29 अगस्त 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

डीआरआई मुंबई का बड़ा ऑपरेशन: मीरा रोड में 547 ग्राम कोकीन-मेथाक्वालोन जब्त, केन्याई महिला व नाइजीरियाई नागरिक गिरफ्तार

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
डीआरआई मुंबई का बड़ा ऑपरेशन: मीरा रोड में 547 ग्राम कोकीन-मेथाक्वालोन जब्त, केन्याई महिला व नाइजीरियाई नागरिक गिरफ्तार

सारांश

डीआरआई की मुंबई जोनल यूनिट ने मीरा रोड में इंटेलिजेंस-आधारित ऑपरेशन में 547 ग्राम कोकीन-मेथाक्वालोन जब्त किया। इंदौर से मुंबई आ रही केन्याई महिला और खेप लेने पहुँचे नाइजीरियाई नागरिक को एनडीपीएस एक्ट के तहत गिरफ्तार किया गया। जाँच जारी है।

मुख्य बातें

डीआरआई मुंबई जोनल यूनिट ने 29 अगस्त को मीरा रोड में ऑपरेशन चलाकर अंतरराष्ट्रीय ड्रग नेटवर्क का भंडाफोड़ किया।
जब्त पदार्थ की मात्रा 547 ग्राम ; एडीपीएस फील्ड-टेस्टिंग किट से कोकीन व मेथाक्वालोन होने की पुष्टि।
गिरफ्तार: केन्याई महिला (इंदौर से बस से आई) और नाइजीरियाई नागरिक (खेप लेने पहुँचा)।
दोनों को एनडीपीएस अधिनियम, 1985 के तहत गिरफ्तार किया गया; मामले की जाँच जारी।
डीआरआई ने इस कार्रवाई को 'नशा मुक्त भारत अभियान' से जोड़ा।

राजस्व खुफिया निदेशालय (डीआरआई) की मुंबई जोनल यूनिट ने 29 अगस्त को मीरा रोड में एक सुनियोजित इंटेलिजेंस-आधारित ऑपरेशन में अंतरराष्ट्रीय ड्रग तस्करी नेटवर्क का भंडाफोड़ किया। एजेंसी ने 547 ग्राम कोकीन-मेथाक्वालोन मिश्रित पदार्थ जब्त किया और एक केन्याई महिला तथा एक नाइजीरियाई नागरिक को नारकोटिक ड्रग्स और साइकोट्रोपिक सब्सटेंस (एनडीपीएस) अधिनियम, 1985 के तहत गिरफ्तार किया। यह कार्रवाई ऐसे समय में हुई है जब प्रवर्तन एजेंसियाँ राज्य और अंतरराष्ट्रीय सीमाओं पर सक्रिय ड्रग नेटवर्क के विरुद्ध अपना अभियान तेज कर रही हैं।

मुख्य घटनाक्रम

डीआरआई अधिकारियों को पूर्व सूचना मिली थी कि केन्या की एक महिला बस से इंदौर से मुंबई की ओर आ रही है और वह एक नाइजीरियाई व्यक्ति को नशीले पदार्थों की खेप सौंपने वाली है। इस सूचना के आधार पर अधिकारियों ने मीरा रोड पर दोनों को उस समय रोका जब वे संदिग्ध खेप के हस्तांतरण के लिए एकत्र हुए थे।

केन्याई महिला के बैग की तलाशी में 'एलवी' निशान वाले दो पैकेट मिले, जिनमें सफेद रंग का क्रिस्टलीय पदार्थ था। एडीपीएस फील्ड-टेस्टिंग किट से की गई जाँच में इस पदार्थ में कोकीनमेथाक्वालोन होने की पुष्टि हुई। कुल बरामद मात्रा 547 ग्राम रही।

गिरफ्तारी और कानूनी कार्रवाई

जब्त पदार्थ को सील कर लिया गया और दोनों विदेशी नागरिकों को एनडीपीएस अधिनियम, 1985 के प्रावधानों के अंतर्गत औपचारिक रूप से गिरफ्तार किया गया। डीआरआई ने कहा कि मामले की विस्तृत जाँच जारी है और आपूर्ति श्रृंखला के अन्य सूत्रों का पता लगाने के प्रयास हो रहे हैं।

