क्या कर्नाटक में कांग्रेस शासन के दौरान अधिकारियों को सुरक्षा नहीं मिलती?

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क्या कर्नाटक में कांग्रेस शासन के दौरान अधिकारियों को सुरक्षा नहीं मिलती?

सारांश

कर्नाटक में भाजपा ने मुख्य सचिव से सरकारी अधिकारियों की सुरक्षा को लेकर कड़ी कार्रवाई की मांग की है। आर. अशोक का कहना है कि कांग्रेस शासन में अधिकारियों को सुरक्षा नहीं मिलती, जिससे कई अधिकारियों ने आत्महत्या की है। क्या कर्नाटक में प्रशासन की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल उठ रहे हैं?

Key Takeaways

  • कर्नाटक में अधिकारियों की सुरक्षा एक बड़ा मुद्दा है।
  • भाजपा ने मुख्य सचिव से सख्त कार्रवाई की मांग की है।
  • कांग्रेस शासन के दौरान कई अधिकारियों ने आत्महत्या की है।

बेंगलुरु, 16 जनवरी (राष्ट्र प्रेस)। कर्नाटक में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने मुख्य सचिव से सरकारी अधिकारियों के साथ दुर्व्यवहार और मारपीट करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है।

विपक्ष के नेता आर. अशोक ने शुक्रवार को कर्नाटक की मुख्य सचिव शालिनी रजनीश को इस विषय में एक ज्ञापन सौंपा। अशोक ने मुख्य सचिव को अपने कार्यालय में बुलाकर इस मामले पर चर्चा की।

अशोक ने कहा कि कांग्रेस प्रशासन में अधिकारियों को कोई सुरक्षा नहीं है। हमने मुख्य सचिव से अपील की है कि वे अधिकारियों के साथ दुर्व्यवहार और मारपीट करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करें और अधिकारियों की सुरक्षा सुनिश्चित करें।

उन्होंने कहा कि कांग्रेस नेता राजीव गौड़ा द्वारा सिदलाघट्टा नगर आयुक्त अमृता गौड़ा के साथ अपशब्दों का प्रयोग करने के बावजूद मंत्री केएच मुनियप्पा ने इसे उचित ठहराया।

अशोक ने आरोप लगाया कि मुनियप्पा ने कहा कि राजीव गौड़ा एक अच्छे व्यक्ति हैं और इस महिला अधिकारी की गलती थी। अशोक ने कहा कि पिछले दो वर्षों में कई अधिकारियों ने आत्महत्या कर ली है।

उन्होंने कहा कि कांग्रेस के गुंडों ने सरकारी दफ्तरों को पार्टी दफ्तर में बदल दिया है। इसलिए मैंने मुख्य सचिव को कार्यालय में बुलाया और उनसे इस मामले पर चर्चा की तथा अपना विरोध व्यक्त किया। मैंने उनसे कहा कि अधिकारियों की सुरक्षा आपकी जिम्मेदारी है। पुलिस ने इस तरह की घटनाओं पर कार्रवाई नहीं की है।

अगर यह स्थिति बनी रही तो अधिकारियों को सुरक्षा नहीं मिलेगी। हमने मुख्य सचिव से कहा है कि दोषियों को सजा दिलाने के लिए कार्रवाई की जाए।

अशोक ने यह भी कहा कि अधिकारियों को या तो विरोध प्रदर्शन करना होगा या आत्महत्या करनी होगी। उन्होंने कहा कि ऐसा कोई नियम नहीं है कि अगर कोई अधिकारी पर हमला होता है तो उसे मीडिया से बात नहीं करनी चाहिए। उन्होंने नगर आयुक्त अमृता गौड़ा का समर्थन किया, जो कांग्रेस नेता के खिलाफ मीडिया से बात कर रही थीं।

अशोक ने कहा कि मैं शनिवार (17 जनवरी) को बल्लारी जाकर विरोध प्रदर्शन करूंगा। कानून व्यवस्था इतनी खराब हो गई है कि विधायकों के घरों पर गोलियां चलाई जा रही हैं। गृह विभाग के पास धन नहीं है, जिससे सुरक्षा प्रदान करना संभव नहीं हो पा रहा है। यही कारण है कि कानून व्यवस्था प्रभावित हुई है। यदि कानून व्यवस्था ठीक हो जाए, तो नए उद्योग आएंगे। लेकिन कानून व्यवस्था के अभाव में विकास संभव नहीं है।

Point of View

बल्कि प्रशासनिक कार्यों को भी सुचारु बनाता है।
NationPress
17/01/2026

Frequently Asked Questions

कर्नाटक में अधिकारियों को सुरक्षा क्यों नहीं मिल रही?
कांग्रेस शासन के दौरान अधिकारियों को सुरक्षा नहीं मिल रही है, जिसके कारण कई अधिकारियों ने आत्महत्या की है।
भाजपा ने मुख्य सचिव से क्या मांग की है?
भाजपा ने मुख्य सचिव से अधिकारियों के साथ दुर्व्यवहार करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।
आर. अशोक का क्या कहना है?
आर. अशोक का कहना है कि कांग्रेस प्रशासन में अधिकारियों को कोई सुरक्षा नहीं मिलती।
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