फर्रुखाबाद में 14 वर्षीय नाबालिग की हत्या: काली नदी में मिला शव
सारांश
Key Takeaways
- 14 वर्षीय नाबालिग की हत्या की घटना ने क्षेत्र में हड़कंप मचाया।
- पुलिस ने शव को काली नदी से बरामद किया।
- परिजनों ने पुलिस पर शिकायत को गंभीरता से न लेने का आरोप लगाया।
लखनऊ, 2 अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। फर्रुखाबाद के मोहम्मदाबाद कोतवाली क्षेत्र से एक चौंकाने वाली घटना सामने आई है, जहां 14 वर्षीय नाबालिग की हत्या कर उसके शव को बोरी में भरकर काली नदी में फेंक दिया गया। पुलिस ने अभियुक्त की निशानदेही पर शव बरामद कर लिया है।
जानकारी के अनुसार, थाना नवाबगंज क्षेत्र के ग्राम सिरौली के निवासी अजय कुमार पाल ने 30 मार्च को गांव के ही तीन आरोपियों, कुलदीप पुत्र वेदराम, रोहित पुत्र प्रदीप और एक नाबालिग के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया था। इस मुकदमे में कहा गया था कि 28/29 मार्च की रात आरोपियों ने कथित रूप से घर में दूध में नशीला पदार्थ मिलाकर परिजनों को बेहोश कर दिया और उनकी 14 वर्षीय पुत्री को घर से ले गए। इसके साथ ही घर में रखे जेवरात, जिसमें दो जोड़ी झुमके, एक जोड़ी टॉप्स, एक सोने की चेन, एक जोड़ी पायल और लगभग 50 हजार रुपए नकद भी चुरा लिए गए।
जांच के दौरान, पुलिस ने अभियुक्त की निशानदेही पर छिबरामऊ मार्ग पर काली नदी के किनारे, ग्राम कुम्हौली के अंत्येष्टि स्थल के पास, नदी से लगभग 20 मीटर की दूरी पर बोरी में बंद किशोरी का शव बरामद किया। शव मिलने से क्षेत्र में खलबली मच गई। घटना की सूचना मिलने पर अपर पुलिस अधीक्षक अरुण कुमार सिंह, क्षेत्राधिकारी कायमगंज राजेश द्विवेदी, थाना प्रभारी नवाबगंज राजीव कुमार और कोतवाली प्रभारी विनोद कुमार शुक्ला पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे और घटनास्थल का निरीक्षण किया।
मौके पर पहुंची फॉरेंसिक टीम ने आवश्यक साक्ष्य एकत्र किए हैं। पुलिस का कहना है कि मामले की गहनता से जांच की जा रही है और आरोपियों के खिलाफ विधिक कार्रवाई की जा रही है। शव को पोस्टमार्टम के लिए अस्पताल भेजा गया है, जिसकी रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
घटनास्थल पर पहुंचे परिजनों में मृतका की माता सुषमा देवी और पिता अजय कुमार पाल का रो-रोकर बुरा हाल था। बताया गया कि मृतका तीन बहनों और एक भाई में सबसे बड़ी थी। परिजनों ने प्रारंभिक स्तर पर पुलिस द्वारा शिकायत को गंभीरता से न लेने का आरोप भी लगाया है। हालांकि, पुलिस द्वारा अब मामले में कार्रवाई जारी है।
घटना के संदर्भ में अपर पुलिस अधीक्षक अरुण कुमार सिंह ने बताया कि 30 मार्च को थाना नवाबगंज में एक व्यक्ति ने सूचना दी कि उसकी नाबालिग पुत्री को गांव का एक नाबालिग लड़का अपने अन्य साथियों के साथ मिलकर बहला-फुसलाकर भगा कर ले गया है। तत्काल अभियोग पंजीकृत कर बालिका की खोज के लिए विभिन्न टीमें लगा दी गई थीं। इसी क्रम में नामजद बाल अपचारी से जब कड़ाई से पूछताछ की गई, तो उसने बताया कि 28/29 की रात को बालिका उसके पास आई और शादी का दबाव बनाने लगी। वह कहने लगी कि अब घर लौटकर नहीं जाऊंगी। अब मैं तुम्हारे साथ ही रहूंगी। इसी बात से परेशान होकर आरोपी ने अपने एक अन्य साथी, जिसका नाम विवेक पाल है, के साथ मिलकर बालिका की हत्या कर दी और रात में ही शव खेत में छुपा दिया।
अगले दिन दोनों ने बालिका के शव को बोरे में रखकर काली नदी के किनारे कुमहौली में ले जाकर छुपा दिया। अभियुक्त की निशानदेही पर गुरुवार को बालिका का शव बरामद किया गया।