क्या जालना नगर निगम में एमवीए मेयर बनाएगी?: हर्षवर्धन सपकाल
सारांश
Key Takeaways
- महाविकास अघाड़ी जालना नगर निगम में मेयर बनाने का दावा कर रही है।
- चुनाव प्रचार डोर-टू-डोर अभियान पर केंद्रित है।
- कांग्रेस ने सभी सहयोगी दलों के साथ समन्वय स्थापित करने का प्रयास किया।
- भ्रष्टाचार और गुंडागर्दी पर सरकार पर हमला।
- कांग्रेस पार्टी के भीतर टिकट वितरण को लेकर चर्चा।
जालना, ८ जनवरी (राष्ट्र प्रेस)। कांग्रेस की महाराष्ट्र ईकाई के अध्यक्ष हर्षवर्धन सपकाल ने यह दावा किया है कि महाविकास अघाड़ी (एमवीए) जालना नगर निगम में मेयर की कुर्सी पर बैठाएगी।
उन्होंने कहा कि चुनाव प्रचार का समय अभी शुरू हुआ है और आने वाले दिनों में बड़े नेता प्रचार में सक्रिय होंगे। अभी के लिए, महाविकास अघाड़ी का ध्यान डोर-टू-डोर अभियान पर है।
हर्षवर्धन सपकाल ने बताया कि महाविकास अघाड़ी के भीतर बातचीत का क्रम लंबा चला, लेकिन कांग्रेस पार्टी ने सभी सहयोगी दलों के साथ समन्वय स्थापित करने का प्रयास किया है। उन्होंने स्वीकार किया कि कम्युनिकेशन गैप देखने को मिला, लेकिन अब स्थिति स्पष्ट है।
कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष ने टिकट आवंटन पर कहा, “किसे टिकट मिलेगा, इसका निर्णय मेरिट लिस्ट और उम्मीदवारों के प्रदर्शन तथा क्षमता के आधार पर किया गया है। पार्टी के अधिकारियों और कार्यकर्ताओं के लिए सोच-समझकर निर्णय लिया गया है।”
सपकाल ने कहा, “भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि विलासराव देशमुख के सभी सहयोगियों के नाम हटा दिए जाने चाहिए। यह बयान उनकी मानसिकता को दर्शाता है।”
उन्होंने दोहराया कि महाविकास अघाड़ी जालना में पूरी ताकत से चुनाव लड़ रही है। उन्होंने कहा, “हमें पूरा विश्वास है कि कांग्रेस समर्थित महाविकास अघाड़ी का ही मेयर चुना जाएगा। प्रचार अभी शुरू हुआ है और हम घर-घर जाकर लोगों से मिलने पर विशेष ध्यान दे रहे हैं।”
हर्षवर्धन सपकाल ने पार्टी छोड़ने वाले नेताओं पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा, “जो लोग भाजपा में जाना चाहते हैं, वे स्वतंत्र हैं। जिन १२ लोगों ने कांग्रेस छोड़ दी है, उन्हें पार्टी से निष्कासित कर दिया गया है।”
उन्होंने कहा, “कांग्रेस मुक्त भारत का दावा करने वाली भाजपा अब कांग्रेस युक्त भारत बन गई है।”
सपकाल ने प्रदेश सरकार पर भी हमला किया और आरोप लगाया कि महाराष्ट्र में भ्रष्टाचार और गुंडागर्दी अपने चरम पर पहुंच चुकी है।