क्या वोट ही असली ताकत है, एसआईआर में भाग लेने के लिए मायावती की अपील?

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क्या वोट ही असली ताकत है, एसआईआर में भाग लेने के लिए मायावती की अपील?

सारांश

बसपा प्रमुख मायावती ने एसआईआर के महत्व पर जोर दिया है। उन्होंने बहुजन समाज से अपील की कि वे जागरूकता के साथ इसमें सक्रिय भाग लें। यह वोट ही उनकी असली ताकत है, जो उन्हें सशक्त बना सकती है। जानिए उन्होंने क्या कहा।

मुख्य बातें

एसआईआर का महत्व बहुजन समाज की सक्रिय भागीदारी वोट की शक्ति आर्थिक और राजनीतिक मुद्दों पर विचार बाबा साहेब का योगदान

लखनऊ, 6 दिसंबर (राष्ट्र प्रेस)। बसपा की प्रमुख मायावती ने चुनाव आयोग द्वारा आयोजित मतदाता सूची के विशेष सघन पुनरीक्षण (एसआईआर) को अत्यंत महत्वपूर्ण बताया है। उन्होंने बहुजन समाज से अपील की है कि वे जागरूकता के साथ इसमें सक्रिय भागीदारी करें।

डॉक्टर भीमराव अम्बेडकर के परिनिर्वाण दिवस पर, मायावती ने उनके चित्र पर माल्यार्पण कर श्रद्धांजलि अर्पित की। इस अवसर पर उन्होंने देशभर में बाबा साहेब के अनुयायियों द्वारा अर्पित श्रद्धांजलि के लिए विशेष रूप से उत्तर प्रदेश सहित सभी समर्थकों का आभार व्यक्त किया।

मायावती ने कहा कि स्वतंत्रता दिवस, गणतंत्र दिवस, और बाबा साहेब की जयंती-पुण्यतिथि जैसे राष्ट्रीय अवसरों पर यह सवाल उठता है कि संविधान द्वारा प्रदत्त मानवतावादी व कल्याणकारी उद्देश्यों पर आधारित बहुजन समाज के आत्म-सम्मान और स्वाभिमान वाले “अच्छे दिन” कब आएंगे?

उन्होंने यह भी कहा कि दलितों, आदिवासियों, पिछड़े वर्गों और अन्य वंचित समाज के करोड़ों लोगों के लिए समान अवसर और सशक्त जीवन अब भी एक सपना बना हुआ है, जबकि बाबा साहेब ने इन्हें उनका वैधानिक अधिकार दिलाने के लिए जीवनभर संघर्ष किया।

मायावती ने कहा कि बहुजन समाज को अपनी सबसे बड़ी शक्ति—वोट—को पहचानना चाहिए और उसकी रक्षा करनी चाहिए। इसी क्रम में उन्होंने चुनाव आयोग द्वारा कराए जा रहे मतदाता सूची के विशेष सघन पुनरीक्षण (एसआईआर) को अत्यंत महत्वपूर्ण बताते हुए अपील की कि बहुजन समाज इसमें सक्रिय भागीदारी करे।

बसपा प्रमुख ने आरोप लगाया कि जातिवादी पार्टियों के राज में बहुजन समाज की वास्तविक तरक्की संभव नहीं है। उन्होंने कहा कि बहुजन समाज को सत्ता के केंद्र से दूर रखने के लिए राजनीतिक षड्यंत्रों का सहारा लिया जा रहा है। मायावती ने देश में रुपये के भारी अवमूल्यन पर भी चिंता व्यक्त की और कहा कि यह मुद्दा आर्थिक ही नहीं, बल्कि राजनीतिक महत्व का बन गया है।

उन्होंने सरकार से ठोस समाधान प्रस्तुत करने की मांग की। उत्तर प्रदेश के विभिन्न मंडलों में आयोजित कार्यक्रमों में, लखनऊ की गोमती नदी के किनारे स्थित डॉ. भीमराव अम्बेडकर सामाजिक परिवर्तन स्थल पर बड़ी संख्या में अनुयायी एकत्र हुए। इसी प्रकार पश्चिमी यूपी, दिल्ली और उत्तराखंड के लोगों ने नोएडा स्थित राष्ट्रीय दलित प्रेरणा स्थल में एकत्र होकर बाबा साहेब को नमन किया। यहां बसपा के राष्ट्रीय संयोजक आकाश आनंद ने भी श्रद्धा सुमन अर्पित किए।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

मायावती ने एसआईआर के बारे में क्या कहा?
मायावती ने एसआईआर को बेहद महत्वपूर्ण बताते हुए बहुजन समाज से इसमें सक्रिय भाग लेने की अपील की।
क्या मायावती ने किसी विशेष अवसर पर श्रद्धांजलि दी?
हां, उन्होंने डॉक्टर भीमराव अम्बेडकर के परिनिर्वाण दिवस पर श्रद्धांजलि अर्पित की।
मायावती ने किस मुद्दे पर चिंता व्यक्त की?
उन्होंने देश में रुपये के भारी अवमूल्यन पर चिंता व्यक्त की।
राष्ट्र प्रेस
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