4 अगस्त 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

क्या करवा चौथ पर बाजारों में खास रौनक देखने को मिलती है, डिजाइनर करवे क्यों बने महिलाओं की पहली पसंद?

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
क्या करवा चौथ पर बाजारों में खास रौनक देखने को मिलती है, डिजाइनर करवे क्यों बने महिलाओं की पहली पसंद?

सारांश

इस साल करवा चौथ पर बाजारों में खास रौनक देखने को मिल रही है। महिलाएं सजने-संवरने के साथ-साथ विशेष डिजाइनर करवे और पूजा की थालियां खरीदने में लगी हैं। जानिए इस त्योहार की खासियत और बाजार की हलचल के बारे में।

मुख्य बातें

करवा चौथ का व्रत विवाहित महिलाओं के लिए महत्वपूर्ण है।
इस दिन महिलाएं सजने-संवरने पर ध्यान देती हैं।
बाजारों में करवे और पूजा के सामान की भरमार होती है।
इस साल करवा चौथ 10 अक्टूबर को मनाया जाएगा।
महिलाएं इस त्योहार की तैयारी पहले से शुरू कर देती हैं।

नई दिल्ली, 9 अक्टूबर (राष्ट्र प्रेस)। पूरे देश में करवा चौथ का त्योहार धूमधाम और आस्था के साथ मनाया जाता है। यह दिन हर विवाहित महिला के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण होता है, क्योंकि इस व्रत का संबंध पति की लंबी उम्र और अखंड सौभाग्य से है। इस अवसर पर बाजारों में भी विशेष रौनक देखी जाती है।

महिलाएं इस दिन दुल्हन की तरह सजती हैं। सुहाग का प्रतीक लाल साड़ी, सिंदूर, चूड़ियां, बिंदिया, महावर और गहनों से सजी महिलाएं अपने पति की लंबी आयु की प्रार्थना करती हैं। इस व्रत के लिए महिलाएं कई दिन पहले से ही तैयारी शुरू कर देती हैं। घरों में सजावट, पूजा की थालियां सजाना और करवे खरीदना सब पहले से किया जाता है।

गुरुवार को बाजारों में सुबह से भारी भीड़ रही। पंजाब के मोगा के बाजारों में महिलाएं मेंहदी लगवाने और पारंपरिक चूड़ियां खरीदने में व्यस्त थीं। मेंहदी कलाकारों की दुकानों पर महिलाओं की लंबी कतारें देखी गईं।

वहीं, वाराणसी में भी करवा चौथ के बाजारों में जबरदस्त रौनक दिखाई दी। दुकानों में पारंपरिक करवे, पूजा की थालियां और श्रृंगार के सामानों की भरमार है। इस बार मिट्टी और स्टील के डिजाइनर करवे खास आकर्षण बने हुए हैं। रंग-बिरंगे करवे और सुंदर सजावट की थालियां महिलाओं को काफी पसंद आ रही हैं।

व्यापारियों का कहना है कि इस बार पिछले सालों की तुलना में करवा चौथ के बाजार में ज्यादा रौनक है। खरीदारी बढ़ने से कारोबारियों के चेहरे पर मुस्कान है। महिलाएं पूरे उत्साह और श्रद्धा के साथ अपने इस प्रिय त्योहार की तैयारियों में जुटी हैं।

गौरतलब है कि करवा चौथ का व्रत हर साल कार्तिक माह की कृष्ण पक्ष की चतुर्थी तिथि को मनाया जाता है। इस दिन महिलाएं पूरे दिन निर्जला व्रत रखती हैं और रात में चंद्रमा को अर्घ्य देने के बाद ही व्रत खोलती हैं। इस बार करवा चौथ 10 अक्टूबर को मनाया जाएगा।

संपादकीय दृष्टिकोण

जिसमें न केवल विवाहित महिलाएं बल्कि उनके परिवार भी शामिल होते हैं। यह व्रत पति-पत्नी के रिश्ते को और मजबूत बनाता है और बाजारों की रौनक इस परंपरा की जीवंतता को दर्शाती है।
RashtraPress
4 अगस्त 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

करवा चौथ पर महिलाएं किस तरह की सजावट करती हैं?
महिलाएं इस दिन दुल्हन की तरह सजती हैं, लाल साड़ी, चूड़ियां और गहनों से सजी होती हैं।
करवा चौथ के लिए बाजार में क्या खास है?
इस दिन बाजारों में पारंपरिक करवे, पूजा की थालियां और श्रृंगार के सामानों की भरमार होती है।
करवा चौथ कब मनाया जाएगा?
इस साल करवा चौथ 10 अक्टूबर को मनाया जाएगा।
क्या करवा चौथ का व्रत केवल विवाहित महिलाओं के लिए है?
हां, करवा चौथ का व्रत मुख्य रूप से विवाहित महिलाओं द्वारा अपने पतियों के लिए किया जाता है।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 9 महीने पहले
  2. 9 महीने पहले
  3. 9 महीने पहले
  4. 9 महीने पहले
  5. 9 महीने पहले
  6. 9 महीने पहले
  7. 9 महीने पहले
  8. 10 महीने पहले