एशियन गेम्स 2026: 15 मेडल जीतकर लौटी भारतीय शूटिंग टीम, परिनाज बोलीं — ओलंपिक 2028 में गोल्ड पर निशाना
सारांश
मुख्य बातें
भारतीय शूटिंग टीम ने एशियन गेम्स 2026 में कुल 15 मेडल — जिनमें 3 गोल्ड शामिल हैं — जीतकर शुक्रवार, 2 अक्टूबर को स्वदेश वापसी की। नई दिल्ली के इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर खिलाड़ियों का भव्य स्वागत किया गया। दो ब्रॉन्ज मेडल विजेता परिनाज कौर धालीवाल ने कहा कि उनकी नज़र अब ओलंपिक 2028 के गोल्ड पर टिकी है।
परिनाज की खुशी और ओलंपिक का संकल्प
परिनाज कौर धालीवाल ने टीम की वापसी पर कहा, 'मेरे पास शब्द नहीं हैं। यहां आकर और इतने शानदार अनुभव और इतने जबरदस्त स्वागत के साथ घर लौटकर मैं बहुत खुशनसीब महसूस कर रही हूं। मुझे बहुत खुशी है कि मैं दो मेडल जीत पाई, और यह सब बहुत बढ़िया रहा।' उन्होंने स्पष्ट किया कि अब उनका पूरा ध्यान ओलंपिक 2028 के लिए क्वालीफाई करने और वहाँ गोल्ड मेडल हासिल करने पर केंद्रित रहेगा।
अनीश की प्रतिक्रिया: 'शूटिंग का नाम रोशन किया'
भारतीय पुरुष शूटर अनीश ने टीम के समग्र प्रदर्शन पर कहा, 'हमारी शुरुआत बहुत अच्छी नहीं रही थी, लेकिन फिर हमने तीन गोल्ड मेडल जीते और कुल मिलाकर शूटिंग में काफी मेडल जीते हैं। तो, यह बहुत अच्छा प्रदर्शन रहा है।' उन्होंने यह भी कहा कि भारतीय शूटिंग टीम विश्व स्तर पर निरंतर अच्छा प्रदर्शन कर रही है और आगे ओलंपिक के लिए पूरी मेहनत के साथ तैयारी की जाएगी।
माहेश्वरी चौहान का एशियन गेम्स में यादगार डेब्यू
ब्रॉन्ज मेडल विजेता माहेश्वरी चौहान के लिए यह एशियन गेम्स में पहली भागीदारी थी। उन्होंने कहा, 'यह एशियन गेम्स में डेब्यू था और मैं बहुत खुशकिस्मत हूं कि मेडल जीतकर लौट रही हूं। मुझे लगता है कि अभी हमें लंबा सफर तय करना है, और यह एक बेहतरीन शुरुआत है।' उन्होंने यह भी कहा कि चीन जैसी शीर्ष टीमों के साथ प्रतिस्पर्धा करने का यह अनुभव भविष्य में बेहद काम आएगा।
टीम का मेडल टैली और आगे की राह
भारतीय शूटिंग टीम ने एशियन गेम्स 2026 में कुल 15 मेडल हासिल किए, जिनमें 3 गोल्ड मेडल शामिल हैं। यह ऐसे समय में आया है जब भारतीय शूटिंग विश्व स्तर पर लगातार अपनी पकड़ मज़बूत कर रही है। गौरतलब है कि ओलंपिक 2028 के लॉस एंजिलस संस्करण से पहले यह प्रदर्शन टीम के मनोबल और चयन प्रक्रिया दोनों के लिए महत्त्वपूर्ण साबित होगा। खिलाड़ियों का अगला लक्ष्य क्वालीफिकेशन इवेंट्स में शीर्ष प्रदर्शन कर ओलंपिक कोटा सुनिश्चित करना है।