दिल्ली में डबल डेकर फ्लाईओवर और मेट्रो विस्तार से बढ़ेगी यातायात सुगमता: मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता
सारांश
Key Takeaways
- दिल्ली मेट्रो नेटवर्क का विस्तार
- यातायात जाम में कमी
- प्रदूषण स्तर में गिरावट
- नियमित निगरानी और समय पर पूरा करने का निर्देश
- सड़क और मेट्रो नेटवर्क का समन्वय
नई दिल्ली, 12 अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने दिल्ली मेट्रो और उससे संबंधित सड़क एवं फ्लाईओवर परियोजनाओं की गहन समीक्षा की। उन्होंने कहा कि सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था का आधुनिक और कुशल निर्माण सरकार की प्रमुख प्राथमिकता है।
दिल्ली सचिवालय में आयोजित बैठक में उन्होंने कहा कि राजधानी में यातायात जाम को कम करने, यात्रा को सुगम बनाने और प्रदूषण के स्तर को घटाने पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है।
इस बैठक में दिल्ली मेट्रो रेल निगम के प्रबंध निदेशक सहित कई वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।
मुख्यमंत्री ने कहा कि कई परियोजनाएं निरंतर प्रगति कर रही हैं, और कुछ कार्यों में आ रही बाधाओं का समाधान किया जा रहा है।
बैठक में दिल्ली की परिवहन व्यवस्था में सुधार और प्रदूषण नियंत्रण के लिए समन्वय पर जोर दिया गया।
अधिकारियों ने बताया कि दिल्ली मेट्रो नेटवर्क वर्तमान में 416 किलोमीटर लंबा है, जिसमें 12 लाइनों पर 303 स्टेशन और 32 इंटरचेंज स्टेशन शामिल हैं। इसके अतिरिक्त, 104.45 किलोमीटर लंबा 81 स्टेशनों वाला नेटवर्क निर्माणाधीन है। चौथे चरण के प्राथमिकता वाले कॉरिडोर पर काम में तेजी आई है, जिसमें कुल भौतिक प्रगति 79.57 प्रतिशत और वित्तीय प्रगति 80.60 प्रतिशत है।
गुप्ता ने जानकारी दी कि मजलिस पार्क से मौजपुर, दीपाली चौक से मजलिस पार्क और जनकपुरी पश्चिम से कृष्णा पार्क एक्सटेंशन जैसे प्रमुख खंड पहले ही चालू हो चुके हैं।
उन्होंने कहा कि कृष्णा पार्क एक्सटेंशन से दीपाली चौक (लगभग 6.6 किमी), मजलिस पार्क से डेरावल नगर (3.5 किमी), डेरावल नगर से आरके आश्रम (7.4 किमी), तुगलकाबाद से संगम विहार (6.3 किमी), संगम विहार से साकेत जी ब्लॉक (4.3 किमी) और साकेत जी ब्लॉक से एयरोसिटी (12.6 किमी) सहित कई प्रमुख कॉरिडोर दिसंबर 2026 तक पूरे करने का लक्ष्य रखा गया है। इन कॉरिडोर से शहर के विभिन्न हिस्सों में कनेक्टिविटी में उल्लेखनीय सुधार की उम्मीद है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि दिल्ली मेट्रो और इसके एकीकृत सड़क नेटवर्क के विस्तार से शहर की परिवहन व्यवस्था मजबूत होगी, जिससे आवागमन तेज और सुविधाजनक होगा और भीड़भाड़ तथा प्रदूषण में काफी कमी आएगी। उन्होंने अधिकारियों को सभी परियोजनाओं की नियमित निगरानी और समय पर पूरा करने का निर्देश दिया।