28 जून 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

क्या कर्नाटक की जनता मुख्यमंत्री-उपमुख्यमंत्री की कुर्सी की लड़ाई से त्रस्त है? प्रदीप भंडारी

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
क्या कर्नाटक की जनता मुख्यमंत्री-उपमुख्यमंत्री की कुर्सी की लड़ाई से त्रस्त है? प्रदीप भंडारी

सारांश

क्या कांग्रेस की आंतरिक खींचतान कर्नाटक की जनता को प्रभावित कर रही है? भाजपा प्रवक्ता प्रदीप भंडारी ने मुख्यमंत्री और उपमुख्यमंत्री की कुर्सी की लड़ाई पर सवाल उठाए हैं। जानिए कर्नाटक की राजनीतिक स्थिति और जनता की प्रतिक्रिया के बारे में।

मुख्य बातें

कर्नाटक में नेतृत्व की लड़ाई भ्रष्टाचार और लूट की गारंटी कांग्रेस की आंतरिक खींचतान मुख्यमंत्री और उपमुख्यमंत्री का नाश्ता जनता का अपमान

नई दिल्ली, 2 नवंबर (राष्ट्र प्रेस)। सिद्धारमैया के नेतृत्व वाली कांग्रेस शासित कर्नाटक सरकार में नेतृत्व के मुद्दे पर राजनीतिक बयानबाजी का दौर जारी है। इस संदर्भ में भाजपा प्रवक्ता प्रदीप भंडारी ने मंगलवार को कांग्रेस पर तीखा हमला किया।

प्रदीप भंडारी ने कहा, "कर्नाटक में मुख्यमंत्री और उपमुख्यमंत्री कुर्सी की लड़ाई में व्यस्त हैं। इसलिए, कर्नाटक की जनता पूरी तरह से त्रस्त है। चाहे वे इडली खाएं या डोसा खाएं, लेकिन सच्चाई यह है कि कर्नाटक और राहुल गांधी का मॉडल आज देश के सामने है। जहां दोनों नेता कुर्सी की लड़ाई में उलझे रहते हैं। उन्हें इस बात की परवाह नहीं है कि कर्नाटक में पक्की सड़कों से ज्यादा गड्ढे हैं। उन्हें इस बात से कोई फर्क नहीं पड़ता कि कर्नाटक की सरकारी योजनाओं में भ्रष्टाचार हो रहा है और लूट मची हुई है।"

प्रदीप भंडारी ने कहा कि हिमाचल प्रदेश, कर्नाटक और तेलंगाना में कांग्रेस की सरकार है। यदि वह किसी चीज की गारंटी देती है तो वह लूट की गारंटी देती है। उनकी आपसी लड़ाई कर्नाटक की जनता का अपमान है, क्योंकि जनता ने कांग्रेस को पूर्ण बहुमत दिया था, लेकिन इसके बावजूद जनता की सेवा करने के बजाय कांग्रेस पार्टी आपसी कुर्सी की लड़ाई में व्यस्त है।

कर्नाटक में नेतृत्व को लेकर चल रही खींचतान के बीच उपमुख्यमंत्री डीके शिवकुमार और मुख्यमंत्री सिद्धारमैया ने एक ब्रेकफास्ट मीटिंग की थी। लगभग डेढ़ घंटे चली इस मुलाकात के बाद दोनों नेताओं ने संयुक्त रूप से मीडिया से कहा कि वे पूरी तरह एकजुट हैं और नेतृत्व के मुद्दे पर कांग्रेस सांसद राहुल गांधी तथा हाईकमान के फैसले का पालन करेंगे।

मुख्यमंत्री सिद्धारमैया ने कहा, "शिवकुमार और मैं भाई जैसे हैं और पार्टी के लिए मिलकर काम कर रहे हैं। जब भी हाईकमान तय करेगा, शिवकुमार मुख्यमंत्री बनेंगे।" उन्होंने बताया कि मंगलवार को वह शिवकुमार के घर नाश्ते के लिए पहुंचे। इससे पहले शिवकुमार उनके घर आए थे और उन्होंने अपने घर आने का निमंत्रण दिया था। उसी निमंत्रण पर यह बैठक आयोजित हुई।

संपादकीय दृष्टिकोण

बल्कि पूरे देश के लिए चिंता का विषय है।
RashtraPress
28 जून 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

कर्नाटक में वर्तमान राजनीतिक स्थिति क्या है?
कर्नाटक में कांग्रेस सरकार के नेता कुर्सी की लड़ाई में व्यस्त हैं जबकि जनता की समस्याएं अनदेखी हो रही हैं।
प्रदीप भंडारी ने क्या कहा?
प्रदीप भंडारी ने कहा कि मुख्यमंत्री और उपमुख्यमंत्री जनता की सेवा करने के बजाय कुर्सी की लड़ाई में लगे हुए हैं।
क्या यह स्थिति कर्नाटक की जनता को प्रभावित कर रही है?
हां, कर्नाटक की जनता इस स्थिति से त्रस्त है और उनकी समस्याओं पर ध्यान नहीं दिया जा रहा है।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 1 महीना पहले
  2. 5 महीने पहले
  3. 7 महीने पहले
  4. 7 महीने पहले
  5. 7 महीने पहले
  6. 7 महीने पहले
  7. 7 महीने पहले
  8. 12 महीने पहले