माहिम चाकू हमला: तीन दिन की तलाश के बाद 19 वर्षीय अनस अंसारी वडाला से गिरफ्तार
सारांश
मुख्य बातें
माहिम पुलिस ने 29 जून 2026 को 19 वर्षीय अनस अंसारी को वडाला से गिरफ्तार किया — यह वही आरोपी है जिसने 25 जून की रात माहिम रेलवे स्टेशन के बाहर 35 वर्षीय नवीन प्रसन्ना पर चाकू से जानलेवा हमला किया था। तीन दिन की व्यापक तलाश और 100 से अधिक सीसीटीवी कैमरों के फुटेज की जांच के बाद यह गिरफ्तारी संभव हो सकी।
घटना का पूरा घटनाक्रम
25 जून की रात करीब 10 बजे पीड़ित नवीन प्रसन्ना काम से घर लौट रहा था। वह लोअर परेल से माहिम तक धीमी लोकल ट्रेन से आया था। माहिम रेलवे स्टेशन परिसर से बाहर निकलते समय अनजाने में उसकी टक्कर आरोपी अंसारी से हो गई, जिससे अंसारी के हाथ से मोबाइल फोन ज़मीन पर गिर गया।
प्रसन्ना ने तुरंत माफी मांगी, परंतु पुलिस के अनुसार आरोपी कथित तौर पर भड़क उठा, उसने प्रसन्ना का पीछा किया और चाकू से हमला कर दिया। गंभीर रूप से घायल प्रसन्ना को सायन अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहाँ उसका इलाज जारी है। पुलिस के अनुसार, प्रसन्ना माहिम के पीतांबर लेन स्थित कुरैशी महल कंपाउंड का निवासी है और लोअर परेल की एक निजी कंपनी में ऑफिस बॉय के रूप में कार्यरत है।
जांच और गिरफ्तारी
हमले के तुरंत बाद आरोपी अंसारी फरार हो गया था। जांचकर्ताओं ने उसकी गतिविधियों का पता लगाने के लिए 100 से अधिक सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगाले। सर्विलांस फुटेज के आधार पर पुलिस ने उसका पीछा करते हुए वडाला तक पहुँचकर उसे गिरफ्तार कर लिया। एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने बताया कि अंसारी मूल रूप से उत्तर प्रदेश के बरेली का रहने वाला है।
पुलिस के अनुसार, हमले के बाद आरोपी ने कथित तौर पर चाकू फेंक दिया था। हथियार बरामद करने की कोशिशें अभी भी जारी हैं और अंसारी से पूछताछ की जा रही है। माहिम पुलिस ने उसके खिलाफ विधिवत मामला दर्ज कर लिया है।
मुंबई में चाकू हमलों का बढ़ता सिलसिला
यह घटना ऐसे समय में सामने आई है जब मुंबई में सार्वजनिक स्थलों पर चाकू से हमले की घटनाएँ चिंताजनक रूप से बढ़ रही हैं। गौरतलब है कि महज तीन दिन पहले — 22 जून को — 22 वर्षीय मयंक लोहार की मुंबई की एक चलती लोकल ट्रेन में चाकू मारकर हत्या कर दी गई थी।
सरकारी रेलवे पुलिस (GRP) के अनुसार, लोहार और आरोपी रोशन सुवर्णा अंधेरी स्टेशन से ट्रेन में चढ़े थे। भारी बारिश के दौरान कोच का दरवाजा खुला रखने को लेकर हुई बहस ने हिंसक रूप ले लिया — सुवर्णा ने कथित तौर पर चाकू निकाला और लोहार के पेट में घोंप दिया, जिससे उसकी मौत हो गई। रेलवे पुलिस की छह टीमों के व्यापक अभियान के बाद 30 वर्षीय सुवर्णा को कुर्ला से गिरफ्तार किया गया था।
आगे क्या होगा
माहिम मामले में पुलिस की प्राथमिकता अभी हथियार — वह चाकू — बरामद करना है, जिसे अंसारी ने कथित तौर पर फेंक दिया था। अदालती कार्यवाही और आरोप-पत्र दाखिल होने की प्रक्रिया शुरू होने की उम्मीद है। इन दोनों घटनाओं के मद्देनज़र मुंबई पुलिस पर रेलवे स्टेशनों और सार्वजनिक परिवहन क्षेत्रों में सुरक्षा बढ़ाने का दबाव बढ़ता जा रहा है।