कोलकाता एयरपोर्ट के एटीसी भवन में आग, उड़ान सेवाएं प्रभावित नहीं; जांच जारी
सारांश
मुख्य बातें
कोलकाता के नेताजी सुभाष चंद्र बोस इंटरनेशनल एयरपोर्ट स्थित एयर ट्रैफिक कंट्रोल (ATC) भवन के दूसरे तल पर 18 अगस्त 2026 की सुबह आग लग गई। दमकलकर्मियों और एयरपोर्ट अधिकारियों की त्वरित कार्रवाई से आग पर समय रहते काबू पा लिया गया और विमान सेवाएं निर्बाध रूप से जारी रहीं।
घटनाक्रम: कैसे लगी आग
एयरपोर्ट अधिकारियों के अनुसार, सुबह चार बजे सुरक्षाबलों और अन्य कर्मचारियों ने ATC भवन के दूसरे तल पर आग की लपटें और घने काले धुएं का गुबार देखा। तत्काल सूचना मिलते ही एयरपोर्ट परिसर के निकट स्थित दमकल विभाग की टीम मौके पर पहुँच गई।
चूँकि ATC भवन एयरपोर्ट का अत्यंत संवेदनशील और महत्वपूर्ण हिस्सा है, इसलिए राहत एवं बचाव कार्य के दौरान किसी भी प्रकार का जोखिम न लेते हुए सुनियोजित तरीके से आग बुझाई गई। बाद में कई अतिरिक्त दमकल गाड़ियाँ भी मौके पर पहुँचीं और प्रभावित क्षेत्र में कूलिंग प्रक्रिया शुरू की गई।
स्थिति सामान्य, उड़ानें अप्रभावित
एयरपोर्ट अधिकारियों ने पुष्टि की है कि आग पर पूरी तरह काबू पा लिया गया है। ATC संचालन में किसी प्रकार की बाधा या नुकसान की कोई सूचना नहीं है। पूरी बिल्डिंग को खाली कराने की आवश्यकता नहीं पड़ी, क्योंकि दमकलकर्मियों ने समय रहते आग के मुख्य स्रोत का पता लगा लिया। फिलहाल स्थिति पूरी तरह सामान्य है।
संभावित कारण: स्वतंत्रता दिवस सजावट में लापरवाही का संदेह
अधिकारियों के अनुसार, दमकलकर्मियों को संदेह है कि स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर भवन के दूसरे तल पर की गई सजावट इस हादसे की वजह बन सकती है। सजावट के दौरान कुछ छोटी लाइटें लगाई गई थीं और कथित तौर पर कमज़ोर तारों का इस्तेमाल किया गया था। आशंका जताई जा रही है कि इन्हीं लाइटों की वजह से शॉर्ट सर्किट हुआ और आग भड़की।
जांच जारी
इस हादसे के बाद पूरे मामले की जांच तेज कर दी गई है। जांचकर्ता यह पता लगाने की कोशिश कर रहे हैं कि सजावट कार्य के दौरान किस स्तर की लापरवाही बरती गई और इतनी कड़ी सुरक्षा के बावजूद संवेदनशील भवन में आग कैसे लगी। गौरतलब है कि ATC भवन जैसे अति-संवेदनशील प्रतिष्ठानों में अग्नि सुरक्षा मानकों का पालन अनिवार्य होता है, जिससे यह घटना सुरक्षा प्रोटोकॉल पर गंभीर सवाल खड़े करती है। जांच के नतीजे सामने आने के बाद ही आग के सटीक कारण की पुष्टि हो सकेगी।