क्या बीसीए के अधीन आया राजगीर अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम? राकेश तिवारी ने बिहार सरकार को धन्यवाद कहा

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क्या बीसीए के अधीन आया राजगीर अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम? राकेश तिवारी ने बिहार सरकार को धन्यवाद कहा

सारांश

राजगीर अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम को बीसीए के अधीन लाने के निर्णय ने बिहार क्रिकेट के भविष्य को उज्जवल बना दिया है। राकेश तिवारी की इस ऐतिहासिक घोषणा ने खिलाड़ियों के लिए नए अवसरों का द्वार खोला है। जानिए इस निर्णय के पीछे की कहानी और इसके महत्व के बारे में।

मुख्य बातें

राजगीर क्रिकेट स्टेडियम का बीसीए के अधीन आना एक महत्वपूर्ण निर्णय है।
यह निर्णय खिलाड़ियों के लिए नए अवसर उत्पन्न करेगा।
बिहार क्रिकेट का बुनियादी ढांचा मजबूत होगा।
मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की दूरदर्शिता को मान्यता मिली है।
यह फैसला बिहार क्रिकेट के इतिहास में स्वर्णिम अध्याय के रूप में दर्ज होगा।

पटना, 2 सितंबर (राष्ट्र प्रेस)। बिहार क्रिकेट एसोसिएशन (बीसीए) के अध्यक्ष राकेश कुमार तिवारी ने राजगीर क्रिकेट स्टेडियम को बिहार क्रिकेट बोर्ड के अंतर्गत लाने के लिए बिहार सरकार का विशेष आभार व्यक्त किया है। उन्होंने इस दिन को प्रदेश के क्रिकेट के लिए ऐतिहासिक बताया।

उन्होंने कहा कि राजगीर में निर्माणाधीन क्रिकेट स्टेडियम के रखरखाव और संचालन का जिम्मा बिहार क्रिकेट एसोसिएशन को सौंपने के लिए सैद्धांतिक मंजूरी मिलने से राज्य में क्रिकेट की एक नई पहचान बनेगी।

हालांकि, आधिकारिक हस्तांतरण अभी नहीं हुआ है, लेकिन बिहार सरकार ने यह महत्वपूर्ण नीतिगत निर्णय लिया है कि राजगीर अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम जल्द ही बिहार क्रिकेट एसोसिएशन के नियंत्रण में आ जाएगा।

संबंधित अधिकारियों को आने वाले महीनों में आवश्यक औपचारिकताएं पूरी करने के निर्देश दिए गए हैं, जिससे बीसीए को स्टेडियम के रखरखाव और क्रिकेट गतिविधियों का प्रभार संभालने का रास्ता साफ हो सके।

राकेश तिवारी ने कहा, "पटना के मोइन-उल-हक स्टेडियम के लिए एक समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर हो चुका है, लेकिन राजगीर अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम की जिम्मेदारी बीसीए को सौंपे जाने से हमारे खिलाड़ियों के लिए अभूतपूर्व अवसर उत्पन्न होंगे। उन्हें एक आधुनिक, पूरी तरह से सुसज्जित स्टेडियम में अभ्यास करने और खेलने का मौका मिलेगा। इससे बिहार क्रिकेट का बुनियादी ढांचा भी मजबूत होगा।"

उन्होंने कहा, "यह निर्णय मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की दूरदर्शिता और खेलों के प्रति उनकी संवेदनशील दृष्टिकोण का परिणाम है। इससे बिहार के खिलाड़ियों को अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर अपने कौशल को निखारने का अवसर मिलेगा और वे राष्ट्रीय व अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर बेहतर प्रदर्शन कर पाएंगे।"

राकेश तिवारी ने कहा कि यह फैसला प्रदेश के क्रिकेट इतिहास में एक स्वर्णिम अध्याय की तरह है। इस फैसले से बिहार क्रिकेट नई ऊंचाइयों तक पहुंचेगा।

बीसीए अध्यक्ष ने प्रदेश के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार और उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी तथा खेल विभाग का विशेष आभार व्यक्त किया।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

राजगीर अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम का बीसीए के अधीन आना क्यों महत्वपूर्ण है?
यह निर्णय बिहार क्रिकेट के लिए एक नई पहचान बनाने में सहायक होगा और खिलाड़ियों को उच्चतम स्तर की सुविधाएं प्रदान करेगा।
क्या यह स्टेडियम पूरी तरह से तैयार है?
स्टेडियम अभी निर्माणाधीन है और इसके रखरखाव के लिए बीसीए को जिम्मेदारी सौंपने की प्रक्रिया चल रही है।
राकेश तिवारी ने किस लिए धन्यवाद व्यक्त किया?
उन्होंने बिहार सरकार का धन्यवाद किया है कि राजगीर क्रिकेट स्टेडियम को बीसीए के अंतर्गत लाने के लिए विशेष आभार जताया है।
राष्ट्र प्रेस
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