बीजिंग में विदेशियों के लिए 12345 हॉटलाइन और सानलीथुन स्वयंसेवा स्टेशन, 500 से अधिक वॉलंटियर तैनात
सारांश
मुख्य बातें
चीन की राजधानी बीजिंग में 12345 सरकारी सेवा हॉटलाइन नागरिकों और विदेशी निवासियों की शिकायतों व जिज्ञासाओं पर तत्काल प्रतिक्रिया देती है। 3 अक्टूबर 2026 को उपलब्ध जानकारी के अनुसार, यह सेवा विशेष रूप से उन विदेशी नागरिकों के लिए सहायक सिद्ध हो रही है जो बीजिंग में जीवन की दैनिक चुनौतियों से जूझते हैं।
सानलीथुन: अंतर्राष्ट्रीय हब में स्वयंसेवा केंद्र
बीजिंग के छाओयांग जिले में स्थित सानलीथुन क्षेत्र को शहर के प्रमुख अंतर्राष्ट्रीय केंद्र के रूप में जाना जाता है, जहाँ 10,000 से अधिक विदेशी नागरिक निवास करते हैं। इस विविधता को ध्यान में रखते हुए इस इलाके में एक विशेष स्वयंसेवा स्टेशन स्थापित किया गया है, जो यहाँ रहने वाले विदेशियों को उनकी दैनिक ज़रूरतों में सहायता प्रदान करता है।
स्वयंसेवकों की भूमिका और सेवाएँ
सानलीथुन अंतर्राष्ट्रीय स्वयंसेवक सेवा दल के प्रमुख युआन छ्येनमिंग ने बताया कि स्वयंसेवक मुख्य रूप से विदेशियों को भुगतान प्रक्रिया, परिवहन, मोबाइल ऐप के इस्तेमाल, मनोरंजन के सुझाव और बीजिंग में खाने-पीने के स्थानों की जानकारी देने में मदद करते हैं। उन्होंने कहा कि ये वही विषय हैं जिनके बारे में विदेशी नागरिक सबसे अधिक पूछताछ करते हैं।
इस स्टेशन के स्वयंसेवकों ने 19 सामान्य परिस्थितियों और 180 से अधिक प्रचलित प्रश्नों का विश्लेषण किया है, जो विदेशी नागरिकों द्वारा बार-बार पूछे जाते हैं। इस तैयारी से स्वयंसेवक तुरंत और सटीक जानकारी देने में सक्षम हो पाते हैं।
विदेशी स्वयंसेवकों की भागीदारी
बताया जाता है कि यह अपेक्षाकृत छोटा केंद्र अब 500 से अधिक स्वयंसेवकों का आधार बन चुका है, जिनमें से एक-तिहाई स्वयं विदेशी नागरिक हैं। विदेशी स्वयंसेवक अजफर मुमताज जतोई ने कहा कि बीजिंग स्वयंसेवक का प्रतीक चिन्ह एक ऑरेंज हट है, जो इस बात का संकेत देता है कि चीन अंतर्राष्ट्रीय समुदाय के लिए अपने दरवाज़े खोल रहा है।
व्यापक संदर्भ
यह पहल ऐसे समय में आई है जब चीन विदेशी पर्यटकों और व्यापारियों को आकर्षित करने के लिए वीज़ा नियमों में ढील दे रहा है और अपनी अंतर्राष्ट्रीय सेवाओं को सुदृढ़ करने की दिशा में कई कदम उठा रहा है। गौरतलब है कि बीजिंग में इस तरह के स्वयंसेवक-आधारित सहायता केंद्र विदेशी नागरिकों के लिए भाषा और सांस्कृतिक बाधाओं को पाटने में महत्त्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं।
आने वाले समय में इस मॉडल को बीजिंग के अन्य अंतर्राष्ट्रीय क्षेत्रों में भी विस्तारित किए जाने की संभावना जताई जा रही है।