क्या ममता बनर्जी विधानसभा चुनाव में जीत हासिल करेंगी: सपा नेता रविदास मेहरोत्रा?

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क्या ममता बनर्जी विधानसभा चुनाव में जीत हासिल करेंगी: सपा नेता रविदास मेहरोत्रा?

सारांश

लखनऊ में सपा नेता रविदास मेहरोत्रा ने कहा है कि ममता बनर्जी की टीएमसी आगामी विधानसभा चुनाव में जीतकर सरकार बनाएगी। इस दौरान उन्होंने ईडी की छापेमारी और बीजेपी के दुरुपयोग पर भी टिप्पणी की। जानें इस विवाद के पीछे की सच्चाई।

Key Takeaways

  • ममता बनर्जी का विधानसभा चुनाव में जीत का दावा
  • ईडी की छापेमारी पर विरोध जताना
  • भाजपा पर दुरुपयोग का आरोप
  • विपक्ष की एकजुटता की आवश्यकता
  • बीएमसी चुनाव परिणामों का विश्लेषण

लखनऊ, 16 जनवरी (राष्ट्र प्रेस)। समाजवादी पार्टी (सपा) के नेता रविदास मेहरोत्रा ने यह दावा किया है कि पश्चिम बंगाल में होने वाले विधानसभा चुनाव में ममता बनर्जी की टीएमसी एक बार फिर सरकार बनाएगी।

यह बयान उस समय आया है, जब हाल ही में ईडी ने कोलकाता में आईपैक पर छापा मारा।

इस दौरान, पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने ईडी की रेड का विरोध किया और पुलिस बल के साथ रेड वाली जगह पर पहुंची, वहां से आवश्यक दस्तावेज ले आई। ममता बनर्जी और ईडी का यह मामला सुप्रीम कोर्ट पहुंचा, जहां सरकार को फटकार भी मिली।

सुप्रीम कोर्ट में हुई सुनवाई पर सपा नेता ने कहा कि हम कोर्ट का सम्मान करते हैं और जो भी फैसला आएगा, हम उसका स्वागत करने के लिए तैयार हैं।

उन्होंने यह भी कहा कि पश्चिम बंगाल में भाजपा के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार ने ईडी की छापेमारी की। जब भी भाजपा कहीं चुनाव हारती है, तो वह विपक्षी नेताओं पर झूठे मामले दर्ज कराने या छापे मारने के लिए ईडी, सीबीआई और आयकर विभाग का दुरुपयोग करती है। इस प्रकार पश्चिम बंगाल में ममता बनर्जी को भी निशाना बनाया गया था।

उन्होंने दावाममता बनर्जी की पार्टी जीतेगी, पुनः सरकार बनाएगी और ममता बनर्जी फिर से मुख्यमंत्री बनेंगी।

बीएमसी चुनाव के परिणामों पर सपा के वरिष्ठ नेता ने कहा कि यदि विपक्षी दल एकजुट होकर चुनाव लड़ते, तो नतीजे बिल्कुल उलट होते। भाजपा ने चुनाव में भारी मात्रा में धन का उपयोग किया और विभिन्न प्रशासनिक संसाधनों का लाभ उठाया। इसलिए महायुति गठबंधन को 118 सीटें मिलीं, जबकि विपक्ष को केवल 87 सीटें ही हासिल हुईं। यदि विपक्ष एक साथ लड़ता, तो बीएमसी में स्पष्ट बहुमत विपक्ष के पक्ष में होता और मेयर भी विपक्षी दल से होता।

Point of View

क्योंकि यह आगामी विधानसभा चुनावों में एक महत्वपूर्ण मोड़ पेश कर रहा है। ममता बनर्जी की टीएमसी और भाजपा के बीच तीव्र प्रतिस्पर्धा का संकेत है, जो देश के राजनीतिक परिदृश्य को प्रभावित कर सकता है।
NationPress
17/01/2026

Frequently Asked Questions

ममता बनर्जी की पार्टी टीएमसी का क्या भविष्य है?
रविदास मेहरोत्रा के अनुसार, टीएमसी आगामी विधानसभा चुनाव में जीत हासिल करेगी।
ईडी की छापेमारी का क्या असर होगा?
सपा नेता के अनुसार, यह भाजपा का एक राजनीतिक हथकंडा है जो चुनावी माहौल को प्रभावित कर सकता है।
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