांचक मोड़ पर ला दिया। भारतीय जोड़ी ने लगातार पाँच चैंपियनशिप पॉइंट बचाए, लेकिन आखिरकार 23-25 से हारकर खिताब गँवा दिया।
टूर्नामेंट में भारत का प्रदर्शन
पूरे टूर्नामेंट में सात्विक और चिराग ने एकतरफा जीत दर्ज करते हुए फाइनल तक का सफर तय किया था। शनिवार को खेले गए सेमीफाइनल में उन्होंने मलेशिया के गोह से फेई और नूर इजुद्दीन को 19-21, 22-20, 21-16 से हराया था — यह मुकाबला 1 घंटे 22 मिनट तक चला। यह 2026 सीजन में भारतीय जोड़ी का पहला फाइनल था।
ऐतिहासिक संदर्भ
सात्विक-चिराग तीसरी बार थाईलैंड ओपन के फाइनल में पहुँचे थे। इससे पहले वे 2019 और 2024 में इस खिताब को जीत चुके हैं। तीसरी बार खिताब जीतने का सपना हालाँकि इस बार पूरा नहीं हो सका।
अन्य भारतीय खिलाड़ियों का हाल
पीवी सिंधु क्वार्टर फाइनल में जापान की यामागुची के खिलाफ 21-19, 18-21, 15-21 से हारकर टूर्नामेंट से बाहर हो गई थीं। लक्ष्य सेन को क्वार्टर फाइनल में थाईलैंड के कुनलावुत वितिदसर्ण ने सीधे गेमों में 19-21, 16-21 से पराजित किया था। सिंधु और सेन के शुरुआती दौर में बाहर होने के बाद सात्विक-चिराग की जोड़ी से ही भारत की उम्मीदें टिकी थीं।
आगे की राह
थाईलैंड ओपन का यह सिल्वर मेडल सात्विक-चिराग के लिए 2026 सीजन की एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है, भले ही खिताब हाथ से निकल गया। अगले टूर्नामेंटों में वे अपनी रैंकिंग और फॉर्म को और मजबूत करने की कोशिश करेंगे।