हाईराइज इमारतों में अग्नि सुरक्षा: जेवर विधायक धीरेंद्र सिंह ने CM योगी को सौंपा विस्तृत पत्र
सारांश
Key Takeaways
जेवर विधानसभा क्षेत्र के विधायक धीरेंद्र सिंह ने 2 मई 2026 को उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के आवास पर शिष्टाचार भेंट कर गौतम बुद्ध नगर एवं गाजियाबाद के हाईराइज क्षेत्रों में अग्नि सुरक्षा व्यवस्था को सुदृढ़ करने की माँग उठाई। उन्होंने मुख्यमंत्री को एक विस्तृत पत्र सौंपते हुए हाल की आग की घटनाओं पर गहरी चिंता जताई और त्वरित नीतिगत हस्तक्षेप की अपील की।
मुख्य घटनाक्रम
विधायक धीरेंद्र सिंह ने मुख्यमंत्री को अवगत कराया कि ग्रेटर नोएडा वेस्ट और गाजियाबाद के ऊँची इमारतों वाले क्षेत्रों में हाल के दिनों में आग लगने की अनेक घटनाएँ सामने आई हैं। इन इलाकों में हजारों परिवार बहुमंजिला इमारतों में निवास करते हैं, जहाँ अग्निशमन विभाग की पहुँच सीमित होने के कारण स्थिति और भी गंभीर हो जाती है।
उन्होंने बताया कि मौजूदा अग्निशमन संसाधन ऊपरी मंजिलों तक प्रभावी ढंग से नहीं पहुँच पा रहे, जिससे किसी भी आपात स्थिति में जन-धन की भारी हानि का खतरा बना रहता है। गौरतलब है कि तेज़ी से विकसित हो रहे इन क्षेत्रों में हाई-राइज अपार्टमेंट्स की संख्या लगातार बढ़ रही है, लेकिन उसी गति से अग्नि सुरक्षा ढाँचा मज़बूत नहीं हो पाया है।
पत्र में उठाई गई प्रमुख माँगें
मुख्यमंत्री को सौंपे गए पत्र में विधायक ने कई अहम सुझाव प्रस्तुत किए। इनमें सबसे प्रमुख माँग 30 से 40 मंजिल तक पहुँचने में सक्षम हाई-कैपेसिटी फायर टेंडर्स और हाइड्रोलिक प्लेटफॉर्म (स्काई लिफ्ट) की उपलब्धता सुनिश्चित करने की रही।
इसके अतिरिक्त सभी हाईराइज भवनों में स्प्रिंकलर, फायर अलार्म और स्मोक डिटेक्टर जैसी फायर सेफ्टी प्रणालियों की नियमित जाँच और प्रमाणन को अनिवार्य करने की बात कही गई। विधायक ने फायर सेफ्टी ऑडिट को सख्ती से लागू करने और नियमों का पालन न करने वालों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई की भी माँग की।
जागरूकता और तैयारी पर जोर
धीरेंद्र सिंह ने रेजिडेंट्स वेलफेयर एसोसिएशन (RWA) और निवासियों के लिए नियमित मॉक ड्रिल और जागरूकता कार्यक्रम आयोजित करने पर विशेष बल दिया, ताकि आपात स्थिति में लोग सही तरीके से प्रतिक्रिया दे सकें। उन्होंने अग्निशमन विभाग की तत्परता और प्रतिक्रिया समय को और बेहतर बनाने की आवश्यकता भी रेखांकित की।
विधायक ने कहा कि यह मुद्दा सीधे तौर पर लाखों लोगों की सुरक्षा से जुड़ा है, इसलिए इस पर त्वरित और दीर्घकालिक नीति बनाकर प्रभावी क्रियान्वयन अत्यंत आवश्यक है।
सरकार की प्रतिक्रिया
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इस विषय की गंभीरता को स्वीकार करते हुए संबंधित विभागों को आवश्यक दिशा-निर्देश देने का आश्वासन दिया। यह ऐसे समय में आया है जब पूरे देश में हाईराइज इमारतों में अग्नि सुरक्षा को लेकर चिंताएँ बढ़ रही हैं और कई राज्यों में इस दिशा में नए नियम लागू किए जा रहे हैं।
आगे क्या
अब देखना होगा कि मुख्यमंत्री के आश्वासन के बाद संबंधित विभाग कितनी तेज़ी से ज़मीनी स्तर पर कदम उठाते हैं। गौतम बुद्ध नगर और गाजियाबाद जैसे तेज़ी से विस्तार पा रहे शहरी क्षेत्रों में अग्नि सुरक्षा ढाँचे को आधुनिक बनाना न केवल नीतिगत, बल्कि नागरिक सुरक्षा की दृष्टि से भी अनिवार्य हो गया है।