क्या 'रांझणा' से 'ब्रह्मास्त्र' तक, काशी सिनेमा जगत के लिए खास है?
सारांश
Key Takeaways
- काशी का महाश्मशान घाट विवादों में है।
- सिनेमा जगत के लिए काशी हमेशा से खास रही है।
- यहाँ सैकड़ों फिल्में शूट हो चुकी हैं।
- ब्रह्मास्त्र जैसी फिल्में भी यहाँ शूट हुई हैं।
- काशी की सांस्कृतिक धरोहर को सुरक्षित रखने की आवश्यकता है।
मुंबई, 19 जनवरी (राष्ट्र प्रेस)। वाराणसी, जिसे शिवनगरी भी कहा जाता है, का प्रसिद्ध महाश्मशान मणिकर्णिका घाट इस समय गंभीर विवाद में है। यहां राज्य सरकार और कांग्रेस सहित अन्य राजनीतिक दलों के बीच बयानबाजी जारी है। इस संदर्भ में, विपक्षी पार्टियों ने राज्य सरकार पर विकास के नाम पर सांस्कृतिक धरोहर को नष्ट करने का आरोप लगाया है। काशी हमेशा से सिनेमा जगत के लिए महत्वपूर्ण रही है।
गंगा की लहरें, घाटों की आध्यात्मिकता, और संकरी गलियों का अद्भुत मिलाजुला फिल्मकारों को बार-बार आकर्षित करता है। यहां कई फिल्मों की शूटिंग हो चुकी है, जिसमें न केवल बॉलीवुड बल्कि कई दक्षिण भारतीय फिल्मों का भी समावेश है।
रांझणा: साल 2013 में आई इस रोमांटिक ड्रामा फिल्म का निर्देशन आनंद एल राय ने किया। धनुष और सोनम कपूर की जोड़ी को बनारस की गलियों में चलते हुए देखा गया है। अस्सी घाट, गंगा आरती और संकरी गलियों में फिल्माई गई यह कहानी शहर की जीवंतता, जुनून और प्रेम को खूबसूरती से दर्शाती है।
मसान: निर्देशक नीरज घेवान की इस संवेदनशील फिल्म में विक्की कौशल और ऋचा चड्ढा मुख्य भूमिका में हैं। 2015 में आई यह फिल्म मणिकर्णिका घाट पर अंतिम संस्कार के दृश्यों के माध्यम से काशी की गहराई को छूती है। जाति, दुख, प्रेम और नई शुरुआत की कहानी बेहद प्रभावशाली है।
मुक्ति भवन: निर्देशक शुभाष कपूर की यह कॉमेडी-ड्रामा फिल्म आदिल हुसैन और ललित बेहल के साथ पूरी तरह से वाराणसी पर केंद्रित है। 'सैल्वेशन होटल' की कहानी में मौत का इंतजार, कॉमेडी और भावुकता का अनूठा संगम है। यह फिल्म 2016 में रिलीज हुई थी।
बनारस: निर्देशक पंकज पराशर की रहस्यमय प्रेम कहानी काशी विश्वनाथ मंदिर और कबीर आश्रम के दृश्यों से सजी है। बनारस की आध्यात्मिकता और रहस्य इस फिल्म की मुख्य थीम हैं। उर्मिला मातोंडकर ने इस फिल्म में मुख्य भूमिका निभाई है।
मोहल्ला अस्सी: निर्देशक चंद्रप्रकाश द्विवेदी की फिल्म सुनील शेट्टी और साक्षी तंवर के साथ अस्सी घाट और स्थानीय चाय की दुकान के दृश्यों के लिए प्रसिद्ध है। यह फिल्म अस्सी मोहल्ले की जीवन, संस्कृति और सामाजिक मुद्दों को दर्शाती है।
इसके अतिरिक्त, काशी में फिल्माए गए अन्य प्रमुख फिल्मों में अयान मुखर्जी की ब्रह्मास्त्र पार्ट वन: शिवा, निर्देशक अनिल शर्मा की भावुक पारिवारिक ड्रामा 'वनवास', जिसमें नाना पाटेकर, उत्कर्ष शर्मा और सिमरत कौर हैं। यह फिल्म अस्सी घाट और गंगा किनारे शूट की गई है और परिवार, संघर्ष और भावनाओं को गहराई से प्रदर्शित करती है। निर्देशक करण शर्मा की रोमांटिक कॉमेडी 'भूल चूक माफ' भी पूरी तरह वाराणसी की रंगीन गलियों, राजेंद्र प्रसाद घाट और गोदौलिया चौक में शूट की गई है।