वैभव सूर्यवंशी की फील्डिंग पर मोहम्मद कैफ की चेतावनी: 'भारत के लिए खेलना है तो पहले फील्डिंग टेस्ट पास करो'
सारांश
मुख्य बातें
पूर्व भारतीय क्रिकेटर मोहम्मद कैफ ने 18 मई 2025 को स्पष्ट शब्दों में कहा कि 15 वर्षीय वैभव सूर्यवंशी को सीनियर भारतीय पुरुष क्रिकेट टीम में जगह बनाने से पहले अपनी फील्डिंग में उल्लेखनीय सुधार करना होगा। राजस्थान रॉयल्स की दिल्ली कैपिटल्स के खिलाफ 5 विकेट से हुई हार के बाद कैफ की यह टिप्पणी खासी चर्चा में है।
मुख्य घटनाक्रम
रविवार को खेले गए आईपीएल 2025 के मुकाबले में राजस्थान रॉयल्स को 193 रनों के लक्ष्य का बचाव करने में नाकामी मिली। इस मैच में वैभव सूर्यवंशी की फील्डिंग कमज़ोर रही, जिसके कारण आरआर के गेंदबाज डीसी के बल्लेबाज़ों पर पर्याप्त दबाव नहीं बना सके। दिल्ली कैपिटल्स ने लक्ष्य आसानी से हासिल कर लिया।
कैफ ने क्या कहा
कैफ ने एक मीडिया इंटरव्यू में कहा, 'मेरा मानना है कि स्काउट्स को खिलाड़ियों की स्काउटिंग करते समय फील्डिंग टेस्ट भी लेना चाहिए। स्काउट्स सही खिलाड़ी ला रहे हैं; वे बहुत अच्छा काम कर रहे हैं, लेकिन मैंने वैभव सूर्यवंशी को अभी तक एक भी कैच लेते नहीं देखा है। अगर वह भारत के लिए खेलना चाहते हैं, तो उन्हें अपनी फील्डिंग सुधारनी होगी। उन्हें पहले वह फील्डिंग टेस्ट पास करना होगा।'
कैफ ने एक विशेष कैच छूटने का उदाहरण देते हुए कहा, 'जो गेंद उनकी तरफ आई वह अच्छी ऊंचाई पर थी। मैं समझता हूं कि जब कोई बल्लेबाज फ्लिक शॉट खेलता है, तो कैच लेना कभी-कभी फील्डर के लिए मुश्किल हो सकता है क्योंकि यह एक ब्लाइंड स्पॉट बन जाता है। हालांकि, साहिल पारख ने जो शॉट खेला, उसमें गेंद सूर्यवंशी के पास अच्छी ऊंचाई पर आई थी।'
उन्होंने आगे जोड़ा, 'सूर्यवंशी ने उस कैच को लेने के लिए सही पोज़ीशन में आकर अच्छा काम किया, लेकिन वह इसे पूरा नहीं कर सके। उन्हें कूदने की कोई जरूरत नहीं थी — बस कमर के पास लेना था, पर वह चूक गए। वैभव बल्ले से वाकई टैलेंटेड हैं, इसमें कोई शक नहीं, पर फील्डिंग के लिहाज से वह अभी तैयार नहीं हैं।'
बल्लेबाजी में चमके सूर्यवंशी
हार के बावजूद वैभव सूर्यवंशी ने बल्लेबाजी में अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाया। उन्होंने 21 गेंदों में 5 चौके और 3 छक्कों की मदद से 46 रन जड़े। आईपीएल 2025 सीज़न में अब तक 12 मुकाबलों में उनका कुल स्कोर 486 रन है और स्ट्राइक रेट 234 रहा है — जो उन्हें लीग के सबसे विस्फोटक युवा बल्लेबाज़ों में शुमार करता है।
विशेषज्ञ क्या कहते हैं
गौरतलब है कि मोहम्मद कैफ खुद अपने समय के भारत के सर्वश्रेष्ठ फील्डरों में गिने जाते थे, इसलिए उनकी राय को क्रिकेट जगत में विशेष महत्व दिया जाता है। उनका यह बयान ऐसे समय में आया है जब वैभव को लेकर भारतीय चयनकर्ताओं की नज़रें पहले से ही टिकी हुई हैं। आलोचकों का कहना है कि इतनी कम उम्र में इस स्तर की बल्लेबाजी करना असाधारण है, लेकिन अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में फील्डिंग एक गैर-मोलतोल वाली ज़रूरत है।
आगे क्या
यह देखना दिलचस्प होगा कि वैभव सूर्यवंशी आईपीएल के शेष मुकाबलों में फील्डिंग के मोर्चे पर कैसा प्रदर्शन करते हैं। यदि वे इस कमज़ोरी को दूर करने में सफल रहे, तो भारतीय टीम में उनकी दावेदारी और मज़बूत हो सकती है।