16 अक्टूबर 2026
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ग्वालियर-चंबल में औद्योगिक विकास को रफ्तार देगी MP सरकार: CM मोहन यादव का दीपावली से पहले सम्मेलन का ऐलान

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ग्वालियर-चंबल में औद्योगिक विकास को रफ्तार देगी MP सरकार: CM मोहन यादव का दीपावली से पहले सम्मेलन का ऐलान

सारांश

मुख्यमंत्री मोहन यादव ने मुरैना में उद्यमियों से सीधा संवाद कर ग्वालियर-चंबल को औद्योगिक हब बनाने का रोडमैप पेश किया। दीपावली से पहले चंबल संभाग स्तरीय औद्योगिक सम्मेलन, चंबल एक्सप्रेस-वे किनारे नए क्लस्टर और 20 उद्यमियों से सीधी बातचीत — यह क्षेत्र के लिए नई औद्योगिक सुबह का संकेत है।

मुख्य बातें

मुख्यमंत्री मोहन यादव ने 16 अक्टूबर 2026 को मुरैना में जनविश्वास अभियान के तहत उद्यम संवाद कार्यक्रम आयोजित किया।
दीपावली से पहले चंबल संभाग स्तरीय औद्योगिक सम्मेलन आयोजित होगा।
चंबल एक्सप्रेस-वे के किनारे नए औद्योगिक क्षेत्र और क्लस्टर विकसित करने की योजना।
कार्यक्रम में लगभग 20 उद्यमियों ने भाग लिया और अपने अनुभव साझा किए।
विधानसभा अध्यक्ष नरेंद्र सिंह तोमर ने पोरसा और सबलगढ़ में औद्योगिक विस्तार की संभावनाएं जताईं।

मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने 16 अक्टूबर 2026 को मुरैना में आयोजित उद्यम संवाद कार्यक्रम में स्पष्ट किया कि ग्वालियर-चंबल क्षेत्र में औद्योगिक विकास की व्यापक संभावनाएं हैं और राज्य सरकार इन्हें साकार करने के लिए योजनाबद्ध कदम उठाएगी। उन्होंने घोषणा की कि दीपावली से पहले चंबल संभाग स्तरीय औद्योगिक सम्मेलन आयोजित किया जाएगा, जो क्षेत्र में निवेश का अनुकूल वातावरण तैयार करेगा।

उद्यम संवाद: क्या रही मुख्य चर्चा

मुख्यमंत्री यादव ने जनविश्वास अभियान के अंतर्गत आयोजित इस कार्यक्रम में लगभग 20 उद्यमियों से सीधा संवाद किया। चर्चा में औद्योगिक विकास, निवेश, रोज़गार सृजन, निर्यात और उद्योगों के विस्तार जैसे महत्वपूर्ण विषय शामिल रहे। उद्यमियों ने शासन से प्राप्त सहयोग, उपलब्ध सुविधाओं और विभिन्न विभागों के साथ समन्वय के संबंध में अपने अनुभव भी साझा किए।

यह ऐसे समय में आया है जब मध्य प्रदेश सरकार राज्य को निवेश के प्रमुख गंतव्य के रूप में स्थापित करने की दिशा में सक्रिय रूप से काम कर रही है। गौरतलब है कि ग्वालियर-चंबल क्षेत्र ऐतिहासिक रूप से राज्य के अन्य औद्योगिक क्षेत्रों की तुलना में विकास में पिछड़ा रहा है, और यह पहल उस अंतर को पाटने का प्रयास मानी जा रही है।

चंबल एक्सप्रेस-वे के किनारे नए औद्योगिक क्षेत्र की संभावना

मुख्यमंत्री ने चंबल एक्सप्रेस-वे के आसपास नए औद्योगिक क्षेत्र विकसित करने की संभावनाओं पर उद्यमियों के साथ विस्तृत चर्चा की। उन्होंने कहा कि एक्सप्रेस-वे के किनारे नए औद्योगिक क्लस्टर स्थापित होने से लॉजिस्टिक्स लागत में कमी आएगी और उत्पादों को राष्ट्रीय बाज़ारों तक पहुँचाना आसान होगा। साथ ही पर्यटन गतिविधियों को भी बढ़ावा दिए जाने की योजना है, जो क्षेत्र की अर्थव्यवस्था को एक नया आयाम प्रदान करेगी।

रोज़गार सृजन और क्षेत्रीय अर्थव्यवस्था पर असर

मुख्यमंत्री यादव ने कहा कि क्षेत्र में औद्योगिक गतिविधियों का विस्तार स्थानीय युवाओं के लिए रोज़गार के नए अवसर पैदा करेगा और क्षेत्रीय अर्थव्यवस्था को मज़बूती देगा। उन्होंने स्पष्ट किया कि उद्योगों की स्थापना एवं विस्तार के लिए राज्य सरकार की ओर से हरसंभव सहयोग प्रदान किया जाएगा।

