11 अक्टूबर 2026
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जंतर-मंतर अराजकता की साजिश नाकाम: पंकज चौधरी बोले — चुनाव आते-आते बिखर जाएगा इंडी गठबंधन

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जंतर-मंतर अराजकता की साजिश नाकाम: पंकज चौधरी बोले — चुनाव आते-आते बिखर जाएगा इंडी गठबंधन

सारांश

BJP के UP अध्यक्ष पंकज चौधरी ने जंतर-मंतर पर अराजकता फैलाने की कोशिश को देश को कमज़ोर करने की साजिश बताया, अखिलेश यादव पर UP की छवि बदनाम करने का आरोप लगाया, और दावा किया कि कांग्रेस-सपा का गठबंधन मजबूरी का है जो चुनाव आते-आते टूट जाएगा।

मुख्य बातें

पंकज चौधरी ने 11 अक्टूबर 2026 को जंतर-मंतर पर अराजकता फैलाने की कोशिशों को लोकतंत्र के विरुद्ध साजिश बताया।
उन्होंने दावा किया कि ऐसे प्रयास विफल हो चुके हैं और लोकतंत्र की जीत हुई है।
सपा प्रमुख अखिलेश यादव पर उत्तर प्रदेश के युवाओं और प्रदेश की छवि बदनाम करने का आरोप लगाया।
योगी आदित्यनाथ ने अयोध्या से चुनाव लड़ने की अखिलेश यादव की चुनौती स्वीकार की, ऐसा भाजपा प्रदेश अध्यक्ष ने बताया।
कांग्रेस-सपा गठबंधन को 'मजबूरी का गठबंधन' बताते हुए दावा — चुनाव आते-आते इंडी गठबंधन बिखर जाएगा।
यूपी कांग्रेस के आंतरिक विवाद पर चौधरी ने कांग्रेस को आत्ममंथन की सलाह दी।

भारतीय जनता पार्टी (BJP) के उत्तर प्रदेश अध्यक्ष एवं केंद्रीय वित्त राज्यमंत्री पंकज चौधरी ने 11 अक्टूबर 2026 को लखनऊ स्थित भाजपा प्रदेश मुख्यालय में मीडिया से बातचीत के दौरान जंतर-मंतर पर कथित अराजकता फैलाने के प्रयासों को लोकतंत्र के विरुद्ध साजिश करार दिया। उन्होंने दावा किया कि ये प्रयास विफल हो चुके हैं और लोकतंत्र की जीत हुई है। साथ ही उन्होंने इंडी गठबंधन को 'मजबूरी का गठबंधन' बताते हुए भविष्यवाणी की कि चुनाव आते-आते यह गठबंधन बिखर जाएगा।

जंतर-मंतर विवाद पर भाजपा का रुख

पंकज चौधरी ने कहा कि दिल्ली में जिस प्रकार अराजकता फैलाने की कोशिश की जा रही है, वह देश को कमज़ोर करने की सोची-समझी साजिश है। उनके अनुसार, ऐसी कोशिशें लोकतांत्रिक प्रक्रियाओं को नुकसान पहुँचाने के उद्देश्य से की जा रही हैं। उन्होंने इस प्रयास को विफल बताते हुए कहा कि लोकतंत्र हर बार ऐसी चुनौतियों से मज़बूत होकर उभरता है।

अखिलेश यादव पर सीधा हमला

भाजपा प्रदेश अध्यक्ष ने समाजवादी पार्टी (सपा) के अध्यक्ष अखिलेश यादव पर उत्तर प्रदेश के युवाओं और प्रदेश की छवि को बदनाम करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि प्रदेश के नौजवानों और किसानों ने सराहनीय काम किया है, लेकिन सपा प्रमुख उसकी प्रशंसा करने के बजाय नकारात्मक छवि गढ़ने में लगे हैं।

अयोध्या से चुनाव लड़ने की चुनौती के संदर्भ में चौधरी ने कहा कि अखिलेश यादव ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को अयोध्या से चुनाव लड़ने की चुनौती दी थी, जिसे योगी आदित्यनाथ ने स्वीकार कर लिया है। उन्होंने कहा कि अखिलेश यादव घबराए हुए हैं और उत्तर प्रदेश में वे जहाँ से भी चुनाव लड़ें, हार अवश्यंभावी है — यह भाजपा प्रदेश अध्यक्ष का दावा है।

इंडी गठबंधन पर तीखी टिप्पणी

कांग्रेस और समाजवादी पार्टी के गठजोड़ को निशाने पर लेते हुए पंकज चौधरी ने कहा कि यह गठबंधन न तो नैसर्गिक है, न ही किसी साझी नीति या विचारधारा पर आधारित है — यह महज मजबूरी का परिणाम है। उन्होंने तर्क दिया कि जब गठजोड़ मजबूरी में बनता है, तो उसमें आंतरिक खींचतान स्वाभाविक होती है। उनका दावा है कि चुनाव नज़दीक आते ही पूरा इंडी गठबंधन टूट जाएगा।

