क्या जासूसी के आरोप में रूस ने ब्रिटिश डिप्लोमैट के खिलाफ कार्रवाई की?
सारांश
Key Takeaways
- रूस ने ब्रिटिश डिप्लोमैट को जासूसी के आरोप में निष्कासित किया।
- अमेरिका ने रूसी टैंकर पर कब्जा किया था।
- ब्रिटेन और रूस के बीच तनाव बढ़ता जा रहा है।
- रूसी विदेश मंत्रालय ने जीरो-टॉलरेंस नीति की बात की है।
- इस घटना का वैश्विक राजनीति पर व्यापक प्रभाव हो सकता है।
नई दिल्ली, 15 जनवरी (राष्ट्र प्रेस)। रूस ने एक ब्रिटिश डिप्लोमैटिक स्टाफ सदस्य को जासूसी के आरोप में देश से निष्कासित करने का आदेश जारी किया है। यह कार्रवाई अमेरिका द्वारा रूसी टैंकर पर कब्जा करने में ब्रिटेन के सहयोग के बाद की गई है। इस डिप्लोमैट पर ब्रिटेन की इंटेलिजेंस के लिए काम करने का आरोप लगाया गया है।
फेडरल सिक्योरिटी सर्विस (एफएसबी) ने कहा कि मॉस्को में ब्रिटिश दूतावास के सचिव गैरेथ सैमुअल डेविस, ब्रिटेन की गुप्त सेवा के लिए कार्यरत हैं। विदेश मंत्रालय ने ब्रिटेन के चार्ज डी'अफेयर्स, डाने ढोलकिया को समन भेजकर औपचारिक विरोध दर्ज कराया है और संदिग्ध जासूस को दो हफ्ते के अंदर रूस छोड़ने का आदेश दिया है।
रूसी विदेश मंत्रालय ने स्पष्ट किया है, "मॉस्को रूस के क्षेत्र में ब्रिटिश विशेष सेवाओं के बिना बताए एजेंट की गतिविधियों को सहन नहीं करेगा। राष्ट्रीय सुरक्षा के मामलों में सरकार की जीरो-टॉलरेंस नीति है।"
ब्रिटिश मिशन की डिप्टी हेड ने रूस के विदेश मंत्रालय की बिल्डिंग में पत्रकारों से बात करने से मना कर दिया। ब्रिटेन और रूस के बीच लंबे समय से तनावपूर्ण रिश्ते बने हुए हैं, जिसके चलते अक्सर जासूसी के संदेह में डिप्लोमैटिक स्टाफ को आपस में निष्कासित किया गया है।
रूस ने कहा कि ब्रिटिश सरकार जानबूझकर रूस का सामना करने के लिए दुश्मनी को बढ़ाने की कोशिश कर रही है। रूसी अधिकारियों का आरोप है कि ब्रिटेन दशकों से इसी रणनीति पर काम कर रहा है।
अमेरिका और वेनेजुएला के बीच तनाव भी जारी है। हाल ही में अमेरिका ने ब्रिटेन की मदद से एक रूसी टैंकर पर कब्जा कर लिया, हालांकि टैंकर में कोई तेल नहीं था। अमेरिका ने रूस के जब्त जहाज मैरिनेरा पर सवार क्रू के खिलाफ आपराधिक मामला दर्ज करने का भी दावा किया।
रूसी विदेश मंत्रालय ने कहा कि वह अमेरिकी कर्मियों के जहाज पर सवार होने की खबरों पर करीबी नजर रखे हुए है। मंत्रालय ने अमेरिका से मांग की है कि वह टैंकर पर सवार रूसी नागरिकों के साथ मानवीय व्यवहार करे और उनके अधिकारों का सम्मान करे। अमेरिका की अटॉर्नी जनरल पाम बॉंड ने 'एक्स' सोशल नेटवर्क पर लिखा कि यूएस अधिकारी जब्त किए गए मैरिनेरा टैंकर के क्रू मेंबर्स के खिलाफ आपराधिक मामला दर्ज करेंगे।