सीएम रेखा गुप्ता: डबल डेकर फ्लाईओवर और मेट्रो के विस्तार से यातायात में सुधार होगा
सारांश
Key Takeaways
- दिल्ली मेट्रो का नेटवर्क 416 किलोमीटर लंबा है।
- ड्रॉइंग में 104.45 किलोमीटर नया नेटवर्क निर्माणाधीन है।
- मुख्यमंत्री ने प्रमुख कॉरिडोर दिसंबर 2026 तक पूरा करने का लक्ष्य रखा है।
- यातायात जाम कम करने और प्रदूषण घटाने पर ध्यान केंद्रित किया जा रहा है।
- परियोजनाओं की नियमित निगरानी का निर्देश दिया गया है।
नई दिल्ली, 12 अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने दिल्ली मेट्रो और उससे संबंधित सड़क एवं फ्लाईओवर परियोजनाओं की पूरी समीक्षा की। उन्होंने यह दोहराया कि आधुनिक और प्रभावशाली सार्वजनिक परिवहन प्रणाली का विकास सरकार की मुख्य प्राथमिकता है।
दिल्ली सचिवालय में आयोजित बैठक की अध्यक्षता करते हुए उन्होंने कहा कि राजधानी में यातायात जाम को कम करने, यात्रा को सुगम बनाने और प्रदूषण स्तर को घटाने पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है।
इस बैठक में दिल्ली मेट्रो रेल निगम के प्रबंध निदेशक समेत अन्य वरिष्ठ अधिकारी भी मौजूद थे।
मुख्यमंत्री ने बताया कि कई परियोजनाएं लगातार प्रगति पर हैं, जबकि कुछ कार्यों में आ रही बाधाओं की पहचान करके उनका समाधान किया जा रहा है।
बैठक में दिल्ली की परिवहन व्यवस्था में सुधार और प्रदूषण नियंत्रण के लिए बेहतर समन्वय पर जोर दिया गया।
अधिकारियों ने जानकारी दी कि वर्तमान में दिल्ली मेट्रो नेटवर्क 416 किलोमीटर लंबा है, जिसमें 12 लाइनों पर 303 स्टेशन और 32 इंटरचेंज स्टेशन शामिल हैं। इसके अलावा, 104.45 किलोमीटर लंबा 81 स्टेशनों वाला नेटवर्क निर्माणाधीन है। चौथे चरण के प्राथमिकता वाले कॉरिडोर पर तेजी से काम चल रहा है, जिसमें कुल भौतिक प्रगति 79.57 प्रतिशत और वित्तीय प्रगति 80.60 प्रतिशत है।
गुप्ता ने कहा कि मजलिस पार्क से मौजपुर, दीपाली चौक से मजलिस पार्क और जनकपुरी पश्चिम से कृष्णा पार्क एक्सटेंशन जैसे प्रमुख खंड पहले से चालू हो चुके हैं।
उन्होंने आगे कहा कि कृष्णा पार्क एक्सटेंशन से दीपाली चौक (लगभग 6.6 किमी), मजलिस पार्क से डेरावल नगर (3.5 किमी), डेरावल नगर से आरके आश्रम (7.4 किमी), तुगलकाबाद से संगम विहार (6.3 किमी), संगम विहार से साकेत जी ब्लॉक (4.3 किमी) और साकेत जी ब्लॉक से एयरोसिटी (12.6 किमी) जैसे कई प्रमुख कॉरिडोर दिसंबर 2026 तक पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। इन कॉरिडोर से शहर के विभिन्न हिस्सों में कनेक्टिविटी में महत्वपूर्ण सुधार होने की उम्मीद है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि दिल्ली मेट्रो और इसके एकीकृत सड़क नेटवर्क के विस्तार से शहर की परिवहन व्यवस्था को मजबूती मिलेगी, जिससे आवागमन तेज और सुविधाजनक होगा तथा भीड़भाड़ और प्रदूषण में काफी कमी आएगी। उन्होंने अधिकारियों को सभी परियोजनाओं की नियमित निगरानी और समय पर पूरा करने का निर्देश दिया।