डीआरआई का बयान

एजेंसी ने अपने आधिकारिक बयान में कहा, 'यह ऑपरेशन नशीली दवाओं और साइकोट्रोपिक पदार्थों की तस्करी के विरुद्ध इंटेलिजेंस-आधारित कार्रवाई के लिए डीआरआई की निरंतर प्रतिबद्धता को रेखांकित करता है। इससे ड्रग तस्करी नेटवर्क को तोड़ने और सार्वजनिक स्वास्थ्य की रक्षा में मदद मिलती है।' एजेंसी ने यह भी स्पष्ट किया कि इंटेलिजेंस-आधारित निगरानी अवैध ड्रग तस्करी रोकने की रणनीति का केंद्रीय स्तंभ है।

नशा मुक्त भारत अभियान से जुड़ाव

डीआरआई ने इस कार्रवाई को सरकार के 'नशा मुक्त भारत अभियान' के व्यापक ढाँचे से जोड़ा। गौरतलब है कि हाल के महीनों में महाराष्ट्र में अंतरराष्ट्रीय ड्रग नेटवर्क से जुड़ी कई बड़ी जब्तियाँ हो चुकी हैं, जो दर्शाती हैं कि मुंबई और उसके आसपास के क्षेत्र अवैध नशीले पदार्थों की आवाजाही के लिए एक सक्रिय गलियारे के रूप में उपयोग हो रहे हैं। आगे की जाँच में तस्करी के अंतरराष्ट्रीय नेटवर्क के और सिरे सामने आने की संभावना है।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन जब तक केवल वाहकों को पकड़ा जाता रहेगा और नेटवर्क के मास्टरमाइंड तक पहुँच नहीं होगी, तब तक ऐसी जब्तियाँ आपूर्ति को बाधित करने के बजाय महज़ सतही कार्रवाई बनी रहेंगी।
RashtraPress
29 अगस्त 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

डीआरआई ने मीरा रोड पर क्या जब्त किया?
डीआरआई ने मीरा रोड ऑपरेशन में 547 ग्राम कोकीन-मेथाक्वालोन मिश्रित पदार्थ जब्त किया, जो एक केन्याई महिला के बैग में 'एलवी' निशान वाले दो पैकेटों में मिला। एडीपीएस फील्ड-टेस्टिंग किट से इसकी पुष्टि की गई।
किन्हें गिरफ्तार किया गया और किस कानून के तहत?
एक केन्याई महिला और एक नाइजीरियाई नागरिक को गिरफ्तार किया गया। दोनों को नारकोटिक ड्रग्स और साइकोट्रोपिक सब्सटेंस (एनडीपीएस) अधिनियम, 1985 के तहत हिरासत में लिया गया है।
यह ड्रग खेप कहाँ से आ रही थी?
एजेंसी के अनुसार, केन्याई महिला बस से इंदौर से मुंबई आ रही थी और मीरा रोड पर नाइजीरियाई नागरिक को खेप सौंपने वाली थी। आपूर्ति श्रृंखला के मूल स्रोत की जाँच जारी है।
डीआरआई का 'नशा मुक्त भारत अभियान' से क्या संबंध है?
डीआरआई ने इस ऑपरेशन को केंद्र सरकार के 'नशा मुक्त भारत अभियान' का हिस्सा बताया है। एजेंसी का कहना है कि इंटेलिजेंस-आधारित कार्रवाइयाँ नशीले पदार्थों की उपलब्धता और अवैध प्रसार को कम करके इस राष्ट्रीय अभियान के लक्ष्यों को पूरा करती हैं।
इस मामले में आगे क्या होगा?
डीआरआई के अनुसार मामले की विस्तृत जाँच जारी है। एजेंसी तस्करी नेटवर्क के अन्य सदस्यों और आपूर्ति श्रृंखला के स्रोत का पता लगाने में जुटी है।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 1 महीना पहले
  2. 2 महीने पहले
  3. 3 महीने पहले
  4. 4 महीने पहले
  5. 4 महीने पहले
  6. 9 महीने पहले
  7. 10 महीने पहले
  8. 10 महीने पहले