विधानसभा अध्यक्ष नरेंद्र सिंह तोमर ने भी इस अवसर पर कहा कि पोरसा और सबलगढ़ सहित क्षेत्र के विभिन्न स्थानों पर औद्योगिक गतिविधियों के विस्तार की संभावना है। उन्होंने कहा कि उद्योगों की स्थापना से स्थानीय स्तर पर रोज़गार के अवसर बढ़ेंगे और क्षेत्र की अर्थव्यवस्था को नई ऊर्जा मिलेगी।

सरकार की प्रतिबद्धता और आगे की रणनीति

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार प्रदेश में औद्योगिक विकास को गति देने और निवेश को प्रोत्साहित करने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। नए औद्योगिक क्षेत्रों का विकास, औद्योगिक क्लस्टर की स्थापना और पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए योजनाबद्ध तरीके से काम किया जाएगा। आगामी चंबल संभाग औद्योगिक सम्मेलन इस रणनीति की पहली ठोस कड़ी होगी, जिसमें निवेशकों और स्थानीय उद्यमियों को एक मंच पर लाया जाएगा।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन असली कसौटी यह है कि सम्मेलन के बाद कितने निवेश प्रस्ताव ज़मीन पर उतरते हैं। चंबल एक्सप्रेस-वे की संभावना तभी फलीभूत होगी जब भूमि आवंटन, बिजली आपूर्ति और कनेक्टिविटी की समयसीमा तय हो। बिना ठोस समयसीमा और जवाबदेही ढाँचे के, ऐसे संवाद कार्यक्रम अच्छी मंशा तो दर्शाते हैं, पर बदलाव की गारंटी नहीं बनते।
RashtraPress
16 अक्टूबर 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

ग्वालियर-चंबल में औद्योगिक विकास के लिए CM मोहन यादव ने क्या घोषणाएं कीं?
मुख्यमंत्री मोहन यादव ने 16 अक्टूबर 2026 को मुरैना में दीपावली से पहले चंबल संभाग स्तरीय औद्योगिक सम्मेलन आयोजित करने की घोषणा की। साथ ही चंबल एक्सप्रेस-वे के किनारे नए औद्योगिक क्षेत्र और क्लस्टर विकसित करने की योजना का खाका भी पेश किया।
चंबल संभाग औद्योगिक सम्मेलन कब आयोजित होगा?
मुख्यमंत्री यादव के अनुसार यह सम्मेलन दीपावली से पहले आयोजित किया जाएगा। इसका उद्देश्य क्षेत्र में निवेश की संभावनाओं को विस्तार देना और नए उद्योगों की स्थापना के लिए अनुकूल वातावरण तैयार करना है।
उद्यम संवाद कार्यक्रम क्या है और इसमें कौन शामिल हुए?
उद्यम संवाद जनविश्वास अभियान के अंतर्गत आयोजित एक कार्यक्रम है जिसमें मुख्यमंत्री सीधे उद्यमियों से संवाद करते हैं। मुरैना में आयोजित इस कार्यक्रम में लगभग 20 उद्यमियों ने भाग लिया और सरकारी सहयोग, सुविधाओं तथा विभागीय समन्वय पर अपने अनुभव साझा किए।
ग्वालियर-चंबल क्षेत्र में औद्योगिक विकास से स्थानीय युवाओं को क्या फायदा होगा?
मुख्यमंत्री यादव के अनुसार औद्योगिक गतिविधियों के विस्तार से स्थानीय युवाओं के लिए रोज़गार के नए अवसर सृजित होंगे और क्षेत्रीय अर्थव्यवस्था को मज़बूती मिलेगी। विधानसभा अध्यक्ष नरेंद्र सिंह तोमर ने भी पोरसा और सबलगढ़ में औद्योगिक विस्तार की संभावनाएं जताई हैं।
चंबल एक्सप्रेस-वे के किनारे औद्योगिक क्षेत्र विकसित करने की योजना क्यों महत्वपूर्ण है?
चंबल एक्सप्रेस-वे के किनारे औद्योगिक क्षेत्र बनने से लॉजिस्टिक्स लागत में कमी आएगी और उत्पादों को राष्ट्रीय बाज़ारों तक आसानी से पहुँचाया जा सकेगा। यह ग्वालियर-चंबल क्षेत्र को मध्य प्रदेश के अन्य विकसित औद्योगिक केंद्रों के बराबर लाने की दिशा में एक रणनीतिक कदम माना जा रहा है।
राष्ट्र प्रेस
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