कांग्रेस के आंतरिक विवाद पर भाजपा की प्रतिक्रिया

उत्तर प्रदेश कांग्रेस मुख्यालय में नेताओं और कार्यकर्ताओं के बीच हाल में हुए विवाद का ज़िक्र करते हुए पंकज चौधरी ने कांग्रेस को आत्ममंथन की सलाह दी। उन्होंने कहा कि कांग्रेस को यह सोचना चाहिए कि जनता बार-बार उससे दूरी क्यों बना रही है। उनके अनुसार, पार्टी चुनाव दर चुनाव हार रही है, लेकिन हार की समीक्षा करने के बजाय संवैधानिक संस्थाओं पर आरोप लगाकर भ्रम फैलाने का काम कर रही है।

यह ऐसे समय में आया है जब उत्तर प्रदेश में अगले विधानसभा चुनाव की रणनीतिक तैयारियाँ शुरू हो चुकी हैं और सभी प्रमुख दल अपनी स्थिति मजबूत करने में जुटे हैं। भाजपा के इस आक्रामक रुख से स्पष्ट है कि राज्य में राजनीतिक तापमान तेज़ी से बढ़ रहा है।

संपादकीय दृष्टिकोण

चुनावी रणनीति ज़्यादा है — जंतर-मंतर के घटनाक्रम को राष्ट्रीय खलनायकी की तरह पेश करना और इंडी गठबंधन में दरार को उजागर करना, दोनों भाजपा की परिचित रणनीति है। असली सवाल यह है कि क्या अयोध्या चुनौती वाकई कोई राजनीतिक जोखिम है या महज बयानबाज़ी। गौरतलब है कि कांग्रेस-सपा के बीच समन्वय की कमी पहले से दिखती रही है, लेकिन 'मजबूरी का गठबंधन' वाली भाषा तब तक खोखली रहेगी जब तक भाजपा खुद उत्तर प्रदेश में अपनी संगठनात्मक चुनौतियों का ईमानदार विश्लेषण नहीं करती।
RashtraPress
11 अक्टूबर 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

पंकज चौधरी ने जंतर-मंतर विवाद पर क्या कहा?
पंकज चौधरी ने जंतर-मंतर पर अराजकता फैलाने की कोशिशों को देश को कमज़ोर करने की साजिश बताया और दावा किया कि ये प्रयास विफल हो चुके हैं। उनके अनुसार, लोकतंत्र इन चुनौतियों से मज़बूत होकर उभरा है।
इंडी गठबंधन के बारे में पंकज चौधरी का क्या दावा है?
पंकज चौधरी ने दावा किया कि कांग्रेस और समाजवादी पार्टी का गठबंधन मजबूरी पर आधारित है, न कि साझी नीति या विचारधारा पर। उनके मुताबिक, चुनाव आते-आते पूरा इंडी गठबंधन बिखर जाएगा।
अयोध्या चुनाव चुनौती को लेकर भाजपा का क्या कहना है?
पंकज चौधरी ने कहा कि अखिलेश यादव ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को अयोध्या से चुनाव लड़ने की चुनौती दी थी, जिसे योगी आदित्यनाथ ने स्वीकार कर लिया है। उन्होंने दावा किया कि अखिलेश यादव उत्तर प्रदेश में कहीं से भी चुनाव लड़ें, उन्हें हार का सामना करना पड़ेगा।
उत्तर प्रदेश कांग्रेस के आंतरिक विवाद पर BJP का क्या रुख है?
पंकज चौधरी ने यूपी कांग्रेस मुख्यालय में हुए नेताओं-कार्यकर्ताओं के विवाद के संदर्भ में कांग्रेस को आत्ममंथन की सलाह दी। उन्होंने कहा कि कांग्रेस चुनाव हारने के कारणों की समीक्षा करने के बजाय संवैधानिक संस्थाओं पर आरोप लगाकर जनता में भ्रम फैला रही है।
पंकज चौधरी ने अखिलेश यादव पर क्या आरोप लगाए?
पंकज चौधरी ने आरोप लगाया कि अखिलेश यादव उत्तर प्रदेश के युवाओं और प्रदेश की छवि को बदनाम करने का प्रयास कर रहे हैं। उनका कहना था कि प्रदेश के किसानों और नौजवानों की उपलब्धियों की चर्चा किए बिना नकारात्मक छवि गढ़ना निंदनीय है।
राष्ट्र प्रेस
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