27 जून 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

क्या बिहार को विकसित राज्य बनाने में चिराग पासवान का प्रयास सफल होगा?

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
क्या बिहार को विकसित राज्य बनाने में चिराग पासवान का प्रयास सफल होगा?

सारांश

चिराग पासवान ने बिहार के विकास के लिए अपनी प्रतिबद्धता दोहराई है। उन्होंने कहा है कि जब तक बिहार विकसित राज्य नहीं बनता, वे चैन से नहीं बैठेंगे। उनकी सोच 'बिहार फर्स्ट और बिहारी फर्स्ट' के मूल सिद्धांत पर आधारित है। क्या उनका यह प्रयास सफल होगा?

मुख्य बातें

बिहार का विकास सबसे महत्वपूर्ण है।
चिराग पासवान की सोच 'बिहार फर्स्ट, बिहारी फर्स्ट' है।
युवाओं के लिए शिक्षा और रोजगार के अवसरों का निर्माण।
राजनीतिक जवाबदेही का समय आ गया है।
चुनावों में भागीदारी का महत्व।

पटना, 26 जुलाई (राष्ट्र प्रेस)। केंद्रीय मंत्री और लोजपा (रामविलास) के प्रमुख चिराग पासवान ने कहा कि आज के लोग अपने प्रदेश में ही प्रवासी कहलाते हैं। हमारी प्राथमिकता है कि बिहार को एक विकसित राज्य बनाना है। जब तक बिहार विकसित राज्य नहीं बनता, हम चैन से नहीं बैठेंगे।

चिराग पासवान ने नव संकल्प महासभा के अंतर्गत गयाजी स्थित गांधी मैदान में एक बड़ी जनसभा को संबोधित करते हुए कहा कि आज़ादी के 75 वर्षों के बाद भी हमारा बिहार अन्य प्रदेशों की तरह विकसित नहीं हो पाया है। अब उन लोगों की जवाबदेही तय करने का वक्त आ गया है, जिनकी वजह से बिहार पिछड़ गया है।

उन्होंने कहा कि हम 'बिहार फर्स्ट और बिहारी फर्स्ट' की सोच के साथ आगे बढ़ रहे हैं, ताकि बिहार में ऐसी व्यवस्था स्थापित हो जहां युवाओं को बेहतर शिक्षा और रोजगार के अवसर मिल सकें।

उन्होंने स्पष्ट कहा कि जो लोग मुझे समाप्त करने की साजिश रचते हैं, मैं उनसे न तो डरूंगा और न झुकूंगा। जब तक मैं जिंदा हूं, संविधान को कोई खतरा नहीं है।

केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान ने पलायन को लेकर विपक्ष पर हमला करते हुए कहा कि पूछिए इन लोगों से, इतना लंबा समय मिला तो बिहार के लिए उन्होंने क्या किया? पलायन के लिए कौन जिम्मेदार है?

उन्होंने कहा कि यह चुनावी वर्ष है, क्योंकि कुछ ही महीने बाद चुनाव होने वाले हैं। बिहार के हर परिवार के लिए यह महत्वपूर्ण है, आने वाले पांच वर्ष हमारे भविष्य को तय करेंगे।

राजद पर हमला बोलते हुए उन्होंने कहा कि 15 वर्षों तक बिहार के लोगों ने मौका दिया, और उन्होंने हमें जाति पार्टी में बांटकर अपनी रोटी सेंकने का काम किया, जिसे 'एम-वाई' समीकरण के नाम से जाना जाता है।

उन्होंने कहा, "हमारी पार्टी का एक ही उद्देश्य है: बिहार फर्स्ट, बिहारी फर्स्ट। इस लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए हमें आपकी मदद की आवश्यकता है। आने वाला पांच साल बिहार के लिए बहुत महत्वपूर्ण होगा।"

केंद्रीय मंत्री ने आगे कहा कि हमें कमजोर करने के लिए कई उपाय किए गए। इसके बावजूद न तो मैं टूटा और न ही डरता हूं। साजिश करने वालों से मैं कहना चाहता हूं कि चिराग पासवान शेर का बेटा है, न टूटने वाला है और न झुकने वाला है।

संपादकीय दृष्टिकोण

बिहारी फर्स्ट' के सिद्धांत पर काम कर पाएंगे।
RashtraPress
27 जून 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

चिराग पासवान का बिहार के विकास पर क्या दृष्टिकोण है?
चिराग पासवान का मानना है कि बिहार को एक विकसित राज्य बनाने के लिए ठोस कदम उठाने की आवश्यकता है। वे 'बिहार फर्स्ट, बिहारी फर्स्ट' की सोच के साथ आगे बढ़ रहे हैं।
क्या चिराग पासवान बिहार के लोगों के लिए रोजगार के अवसर बढ़ा पाएंगे?
चिराग पासवान ने कहा है कि उनकी प्राथमिकता बिहार में युवाओं को बेहतर शिक्षा और रोजगार के अवसर प्रदान करना है।
चुनावों में चिराग पासवान की रणनीति क्या होगी?
चिराग पासवान ने कहा है कि यह चुनावी वर्ष महत्वपूर्ण है और बिहार के हर परिवार के लिए यह भविष्य तय करेगा।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 3 महीने पहले
  2. 7 महीने पहले
  3. 8 महीने पहले
  4. 10 महीने पहले
  5. 11 महीने पहले
  6. 11 महीने पहले
  7. 11 महीने पहले
  8. 1 साल पहले