भ्रष्टाचार के आरोपों से घिरी केजरीवाल सरकार, अन्ना आंदोलन के समर्थक अब विरोध में
सारांश
Key Takeaways
- भ्रष्टाचार के आरोपों से घिरी आप पार्टी
- अन्ना आंदोलन के समर्थक अब केजरीवाल के खिलाफ
- पंजाब में भय का माहौल
- कानून-व्यवस्था की स्थिति चिंताजनक
- जनता की जवाबदेही की मांग
चंडीगढ़, 3 अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता तरुण चुघ ने शुक्रवार को पंजाब की भगवंत मान सरकार और आम आदमी पार्टी (आप) के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल पर तीखा हमला करते हुए दोहरे चेहरे की राजनीति, भ्रष्टाचार और सत्ता के दुरुपयोग के गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने कहा कि अब जनता जवाब मांग रही है।
तरुण चुघ ने कहा कि जो लोग कभी अन्ना हजारे के आंदोलन में शामिल थे और बदलाव की राजनीति के लिए केजरीवाल के साथ खड़े थे, वे अब उनके खिलाफ खड़े होते नजर आ रहे हैं। उन्होंने कुमार विश्वास, स्वाति मालीवाल, किरण बेदी, प्रशांत भूषण और आशुतोष जैसे नामों का जिक्र करते हुए कहा कि यह एक लंबी सूची है, जो पार्टी के असली चेहरे के सामने आने के बाद अलग हो गए। उन्होंने आरोप लगाया कि आप का चेहरा लोकतंत्र, संविधान और राष्ट्रीय शक्तियों के खिलाफ बन गया है। चुघ ने कहा कि पार्टी पर लूट, भ्रष्टाचार, जालसाजी और उगाही जैसे गंभीर आरोप लग रहे हैं। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि जो लोग पहले लाल बत्ती और विशेष सुविधाओं का विरोध करते थे, वही अब जेल में भी रेड कारपेट चाहते हैं।
भाजपा नेता ने आरोप लगाया कि पंजाब के संसाधनों का duruupayog किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि राज्य के विमान का उपयोग गोवा और गुजरात जैसे राज्यों के दौरे के लिए किया जा रहा है, जिससे पंजाब की जनता के पैसे की बर्बादी हो रही है। उन्होंने तथाकथित “शीश महल” पर भी सवाल उठाते हुए कहा कि करोड़ों रुपये के इंटीरियर्स से आम आदमी पार्टी की कथनी और करनी का अंतर साफ दिखाई देता है। उन्होंने आगे कहा कि आप नेताओं के साथ यूज एंड थ्रो नीति अपनाई जाती है। उन्होंने राघव चड्ढा सहित कई नेताओं का जिक्र करते हुए कहा कि जो भी पार्टी के भीतर लोकतांत्रिक या सकारात्मक सवाल उठाता है, उसे बाहर का रास्ता दिखा दिया जाता है।
पंजाब की कानून-व्यवस्था पर सवाल उठाते हुए चुघ ने कहा कि राज्य में हाल के समय में करीब 20 बड़े धमाके और ग्रेनेड हमले हुए हैं, जिनमें पुलिस स्टेशनों, मंदिरों और यहां तक कि भाजपा मुख्यालय को भी निशाना बनाया गया। उन्होंने इसे बेहद चिंताजनक और दुर्भाग्यपूर्ण बताया। उन्होंने आरोप लगाया कि राज्य में रंगदारी, उगाही और दबाव बनाकर टेंडर लेने जैसी गतिविधियां बढ़ रही हैं। चुघ के मुताबिक, उद्योगपतियों, डॉक्टरों और किसानों से उगाही की जा रही है, जबकि ड्रग, ट्रांसपोर्ट और खनन माफिया सक्रिय होकर पंजाब को नुकसान पहुंचा रहे हैं।
भगवंत मान सरकार पर निशाना साधते हुए, उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री राज्य की समस्याओं से दूर हैं और अपने नेतृत्व की जिम्मेदारियों को सही तरीके से नहीं निभा पा रहे हैं। उन्होंने कहा कि पंजाब में भय का माहौल है और यहां तक कि पुलिसकर्मी भी खुद को सुरक्षित महसूस नहीं कर रहे हैं।
चंडीगढ़ भाजपा के अधीन है, भगवंत मान के इन आरोपों पर प्रतिक्रिया देते हुए चुघ ने कहा कि राज्य में कानून-व्यवस्था की स्थिति बिगड़ती जा रही है, लेकिन सरकार जिम्मेदारी लेने के बजाय दूसरों पर आरोप मढ़ रही है। पंजाब की जनता अब जवाब चाहती है और आने वाले समय में सरकार को इन सभी मुद्दों पर जवाब देना होगा।