क्या 'जयचंदों' के कारण भाजपा ने महाराष्ट्र निकाय चुनाव जीता? संजय राउत और शाइना एनसी की बहस
सारांश
Key Takeaways
- भाजपा-शिवसेना का महायुति गठबंधन ने 20 से अधिक नगर निगमों में जीत हासिल की।
- संजय राउत ने भाजपा की जीत को 'जयचंदों' से जोड़ा।
- शिवसेना नेता शाइना एनसी ने काम को जीत का कारण बताया।
- महत्वपूर्ण नतीजे मुंबई में भी देखने को मिले हैं।
- एकनाथ शिंदे की लोकप्रियता बढ़ी है।
मुंबई, 17 जनवरी (राष्ट्र प्रेस)। महाराष्ट्र के निकाय चुनावों में विपक्ष की कड़ी हार के बाद शिवसेना (यूबीटी) के नेता संजय राउत ने आरोप लगाया है कि कुछ 'जयचंदों' के कारण भारतीय जनता पार्टी को जीत मिली है। दूसरी ओर, शिवसेना (शिंदे) की प्रवक्ता शाइना एनसी ने जवाब देते हुए कहा कि महायुति ने जमीन पर काम किया और इसी वजह से जीत हासिल की है।
बृहन्मुंबई महानगरपालिका (बीएमसी) सहित महाराष्ट्र के 29 नगर निगमों में भाजपा-शिवसेना के महायुति गठबंधन ने शानदार प्रदर्शन करते हुए 20 से अधिक निगमों पर नियंत्रण प्राप्त किया है। देश के सबसे धनी नगर निगम मुंबई में भी भाजपा को जीत मिली है।
चुनाव नतीजों पर शिवसेना (यूबीटी) के सांसद संजय राउत ने समाचार एजेंसी राष्ट्र प्रेस से बातचीत में कहा, "अगर जयचंद नहीं होते, तो भारतीय जनता पार्टी की 100 पीढ़ियां भी मुंबई में मेयर की सीट नहीं जीत पातीं।"
उन्होंने कहा, "पूरे महाराष्ट्र के नतीजे आ गए हैं, लेकिन हमने मुंबई पर सबसे अधिक ध्यान दिया था। भारतीय जनता पार्टी ने हमसे ज्यादा सीटें जीती हैं, इसलिए उनका उम्मीदवार मेयर बनेगा। हालांकि, हमारी पार्टी में जिन्होंने जयचंद जैसा काम किया, उससे भाजपा को फायदा हुआ।"
सांसद संजय राउत ने यह भी कहा कि हमारी ताकत सदन में लगभग बराबरी की है। विपक्ष के पास 105 पार्षद हैं।
संजय राउत के बयान पर शिवसेना नेता शाइना एनसी ने कहा, "संजय राउत को नजरअंदाज करना बेहतर है। हमारे नेता (एकनाथ शिंदे) एक समर्पित आम आदमी के डिप्टी सीएम हैं। उन्होंने हमेशा काम में विश्वास किया है। बातें नहीं, काम बोलता है। जिस तरह से वह जमीन पर काम करते हैं, वही आज महायुति की जीत का कारण है।"
एकनाथ शिंदे की प्रशंसा करते हुए शाइना एनसी ने कहा कि हम अभिनंदन करना चाहते हैं एक ऐसे नेता को, जो शाखा प्रमुख से लेकर मुख्यमंत्री तक बने, लेकिन उन्होंने कभी नहीं भूला कि वह एक कार्यकर्ता हैं और एक सामान्य इंसान हैं, लेकिन उनका दिल पूरे महाराष्ट्र के लिए धड़कता है।