अमित शाह का मुंबई दौरा 13-14 सितंबर: एशियाटिक सोसाइटी और छठे राजभाषा सम्मेलन में होंगे शामिल
सारांश
मुख्य बातें
गृह मंत्री अमित शाह 13 और 14 सितंबर को मुंबई के दो दिवसीय दौरे पर जाएंगे, जिसमें वे एशियाटिक सोसाइटी की ऐतिहासिक धरोहरों का अवलोकन करेंगे और नवी मुंबई में आयोजित छठे अखिल भारतीय राजभाषा सम्मेलन की अध्यक्षता करेंगे। यह दौरा हिंदी दिवस के अवसर पर हो रहा है और भाषाई विरासत व राजभाषा नीति के प्रति केंद्र सरकार की प्रतिबद्धता को रेखांकित करता है।
एशियाटिक सोसाइटी का दौरा
रविवार, 13 सितंबर को गृह मंत्री शाह मुंबई स्थित एशियाटिक सोसाइटी का दौरा करेंगे, जहाँ वे सोसाइटी की अमूल्य पांडुलिपियों और ऐतिहासिक धरोहरों को देखेंगे। गौरतलब है कि सोसाइटी के चुनाव जुलाई में संपन्न हुए थे, जिसमें भारतीय जनता पार्टी (BJP) के पूर्व राज्यसभा सदस्य डॉ. विनय सहस्रबुद्धे अध्यक्ष निर्वाचित हुए थे। डॉ. सहस्रबुद्धे ने गृह मंत्री को पत्र लिखकर सोसाइटी का दौरा करने का आमंत्रण दिया था, जिसे शाह ने स्वीकार किया।
इस दौरान महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस और उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे भी गृह मंत्री के साथ उपस्थित रहेंगे। एशियाटिक सोसाइटी भारत की सबसे पुरानी और प्रतिष्ठित शैक्षणिक संस्थाओं में से एक है, जो दुर्लभ पांडुलिपियों और ऐतिहासिक दस्तावेज़ों के संरक्षण के लिए जानी जाती है।
छठा अखिल भारतीय राजभाषा सम्मेलन
सोमवार, 14 सितंबर को गृह मंत्री शाह नवी मुंबई के सिडको प्रदर्शनी केंद्र में आयोजित छठे अखिल भारतीय राजभाषा सम्मेलन और हिंदी दिवस समारोह की अध्यक्षता करेंगे। इस राष्ट्रीय सम्मेलन में मुख्य सत्र के साथ-साथ हिंदी से जुड़े विभिन्न विषयों पर कई समानांतर शैक्षिक सत्र भी आयोजित किए जाएंगे।
सम्मेलन के लिए एक लोगो डिज़ाइन प्रतियोगिता भी आयोजित की जा रही है। इस लोगो में राजभाषा, हिंदी दिवस, आज़ादी के अमृत काल की महत्ता और सम्मेलन स्थल मुंबई की पृष्ठभूमि को समाहित करना अनिवार्य है।
गोवा दौरे में दी गई पुलिस को सम्मान की याद
यह ध्यान देने योग्य है कि 7 अगस्त को गृह मंत्री शाह ने पणजी, गोवा में गोवा पुलिस को प्रेसिडेंट्स कलर प्रदान किया था। उस अवसर पर उन्होंने कहा था कि 'आठ दशकों की गौरवशाली सेवा के बाद गोवा पुलिस आज राष्ट्रपति द्वारा दिए गए इस निशान के साथ देश के कई अन्य पुलिस बलों की कतार में खड़ी है।'
शाह ने यह भी कहा था कि 'जिन राज्यों की पुलिस को प्रेसिडेंट्स कलर प्रदान किया गया है, उन्हें उनके गौरवशाली इतिहास, पेशेवर उत्कृष्टता, साहस, अनुशासन और समर्पण के कारण ही यह सम्मान दिया गया है।' उन्होंने गोवा को 'छोटा किंतु अत्यंत महत्वपूर्ण राज्य' बताते हुए गोवा पुलिस की सुरक्षित शहर, सुरक्षित समुदाय और सुरक्षित समुद्री सीमा बनाए रखने में भूमिका को सराहा था।
आगे क्या होगा
मुंबई दौरे के बाद गृह मंत्री के कार्यालय से किसी अतिरिक्त कार्यक्रम की आधिकारिक पुष्टि अभी नहीं हुई है। राजभाषा सम्मेलन में लिए गए निर्णय और घोषणाएँ हिंदी को सरकारी कामकाज में और अधिक सशक्त बनाने की दिशा में नई नीतिगत रूपरेखा तय कर सकती हैं।