क्या दुनिया में दौड़ेगी 'मेड इन इंडिया' ईवी? पीएम मोदी बोले- भारत 'मेक फॉर द वर्ल्ड' की ओर बढ़ रहा है

सारांश
Key Takeaways
- भारत अब 'मेक फॉर द वर्ल्ड' की दिशा में तेजी से बढ़ रहा है।
- ईवी निर्माण के लिए बैटरी का स्थानीयकरण आवश्यक है।
- सुजुकी का 'ई-विटारा' भारत की तकनीकी क्षमता का प्रतीक है।
- 2047 तक भारत को विकसित राष्ट्र बनाने का लक्ष्य है।
- राज्यों को रिफॉर्म और विकास की दिशा में आगे बढ़ना चाहिए।
अहमदाबाद, 26 अगस्त (राष्ट्र प्रेस)। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मंगलवार को अहमदाबाद के हंसलपुर में सुजुकी के पहले वैश्विक रणनीतिक बैटरी इलेक्ट्रिक वाहन (बीईवी) 'ई-विटारा' का उद्घाटन किया। इस अवसर पर पीएम मोदी ने कहा कि अब दुनिया के कई देशों में चलने वाली ईवी पर 'मेड इन इंडिया' लिखा होगा।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने यह भी बताया कि भारत अब वैश्विक स्तर पर 'मेक फॉर द वर्ल्ड' के लक्ष्य की ओर तेजी से बढ़ रहा है। उन्होंने बताया कि अब भारत में निर्मित इलेक्ट्रिक व्हीकल्स (ईवी) को 100 से अधिक देशों में निर्यात किया जाएगा। इसके साथ ही, देश में हाइब्रिड बैटरी इलेक्ट्रोड मैन्युफैक्चरिंग का कार्य भी शुरू हो गया है।
पीएम मोदी ने यह भी याद दिलाया कि भारत की सफलता की कहानी के बीज लगभग 13 वर्ष पूर्व बोए गए थे। 2012 में जब वे गुजरात के मुख्यमंत्री थे, तब उन्होंने मारुति सुज़ुकी को हंसलपुर में जमीन आवंटित की थी। उन्होंने कहा, "उस समय का विजन आत्मनिर्भर भारत और मेक इन इंडिया का था। हमारे पूर्व के प्रयास आज देश के संकल्पों को पूरा करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं।"
प्रधानमंत्री ने कहा, "इलेक्ट्रिक वाहनों के इकोसिस्टम में बैटरी सबसे महत्वपूर्ण घटक है। कुछ वर्ष पूर्व तक भारत पूरी तरह से बैटरी आयात पर निर्भर था। इलेक्ट्रिक वाहन निर्माण को मजबूत करने के लिए भारत में बैटरी उत्पादन शुरू करना आवश्यक था। इसी दृष्टिकोण के साथ हमने 2017 में टीडीएसजी बैटरी प्लांट की नींव रखी। इस कारखाने में, तीन जापानी कंपनियां मिलकर बैटरी सेल का निर्माण करेंगी। यह स्थानीयकरण हमारे आत्मनिर्भर भारत के दृष्टिकोण को नई ताकत देगा।"
पीएम मोदी ने सभी राज्यों से आग्रह किया कि वे इस अवसर का पूरा लाभ उठाएं। उन्होंने कहा, "मैं सभी राज्यों को निमंत्रण देता हूं। आइए, रिफॉर्म की स्पर्धा करें, प्रो-डेवलपमेंट पॉलिसी की स्पर्धा करें, गुड गवर्नेंस की स्पर्धा करें।" इस दौरान पीएम नरेंद्र मोदी ने कहा कि देश का लक्ष्य है कि 2047 तक भारत एक विकसित राष्ट्र बने।