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क्या गुजरात टीबी मुक्त भारत अभियान में सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करने वाला राज्य बन गया?

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क्या गुजरात टीबी मुक्त भारत अभियान में सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करने वाला राज्य बन गया?

सारांश

गुजरात ने प्रधानमंत्री टीबी मुक्त भारत अभियान के अंतर्गत बेहतरीन प्रगति की है। यहाँ हर मरीज को इलाज के लिए आर्थिक सहायता दी जा रही है। क्या ये प्रयास भारत को टीबी मुक्त बनाने में सहायक होंगे?

मुख्य बातें

गुजरात ने टीबी उन्मूलन में सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन किया है।
हर मरीज को निक्षय पोषण योजना के तहत आर्थिक सहायता मिलती है।
टीबी के लक्षणों की पहचान करना महत्वपूर्ण है।
प्रधानमंत्री का लक्ष्य 2025 में भारत को टीबी मुक्त करना है।
गुजरात सरकार ने कई पोषण किट्स वितरित की हैं।

अहमदाबाद, 9 सितंबर (राष्ट्र प्रेस)। गुजरात ने प्रधानमंत्री टीबी मुक्त भारत अभियान के अंतर्गत राष्ट्रीय टीबी उन्मूलन कार्यक्रम के लक्ष्य को प्राप्त करने में जबरदस्त प्रयास किए हैं। इस अभियान के तहत यहाँ न केवल टीबी मरीजों की व्यापक पहचान की जा रही है, बल्कि उन्हें मुफ्त इलाज भी मुहैया कराया जा रहा है।

गुजरात अब पूरे देश में टीबी उन्मूलन में सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करने वाला राज्य बन गया है। टीबी रोगियों को इलाज के दौरान किसी भी आर्थिक कठिनाई का सामना न करना पड़े, इसके लिए सरकार निक्षय पोषण योजना के तहत हर मरीज को दवा और पोषण युक्त आहार के लिए हर महीने एक हजार रुपए की सहायता प्रदान कर रही है।

अहमदाबाद के सिविल अस्पताल के टीबी एवं चेस्ट विभाग के प्रभारी डॉ. घनश्याम बोरिसागर ने बताया कि खांसी, कफ, बुखार और अचानक वजन कम होना जैसे लक्षणों को नजरंदाज नहीं करना चाहिए, क्योंकि ये टीबी के लक्षण हो सकते हैं। ऐसे में सरकारी या निजी अस्पताल में कफ की जांच कराना आवश्यक है और डॉक्टर से सलाह लेना चाहिए।

जिला क्षय अधिकारी डॉ. चिराग धुवाड के अनुसार, टीबी रोगियों का निरंतर इलाज सुनिश्चित करने के लिए हर महीने उनके बैंक अकाउंट में डीबीटी के माध्यम से एक हजार रुपए ट्रांसफर किए जाते हैं। इलाज की पूरी अवधि के दौरान यह सहायता मरीजों को निक्षय पोषण योजना के अंतर्गत दी जाती है।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 2025 के अंत तक भारत को टीबी मुक्त करने का लक्ष्य निर्धारित किया है। इस दिशा में मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल के नेतृत्व में राज्य सरकार ने 2024 में टीबी रोगियों की पहचान और पंजीकरण का 95 प्रतिशत लक्ष्य हासिल किया है, जिसमें 1,37,929 मरीजों की सफल पहचान की गई है। इसके साथ ही 1,24,581 रोगियों का पूर्ण उपचार किया गया है। गुजरात सरकार ने निक्षय पोर्टल पर 10,682 निक्षय मित्रों का पंजीकरण किया है और इनके माध्यम से 3,49,534 पोषण किट्स भी वितरित किए हैं। इन उपलब्धियों के साथ, गुजरात टीबी उन्मूलन में देश का सर्वश्रेष्ठ राज्य बन गया है।

संपादकीय दृष्टिकोण

वे अन्य राज्यों के लिए एक आदर्श उदाहरण प्रस्तुत करते हैं। यह पहल न केवल स्वास्थ्य के क्षेत्र में, बल्कि समाज में जागरूकता और सहायता के लिए भी महत्वपूर्ण है।
RashtraPress
20 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

टीबी मुक्त भारत अभियान का उद्देश्य क्या है?
टीबी मुक्त भारत अभियान का उद्देश्य 2025 तक भारत को टीबी मुक्त करना है।
गुजरात ने टीबी के खिलाफ क्या कदम उठाए हैं?
गुजरात ने टीबी मरीजों की पहचान, मुफ्त इलाज और आर्थिक सहायता प्रदान की है।
निक्षय पोषण योजना क्या है?
यह योजना टीबी मरीजों को इलाज के दौरान पोषण और आर्थिक सहायता प्रदान करती है।
टीबी के लक्षण क्या होते हैं?
टीबी के लक्षणों में खांसी, कफ, बुखार और वजन कम होना शामिल हैं।
क्या टीबी का इलाज संभव है?
हाँ, टीबी का इलाज संभव है और सरकारी सहायता से इसे प्रभावी तरीके से किया जा सकता है।
राष्ट्र प्रेस
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