क्या छत्रपति संभाजीनगर में एनसीपी उम्मीदवार के कार्यालय में आग लगना विपक्षी साजिश है?
सारांश
Key Takeaways
- आगजनी की घटना ने चुनावी माहौल में तनाव बढ़ा दिया है।
- सीसीटीवी फुटेज घटना को कैद कर चुकी है।
- पुलिस मामले की गहन जांच कर रही है।
- अभिजीत देशमुख ने इसे विपक्ष की साजिश बताया है।
- सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल उठाए जा रहे हैं।
मुंबई, 7 जनवरी (राष्ट्र प्रेस)। छत्रपति संभाजीनगर में नगर निगम चुनाव के दौरान तनाव की स्थिति उत्पन्न हो गई, जब राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी के उम्मीदवार के कार्यालय में मंगलवार की रात आग लगने की घटना घटी। यह घटना शहर के कैलाश नगर क्षेत्र में हुई, जहां प्रभाग क्रमांक 16 से चुनाव लड़ रहे एनसीपी उम्मीदवार मयूर सोनवणे के चुनाव कार्यालय को एक अज्ञात युवक ने आग के हवाले कर दिया। पूरा मामला पास के सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गया है।
सीसीटीवी फुटेज में स्पष्ट रूप से देखा जा सकता है कि एक युवक रात के अंधेरे में कार्यालय के पास पहुँचता है, कुछ पल में आग लगाता है और फिर वहां से भाग जाता है। इस घटना के बाद इलाके में हलचल मच गई और चुनावी माहौल में सुरक्षा को लेकर सवाल उठने लगे हैं।
आगजनी की सूचना मिलते ही पुलिस ने तुरंत घटनास्थल पर पहुंचकर जांच शुरू की और आग से हुए नुकसान का आकलन किया। पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज के आधार पर आरोपी की पहचान करने के लिए कार्यवाही शुरू कर दी है। हालांकि, आगजनी के कारणों का अभी तक पता नहीं चल पाया है, लेकिन पुलिस सभी पहलुओं से मामले की जांच कर रही है।
इस घटना के बाद एनसीपी के जिला अध्यक्ष अभिजीत देशमुख भी घटनास्थल पर पहुंचे। उन्होंने इस घटना को लेकर कड़ा बयान दिया और आरोप लगाया कि यह हमला एक राजनीतिक साजिश का हिस्सा हो सकता है। उनका कहना है कि पार्टी शहर में विकास के मुद्दों पर जनता के बीच जा रही है, जिससे विरोधी दल चिंतित हैं।
अभिजीत देशमुख ने कहा, "इस घटना की सीसीटीवी फुटेज मिल गई है और पुलिस उसे अपने साथ ले गई है। विरोधियों के पैरों के नीचे से जमीन खिसक गई है। हमारी राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी का शहरभर में कार्य अच्छा चल रहा है। हम विकास के मुद्दों पर चुनाव लड़ रहे हैं और इसी कारण किसी विपक्षी ने यह कार्य किया है।"