केरल एग्जिट पोल 2025: यूडीएफ को 69-78 सीटें, तमिलनाडु में डीएमके की वापसी के संकेत
सारांश
Key Takeaways
केरल और तमिलनाडु विधानसभा चुनाव 2025 के लिए 30 अप्रैल को एग्जिट पोल के आँकड़े सामने आए, जिनमें केरल में यूनाइटेड डेमोक्रेटिक फ्रंट (यूडीएफ) और तमिलनाडु में द्रविड़ मुनेत्र कड़गम (डीएमके) की बढ़त के संकेत दिए गए हैं। टुडेज चाणक्य और शाइनिंग इंडिया के सर्वेक्षणों के अनुसार, असली तस्वीर 4 मई को मतगणना के बाद ही स्पष्ट होगी।
केरल एग्जिट पोल: यूडीएफ आगे, एलडीएफ कड़ी टक्कर में
टुडेज चाणक्य के एग्जिट पोल के अनुसार, यूडीएफ को 140 सीटों में से 69 से 78 सीटें मिलने का अनुमान है, जबकि लेफ्ट डेमोक्रेटिक फ्रंट (एलडीएफ) को 64 से 71 सीटें मिलती दिख रही हैं। भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) गठबंधन को 7 से 11 सीटें मिलने की उम्मीद जताई गई है। दोनों प्रमुख गठबंधनों के बीच जीत का अंतर बेहद कम बताया जा रहा है।
वोट प्रतिशत के लिहाज से, यूडीएफ को 40 से 43 प्रतिशत, एलडीएफ को 38 से 41 प्रतिशत और भाजपा को 20 से 23 प्रतिशत मत मिलने का अनुमान है। अन्य को 2 से 3 प्रतिशत वोट मिल सकते हैं।
शाइनिंग इंडिया के सर्वे में यूडीएफ को और अधिक बढ़त दिखाई गई है — इस सर्वे के मुताबिक यूडीएफ को लगभग 83 सीटें, एलडीएफ को 54 सीटें और एनडीए को 3 सीटें मिल सकती हैं। 21 सीटों पर नज़दीकी मुकाबले के आसार हैं। वोट प्रतिशत में शाइनिंग इंडिया ने यूडीएफ को 43.6%, एलडीएफ को 38.2%, एनडीए को 13.5% और अन्य को 1.3% वोट दिए हैं। 3.4 प्रतिशत वोटों को 'साइलेंट' बताया गया है।
केरल में ऐतिहासिक मतदान
केरल की 140 विधानसभा सीटों पर 9 अप्रैल को मतदान संपन्न हुआ था। इस बार मतदान प्रतिशत 78.27% दर्ज किया गया, जिसे 1977 के बाद दूसरा सबसे अधिक मतदान माना जा रहा है। एक रिपोर्ट के अनुसार, 1977 के केरल विधानसभा चुनाव में 79.02 प्रतिशत मतदान हुआ था। मतदाताओं की इस उत्साहजनक भागीदारी को सभी दलों के लिए महत्वपूर्ण संकेत माना जा रहा है।
तमिलनाडु: डीएमके आगे, टीवीके ने बनाया त्रिकोणीय मुकाबला
तमिलनाडु में टुडेज चाणक्य के एग्जिट पोल के अनुसार, सत्तारूढ़ डीएमके को 125 से 136 सीटें मिलने का अनुमान है, जो सरकार बनाने के लिए आवश्यक 118 सीटों की सीमा से अधिक है। ऑल इंडिया अन्ना द्रविड़ मुनेत्र कड़गम (एआईएडीएमके) को 45 से 56 सीटें और अभिनेता से नेता बने विजय की पार्टी टीवीके को 63 से 74 सीटें मिलने की उम्मीद है। अन्य के खाते में 1 से 2 सीटें जाने का अनुमान है।
वोट प्रतिशत में डीएमके गठबंधन को 39 से 42 प्रतिशत, एआईएडीएमके को 27 से 30 प्रतिशत और टीवीके को 30 से 33 प्रतिशत वोट मिलने का अनुमान है। अन्य को 4 से 7 प्रतिशत मत मिल सकते हैं। गौरतलब है कि टीवीके ने पहली बार सभी सीटों पर चुनाव लड़कर मुकाबले को त्रिकोणीय बना दिया है।
तमिलनाडु में रिकॉर्ड मतदान
तमिलनाडु में इस बार 5.73 करोड़ से अधिक मतदाता थे और कुल 4,023 उम्मीदवार मैदान में उतरे। चुनाव आयोग (ECI) के आँकड़ों के अनुसार, राज्य में कुल मतदान 84.69 प्रतिशत दर्ज किया गया, जो तमिलनाडु के चुनावी इतिहास का सबसे बड़ा मतदान माना जा रहा है। पुरुषों का मतदान 83.57%, महिलाओं का 85.76% और थर्ड जेंडर मतदाताओं का 60.49% रहा।
4 मई को खुलेगा असली राज
यह ध्यान रखना ज़रूरी है कि एग्जिट पोल के आँकड़े अंतिम परिणाम नहीं होते और अतीत में ये कई बार गलत भी साबित हुए हैं। 4 मई को मतगणना पूरी होने के बाद ही यह स्पष्ट होगा कि केरल और तमिलनाडु में किसकी सरकार बनेगी। दोनों राज्यों के नतीजे दक्षिण भारत की राजनीतिक दिशा तय करने में अहम भूमिका निभाएँगे।