क्या छत्तीसगढ़ में बीयर की बोतलों में छिपाए गए 16 आईईडी और 100 किलोग्राम विस्फोटक बरामद हुए?

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क्या छत्तीसगढ़ में बीयर की बोतलों में छिपाए गए 16 आईईडी और 100 किलोग्राम विस्फोटक बरामद हुए?

सारांश

छत्तीसगढ़ के बीजापुर में सुरक्षा बलों ने एक बड़ी सफलता हासिल की है, जहां बीयर की बोतलों में छिपाए गए 16 आईईडी और 100 किलोग्राम विस्फोटक बरामद किए गए। इस अभियान ने माओवादी नेटवर्क को भारी क्षति पहुँचाई है, और सुरक्षा बलों द्वारा क्षेत्र में निरंतर निगरानी जारी रहेगी।

मुख्य बातें

सुरक्षा बलों ने बड़ी मात्रा में विस्फोटक बरामद किए।
माओवादी गतिविधियों को रोकने के लिए सक्रिय अभियान जारी हैं।
बीयर की बोतलों में छिपाए गए आईईडी का पता लगाया गया।
सुरक्षा बलों की सजगता ने माओवादी नेटवर्क को नुकसान पहुँचाया।
स्थानीय समुदायों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए प्रयास जारी हैं।

रायपुर/बीजापुर, 24 जनवरी (राष्ट्र प्रेस)। छत्तीसगढ़ के बीजापुर जिले में वामपंथी उग्रवाद से निपटने में लगे सुरक्षा बलों को शनिवार को एक महत्वपूर्ण सफलता प्राप्त हुई।

सुरक्षा बलों ने घने जंगलों में छिपाए गए एक बड़ी मात्रा में तात्कालिक विस्फोटक उपकरण (आईईडी) और माओवादी सामग्रियों का पता लगाया।

यह घटना बांदेपारा और नीलमदगु गांवों के बीच स्थित दुर्गम क्षेत्र में हुई, जो मद्देड पुलिस स्टेशन के क्षेत्राधिकार में आता है।

विशिष्ट खुफिया सूचनाओं के आधार पर, बीजापुर के जिला रिजर्व गार्ड (डीआरजी) के कर्मियों, मड्डेद पुलिस स्टेशन के अधिकारियों और केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) की 22वीं बटालियन के सदस्यों की टीमों ने वन क्षेत्र में गहन तलाशी अभियान आयोजित किया।

तलाशी के दौरान संयुक्त टीमों ने बांदेपारा-नीलमदगु मार्ग और उसके आस-पास के जंगल में छिपाए गए 16 प्रेशर आईईडी का पता लगाया।

इन उपकरणों को माओवादी कार्यकर्ताओं ने बीयर की बोतलों में छिपाया था, जिससे गश्त कर रहे सुरक्षाकर्मियों और स्थानीय नागरिकों को गंभीर खतरा था। अधिकारियों ने बताया कि बम निरोधक दस्ते ने मानक सुरक्षा प्रोटोकॉल का सख्ती से पालन करते हुए सभी 16 आईईडी को मौके पर ही निष्क्रिय कर दिया, जिससे किसी भी संभावित विस्फोट को रोका जा सका।

इस अभियान ने और भी महत्वपूर्ण परिणाम दिए, जब संयुक्त टीम ने उसी वन क्षेत्र में कई भूमिगत स्थानों पर स्टील के कंटेनरों और प्लास्टिक की बाल्टियों में दफनाए गए माओवादियों के एक बड़े भंडार का पता लगाया।

बरामद की गई सामग्री में भारी मात्रा में विस्फोटक और रसद सामग्री शामिल थी, जिसका उद्देश्य क्षेत्र में विद्रोही गतिविधियों को जारी रखना था।

सुरक्षाकर्मियों ने लगभग 100 किलोग्राम वजन की 784 जिलेटिन स्टिक, कॉर्डेक्स तार के तीन बंडल, लगभग 350 मीटर काली वर्दी का कपड़ा, एक किलोग्राम बारूद, साथ ही चार वॉकी-टॉकी चार्जर, चार बैटरी और दो मोबाइल फोन चार्जर जैसे विभिन्न संचार उपकरण बरामद किए।

इसके अतिरिक्त, पुलिस अधिकारियों ने बताया कि तलाशी अभियान के दौरान माओवादी साहित्य, अतिरिक्त वर्दी, बैग और तेल, साबुन और भंडारण कंटेनर जैसी रोजमर्रा की वस्तुएं भी बरामद की गईं।

इस बरामदगी से बस्तर क्षेत्र में माओवादी नेटवर्क को बाधित करने के लिए सुरक्षा बलों के निरंतर प्रयासों का पता चलता है, जो खुफिया जानकारी पर आधारित अभियानों के माध्यम से किए जा रहे हैं।

इन घातक आईईडी को निष्क्रिय करके और विद्रोहियों को महत्वपूर्ण आपूर्ति से वंचित करके, इस अभियान ने बीजापुर जिले में उनकी परिचालन क्षमताओं को महत्वपूर्ण झटका दिया है।

अधिकारियों ने कहा कि क्षेत्र में माओवादी गतिविधियों की निगरानी गहनता से जारी है, और शांति बहाल करने और नक्सली हिंसा के निरंतर खतरे से स्थानीय समुदायों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए इसी तरह के सक्रिय अभियान जारी रहेंगे।

संपादकीय दृष्टिकोण

बल्कि यह भी बताती है कि सुरक्षा बलों की सजगता और सक्रियता किस प्रकार से माओवादी गतिविधियों को नियंत्रित कर रही है। सरकार और सुरक्षा बलों के प्रयासों को इस दिशा में जारी रखना आवश्यक है।
RashtraPress
13 मई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

बीजापुर में क्या हुआ?
बीजापुर में सुरक्षा बलों ने 16 आईईडी और 100 किलोग्राम विस्फोटक बरामद किए।
ये आईईडी किसमें छिपाए गए थे?
इन आईईडी को बीयर की बोतलों में छिपाया गया था।
सुरक्षा बलों ने क्या कार्रवाई की?
सुरक्षा बलों ने सभी आईईडी को निष्क्रिय कर दिया और माओवादी सामग्री को बरामद किया।
इस अभियान का महत्व क्या है?
इस अभियान ने माओवादी नेटवर्क को गंभीर नुकसान पहुँचाया है और क्षेत्र में सुरक्षा बढ़ाई है।
क्या भविष्य में इसी तरह के अभियान होंगे?
हाँ, सुरक्षा बलों ने क्षेत्र में माओवादी गतिविधियों की निगरानी जारी रखने का आश्वासन दिया है।
राष्ट्र प्रेस