क्या अंडर-19 के दिन कभी वापस नहीं आते? खिलाड़ियों को स्वाभाविक गेम खेलना होगा: वरुण आरोन
सारांश
Key Takeaways
- अंडर-19 वर्ल्ड कप की शुरुआत 15 जनवरी से होगी।
- भारतीय टीम का पहला मैच यूएसए के खिलाफ है।
- वरुण आरोन ने सलाह दी कि खिलाड़ी स्वाभाविक गेम खेले।
- खिलाड़ियों को अपनी पहचान बनाए रखनी चाहिए।
- फाइनल मुकाबला 6 फरवरी को होगा।
नई दिल्ली, 5 जनवरी (राष्ट्र प्रेस)। अंडर-19 वर्ल्ड कप की शुरुआत 15 जनवरी से होने जा रही है। भारतीय टीम अपने पहले मुकाबले में यूएसए का सामना करेगी। वर्ल्ड कप से पहले, पूर्व भारतीय तेज गेंदबाज वरुण आरोन ने युवाओं को अपना स्वाभाविक गेम खेलने का संदेश दिया है।
वरुण आरोन के अनुसार, आगामी विश्व कप की तैयारी में अंडर-19 खिलाड़ियों को बस अपने असली रूप में रहना चाहिए। ये साल किसी की भी जिंदगी में कभी वापस नहीं आते।
उन्होंने 'जियोस्टार' पर कहा, "अंडर-19 क्रिकेट खुद को जाहिर करने का एक महत्वपूर्ण मंच है। हर स्तर पर, यहां तक कि अंडर-14 में भी, हमेशा बेहतरीन प्रदर्शन का दबाव होता है, लेकिन इस ग्रुप के कोच चाहते हैं कि खिलाड़ी स्वतंत्रता से खेलें और मैदान पर अपना स्वाभाविक गेम प्रदर्शित करें। अंडर-19 के ये साल दोबारा नहीं मिलते। यह वह समय है, जब उन्हें बस खुद जैसा होना चाहिए।"
अंडर 19 वर्ल्ड कप से पहले, भारतीय अंडर 19 टीम साउथ अफ्रीका के खिलाफ तीन मुकाबलों की यूथ वनडे सीरीज खेल रही है। टीम इंडिया ने सीरीज का पहला मुकाबला डकवर्थ लुईस नियम के अनुसार 25 रन से जीता था। यह सीरीज मेगा इवेंट की तैयारी का एक हिस्सा है।
चोट के कारण कप्तान आयुष म्हात्रे और विहान मल्होत्रा इस सीरीज में शामिल नहीं हैं, लेकिन अंडर-19 वर्ल्ड कप के लिए वह टीम में लौटेंगे।
भारतीय टीम 15 जनवरी को यूएसए के खिलाफ खेलेगी, उसके बाद 17 जनवरी को बांग्लादेश से मुकाबला होगा। भारतीय टीम का अंतिम ग्रुप मैच 24 जनवरी को न्यूजीलैंड के खिलाफ होगा।
मेंस अंडर-19 वर्ल्ड कप 2026 में 16 टीमों का आयोजन होगा, जिन्हें चार-चार के चार ग्रुप में बांटा गया है। प्रत्येक टीम अपने ग्रुप की बाकी तीन टीमों के साथ खेलकर टॉप तीन टीमों को सुपर 6 स्टेज में आगे बढ़ने का मौका मिलेगा।
यहां से टॉप 4 टीमें सेमीफाइनल के लिए क्वालीफाई करेंगी। सेमीफाइनल मैच 3 और 4 फरवरी को बुलावेयो और हरारे में आयोजित किए जाएंगे। फाइनल मुकाबला 6 फरवरी को हरारे स्पोर्ट्स क्लब में होगा।