18 जुलाई 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

क्या प्रदूषण के कारण छोटे बच्चे और बुजुर्ग बेहद परेशान हैं? सोनिया गांधी ने सरकार से उठाए कदम

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
क्या प्रदूषण के कारण छोटे बच्चे और बुजुर्ग बेहद परेशान हैं? सोनिया गांधी ने सरकार से उठाए कदम

सारांश

दिल्ली में प्रदूषण की गंभीरता पर विपक्ष ने सरकार के खिलाफ मोर्चा खोला है। सोनिया गांधी और प्रियंका गांधी ने बच्चों और बुजुर्गों की चिंता जताते हुए सरकार से ठोस कदम उठाने की अपील की है। क्या सरकार इस मुद्दे पर ध्यान देगी?

मुख्य बातें

दिल्ली में प्रदूषण की स्थिति गंभीर है।
सरकार को ठोस कदम उठाने की आवश्यकता है।
बच्चे और बुजुर्ग सबसे अधिक प्रभावित हैं।
विपक्ष ने सरकार के खिलाफ आवाज उठाई है।
प्रदूषण के खिलाफ जन जागरूकता जरूरी है।

नई दिल्ली, 4 दिसंबर (राष्ट्र प्रेस)। 'इंडिया' गठबंधन के सांसदों ने गुरुवार को संसद परिसर में दिल्ली-एनसीआर के क्षेत्रों में बढ़ते प्रदूषण के मुद्दे पर सरकार के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किया। विपक्ष ने आरोप लगाया कि जानलेवा हो चुका प्रदूषण लोगों की जान का दुश्मन बन रहा है, लेकिन सरकार को फर्क नहीं पड़ रहा।

प्रदूषण के खिलाफ प्रदर्शन में कांग्रेस संसदीय दल की अध्यक्ष सोनिया गांधी, पार्टी अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे, महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा, एनसीपी-एसपी की नेता सुप्रिया सुले और टीएमसी के कल्याण बनर्जी समेत विपक्ष के तमाम सांसद शामिल थे। मास्क पहनकर आए सांसदों ने वायु प्रदूषण के मुद्दे पर संसद में चर्चा की मांग की।

सोनिया गांधी ने मीडिया से बातचीत करते हुए कहा, "प्रदूषण के कारण छोटे-छोटे बच्चे और बुजुर्ग बेहद परेशान हैं। सरकार की जिम्मेदारी है कि वो प्रदूषण के खिलाफ कुछ करे।"

प्रियंका गांधी वाड्रा ने कहा कि दिल्ली में बच्चे और बुजुर्ग सांस नहीं ले पा रहे हैं। हर साल हालात बिगड़ते हैं, लेकिन सरकार ठोस कदम नहीं उठाती, सिर्फ बयानबाजी करती है। उन्होंने यह भी कहा कि सरकार प्रदूषण के खिलाफ कदम उठाए, हम सभी साथ खड़े हैं।

कांग्रेस सांसद रंजीत रंजन ने कहा, "प्रदूषण का मुख्य कारण दिल्ली की धूल है। 2014 में आपने लोगों से वादा किया था कि आप उन्हें एयर पॉल्यूशन से मुक्ति दिलाएंगे। अब हम आपको वह वादा याद दिला रहे हैं। समाधान के बारे में बात करें और चुनाव मोड से बाहर निकलें।"

कांग्रेस के सांसद अजय माकन ने कहा कि दिल्ली के अंदर प्रदूषण एक खतरनाक स्थिति में है। केंद्र और दिल्ली में एक ही पार्टी की सरकार है। सच्चाई ये है कि पिछले 10 साल में पब्लिक ट्रांसपोर्ट में कोई सुधार नहीं हुआ।

उन्होंने कहा कि जब 15 साल पहले हमारी सरकार पावर में थी, तो हमने पूरे ट्रांसपोर्ट सिस्टम को बदल दिया था और दिल्ली में पॉल्यूशन कंट्रोल करने के लिए 6 हजार सीएनजी बसें शुरू की थीं। तब से कोई नई बसें नहीं जोड़ी गई हैं। जब तक कंस्ट्रक्शन को रेगुलेट नहीं किया जाएगा, दिल्ली में पॉल्यूशन कम नहीं होगा।

संपादकीय दृष्टिकोण

बल्कि यह सरकार की जिम्मेदारी को भी उजागर करता है। प्रदूषण के प्रति सजग रहना और ठोस कदम उठाना अत्यंत आवश्यक है। यह मुद्दा पूरे देश के लिए महत्वपूर्ण है और हमें इसे गंभीरता से लेना चाहिए।
RashtraPress
18 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

दिल्ली में प्रदूषण का मुख्य कारण क्या है?
दिल्ली में प्रदूषण का मुख्य कारण धूल, वाहनों का अत्यधिक उपयोग और उद्योगों से निकलने वाले धुएं हैं।
क्या प्रदूषण से बच्चे और बुजुर्ग प्रभावित होते हैं?
हां, प्रदूषण के कारण छोटे बच्चे और बुजुर्ग स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं का सामना कर रहे हैं।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 7 महीने पहले
  2. 7 महीने पहले
  3. 7 महीने पहले
  4. 7 महीने पहले
  5. 7 महीने पहले
  6. 7 महीने पहले
  7. 7 महीने पहले
  8. 7 महीने पहले