दिल्ली-NCR में अगले 6 दिन 40°C से नीचे रहेगा पारा, 20-21 जून को गरज-चमक के साथ बारिश का अनुमान
सारांश
मुख्य बातें
भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के ताज़ा पूर्वानुमान के अनुसार दिल्ली-NCR के निवासियों को भीषण गर्मी और उमस से राहत मिलने वाली है। 20 जून से 25 जून 2025 तक अधिकतम तापमान 40 डिग्री सेल्सियस से नीचे बना रहेगा और बीच-बीच में हल्की बारिश व बादलों की आवाजाही मौसम को सुहावना बनाए रखेगी। यह राहत ऐसे समय में आई है जब पिछले कई दिनों से पारा लगातार ऊँचा बना हुआ था।
तारीख़वार तापमान का पूर्वानुमान
IMD के आँकड़ों के अनुसार 20 जून को अधिकतम तापमान 38 डिग्री और न्यूनतम 26 डिग्री सेल्सियस रहने का अनुमान है। 21 जून को भी अधिकतम तापमान 38 डिग्री और न्यूनतम 27 डिग्री सेल्सियस रहने की संभावना जताई गई है।
22 जून को अधिकतम तापमान 37 डिग्री और न्यूनतम 27 डिग्री, तथा 23 जून को अधिकतम 37 डिग्री और न्यूनतम 26 डिग्री सेल्सियस रहने का अनुमान है। 24 जून को अधिकतम तापमान 38 डिग्री और न्यूनतम 27 डिग्री, जबकि 25 जून को अधिकतम 38 डिग्री और न्यूनतम 26 डिग्री सेल्सियस रहने की संभावना है।
बारिश और बादलों की स्थिति
मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार 20 और 21 जून को एनसीआर में गरज-चमक के साथ बारिश की संभावना है। इसके बाद 22 जून से 25 जून तक आसमान में आंशिक बादल छाए रहने की उम्मीद है, हालाँकि इस अवधि में तेज़ लू चलने की आशंका कम है।
गौरतलब है कि मौसम विभाग ने आगामी छह दिनों के लिए कोई विशेष चेतावनी जारी नहीं की है, जो इस बात का संकेत है कि स्थिति सामान्य और प्रबंधनीय रहेगी।
मौसम बदलाव के कारण
मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार पश्चिमी विक्षोभ और नमी युक्त हवाओं के संयुक्त प्रभाव से वातावरण में यह बदलाव देखने को मिल रहा है। इन्हीं कारणों से बारिश और बादलों की गतिविधियाँ बढ़ रही हैं और दिन के तापमान में गिरावट दर्ज हो सकती है।
विशेषज्ञों का कहना है कि हल्की बारिश की फुहारें लोगों को तपती गर्मी और चिपचिपी उमस से कुछ हद तक राहत देंगी। हालाँकि दोपहर के समय उमस का असर पूरी तरह समाप्त नहीं होगा।
आम जनता पर असर
पिछले कई दिनों से दिल्ली-NCR में पारा 40 डिग्री सेल्सियस के पार बना हुआ था, जिससे बाहर काम करने वाले मज़दूरों, छात्रों और आम नागरिकों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा था। आगामी सप्ताह में तापमान 37-38 डिग्री के बीच रहने से राहत महसूस होगी।
यह ऐसे समय में आई राहत है जब जून के महीने में उत्तर भारत में गर्मी का प्रकोप आमतौर पर अपने चरम पर होता है। मौसम विभाग के अनुसार आने वाले दिनों में मानसून की प्रगति के साथ स्थिति में और सुधार की संभावना है।