झारखंड: जमीन विवाद में किसान कैलाश यादव की पीट-पीटकर हत्या, बड़े भाई समेत 7 नामजद
सारांश
मुख्य बातें
झारखंड के चतरा जिले के हंटरगंज थाना क्षेत्र में 7 जुलाई को जमीन विवाद ने खूनी रूप ले लिया, जब डटमी गाँव के 50 वर्षीय किसान कैलाश यादव की लाठी-डंडों से पीट-पीटकर हत्या कर दी गई। मृतक की पत्नी सरोज देवी के बयान पर दर्ज प्राथमिकी में मृतक के सगे बड़े भाई विलास यादव समेत परिवार के 7 सदस्यों और दो नाबालिगों को नामजद किया गया है।
घटनाक्रम: कैसे हुई वारदात
मंगलवार को कैलाश यादव अपने हिस्से की जमीन पर खेत की जुताई कर रहे थे। इसी दौरान उनके बड़े भाई विलास यादव अपने परिवार के सदस्यों के साथ वहाँ पहुँचे। जमीन के स्वामित्व को लेकर दोनों पक्षों में पहले कहासुनी हुई, जो देखते ही देखते हिंसक झड़प में तब्दील हो गई। आरोप है कि कैलाश यादव पर लाठी-डंडों से ताबड़तोड़ हमला किया गया, जिससे उनकी मौके पर ही मौत हो गई।
वायरल वीडियो और पुलिस जाँच
घटना से जुड़ा एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है, जिसमें कथित तौर पर जमीन पर गिरे एक व्यक्ति को कई लोग मिलकर लाठियों से मारते दिखाई दे रहे हैं। उल्लेखनीय है कि इस वीडियो की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं की जा सकी है। थाना प्रभारी प्रभात कुमार के नेतृत्व में पुलिस टीम वीडियो और अन्य उपलब्ध साक्ष्यों की जाँच कर आरोपियों की भूमिका का सत्यापन कर रही है।
प्राथमिकी में नामजद आरोपी
हंटरगंज थाने में दर्ज हत्या के मामले में विलास यादव, उनकी पत्नी मालों देवी, पुत्र मिथिलेश यादव, कमलेश यादव, मनीष कुमार, सुनीता देवी तथा दो नाबालिगों को आरोपी बनाया गया है। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए कुछ आरोपियों को हिरासत में ले लिया है, जबकि फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी जारी है।
विवाद की पृष्ठभूमि
प्रारंभिक जाँच में सामने आया है कि दोनों भाइयों के बीच लंबे समय से उक्त जमीन को लेकर विवाद चला आ रहा था। स्थानीय लोगों के अनुसार, संपत्ति का बँटवारा पहले हो चुका था, लेकिन संबंधित भूमि पर दावे को लेकर तनाव बना हुआ था। यह ऐसे समय में आया है जब झारखंड में भूमि विवादों से जुड़ी हिंसा की घटनाएँ पहले भी सामने आती रही हैं।
क्या होगा आगे
घटना के बाद डटमी गाँव में तनाव की स्थिति को देखते हुए अतिरिक्त पुलिस बल तैनात कर दिया गया है। जाँच के दायरे में वायरल वीडियो का फोरेंसिक परीक्षण भी शामिल है। फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद मामले में आरोप-पत्र दाखिल किए जाने की उम्मीद है।