तेजस्वी यादव की स्थिति पर संजय सरावगी का बयान: 'खिसियानी बिल्ली खंभा नोचे'
सारांश
Key Takeaways
- संजय सरावगी ने तेजस्वी यादव की स्थिति की तुलना 'खिसियानी बिल्ली खंभा नोचे' से की।
- चंडीगढ़ में धमाका पंजाब सरकार की विफलता है।
- ममता बनर्जी का मतदान बहिष्कार लोकतंत्र के खिलाफ है।
- बिहार में अपराधियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
- आरजेडी के शासन में जंगलराज था, अब स्थिति बेहतर है।
पटना, 5 अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। बिहार के भाजपा अध्यक्ष संजय सरावगी ने चंडीगढ़ में हुए धमाके के संदर्भ में पंजाब सरकार और ममता बनर्जी पर कड़ी प्रतिक्रिया दी। इसके तहत उन्होंने तेजस्वी यादव की स्थिति को 'खिसियानी बिल्ली खंभा नोचे' से जोड़ते हुए कहा।
चंडीगढ़ के सेक्टर 37 में भाजपा कार्यालय के बाहर हुए विस्फोट को लेकर उन्होंने राष्ट्र प्रेस से कहा, "यह पंजाब सरकार की प्रशासनिक विफलता है। इस हमले के लिए पंजाब सरकार को कठोर कदम उठाने चाहिए और दोषियों को गिरफ्तार करना चाहिए। यदि इसमें राष्ट्रविरोधी तत्व शामिल हैं, तो यह पंजाब सरकार की स्पष्ट असफलता है।"
ममता बनर्जी के मतदान का बहिष्कार करने संबंधी बयान पर उन्होंने कहा, "ममता बनर्जी की चिंता स्पष्ट है। अब वे मतदान का बहिष्कार करने की बात कर रही हैं, जो लोकतंत्र में एक निंदनीय रवैया है। ऐसा लगता है कि उन्हें यह एहसास हो गया है कि वे जल्द ही सत्ता से बाहर हो सकती हैं। मालदा में एसआईआर कार्यरत 7 अधिकारियों को बंधक बनाए जाने की घटना इस डर को दर्शाती है।"
दरभंगा में ज्वेलरी शॉप में हुई लूट के संदर्भ में संजय सरावगी ने कहा, "बिहार में अपराधियों को बख्शा नहीं जाएगा। घटनाएं हो रही हैं, लेकिन अपराधियों के खिलाफ कार्रवाई भी की जा रही है। दरभंगा लूटकांड में पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए बेगुसराय से 6 अपराधियों को गिरफ्तार किया है। एक अपराधी मुठभेड़ में घायल हुआ है। लूटे गए माल की बरामदगी जल्द ही की जाएगी। हमारी सरकार का मानना है कि या तो अपराधी अपराध छोड़ दें या बिहार छोड़ दें।"
तेजस्वी यादव द्वारा विकास के मुद्दे पर खुली चुनौती देने के सवाल पर संजय सरावगी ने कहा, "आरजेडी के शासन में जंगलराज था, यह बात कोर्ट ने भी कही थी। उस समय अपराध सत्ता के संरक्षण में होते थे। अस्पतालों में बिस्तरों पर कुत्ते बैठे होते थे। वहीं, नीतीश कुमार के शासन में बिहार की स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार हुआ है, निशुल्क दवा वितरण में राज्य अग्रणी है। अब हर पंचायत में 12वीं तक के स्कूल हैं और प्रखंड स्तर पर महाविद्यालय खोलने की योजना है। ऐसे में तेजस्वी यादव क्या चुनौती देंगे? तेजस्वी की स्थिति 'खिसियानी बिल्ली खंभा नोचे' जैसी हो गई है।