15 सितंबर 2026
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केजरीवाल का BJP पर बड़ा हमला: पंजाब में 80% नशा भाजपा शासित राज्यों से, सीखें सबक

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केजरीवाल का BJP पर बड़ा हमला: पंजाब में 80% नशा भाजपा शासित राज्यों से, सीखें सबक

सारांश

केजरीवाल ने BJP पर बड़ा हमला बोलते हुए कहा कि पंजाब में अब 80% नशा पाकिस्तान नहीं, बल्कि गुजरात, राजस्थान और हरियाणा जैसे भाजपा-शासित राज्यों से आ रहा है। मुंद्रा पोर्ट पर केंद्र को घेरते हुए उन्होंने भाजपा से पंजाब के नशा-विरोधी मॉडल से सीख लेने की अपील की।

मुख्य बातें

अरविंद केजरीवाल ने 15 सितंबर 2026 को आरोप लगाया कि पंजाब में लगभग 80 फीसदी नशा भाजपा-शासित राज्यों से आ रहा है।
2022 से पहले पंजाब में 80% ड्रग्स पाकिस्तान से आती थी; अब यह घटकर 20% रह गई है।
केजरीवाल ने गुजरात के मुंद्रा पोर्ट के रास्ते नशे की खेप आने का आरोप लगाते हुए केंद्र सरकार को जिम्मेदार ठहराया।
भाजपा गुजरात में करीब 30 वर्षों से सत्ता में है, फिर भी नशा नियंत्रण पूरी तरह नहीं हो पाया: केजरीवाल।
AAP मीडिया प्रभारी अनुराग ढांडा ने एक्स पर BJP पर सवाल उठाए।

आम आदमी पार्टी (AAP) के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने 15 सितंबर 2026 को नई दिल्ली में भारतीय जनता पार्टी (BJP) पर तीखा हमला बोलते हुए आरोप लगाया कि पंजाब में अब लगभग 80 फीसदी नशे की सप्लाई भाजपा-शासित राज्यों से हो रही है। उन्होंने भाजपा से अपील की कि वह पंजाब सरकार के नशा-विरोधी प्रयासों से सीख लेकर अपने राज्यों में भी ठोस कार्रवाई करे।

मुख्य आरोप: पाकिस्तान से भाजपा राज्यों की तरफ बदला नशे का रास्ता

केजरीवाल के अनुसार, जब 2022 में पंजाब में AAP की सरकार बनी थी, उस समय राज्य में आने वाली लगभग 80 फीसदी ड्रग्स पाकिस्तान से आने का दावा किया जाता था। उन्होंने कहा कि पंजाब सरकार ने एंटी-ड्रोन सिस्टम सहित कई कड़े कदम उठाकर सीमा पार से आने वाली ड्रग्स पर काफी हद तक अंकुश लगाया है।

केजरीवाल के मुताबिक, अब पाकिस्तान से आने वाली ड्रग्स का हिस्सा घटकर करीब 20 फीसदी रह गया है। इसके विपरीत, कथित तौर पर गुजरात, राजस्थान, हरियाणा, उत्तर प्रदेश और दिल्ली जैसे भाजपा-शासित या भाजपा-प्रभावित राज्यों से पंजाब में नशे की लगभग 80 फीसदी आपूर्ति हो रही है।

मुंद्रा पोर्ट पर केंद्र सरकार को घेरा

केजरीवाल ने विशेष रूप से गुजरात के मुंद्रा पोर्ट का उल्लेख करते हुए केंद्र सरकार पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि इस बंदरगाह के रास्ते देश में नशे की खेप पहुँच रही है और इसे रोकने में केंद्र सरकार नाकाम रही है। उनका तर्क था कि भारत में आने वाले नशे को रोकने की सीधी जिम्मेदारी केंद्र सरकार की है।

गौरतलब है कि गुजरात में भाजपा करीब 30 वर्षों से सत्ता में है। केजरीवाल ने इसी सन्दर्भ में कहा कि इतने लंबे शासनकाल के बावजूद वहाँ नशे के कारोबार पर पूरी तरह रोक नहीं लग पाई है। उन्होंने BJP पर निशाना साधते हुए कहा कि या तो सरकार नशे के कारोबार को रोकने में नाकाम है, या फिर वह इसे रोकना नहीं चाहती।

AAP की पंजाब सरकार के प्रयासों का बखान

केजरीवाल ने कहा कि पंजाब सरकार ने नशे के खिलाफ जो कदम उठाए हैं, उनसे भाजपा को प्रेरणा लेनी चाहिए। उन्होंने भाजपा को सलाह दी कि पंजाब में नशे के खिलाफ यात्राएं निकालने की बजाय अपने शासित राज्यों में ठोस प्रशासनिक कार्रवाई करे। उन्होंने कहा कि हर मुद्दे को राजनीतिक रंग देने के बजाय सभी सरकारों को मिलकर नशे की समस्या खत्म करने पर ध्यान देना चाहिए।

AAP नेता अनुराग ढांडा ने भी साधा निशाना

आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय मीडिया प्रभारी अनुराग ढांडा ने भी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर भाजपा पर सवाल दागे। उन्होंने आरोप लगाया कि पंजाब में 80 फीसदी ड्रग्स भाजपा-शासित राज्यों से आ रही है और इसे रोका क्यों नहीं जा रहा है। ढांडा ने यहाँ तक सवाल उठाया कि क्या भाजपा ड्रग तस्करों के साथ मिलकर देशभर में नशे को बढ़ावा देना चाहती है।

आगे क्या

यह ऐसे समय में आया है जब पंजाब में नशे की समस्या लंबे समय से राजनीतिक विवाद का केंद्र रही है और आगामी राज्य चुनावी चक्रों में यह मुद्दा और तेज होने की संभावना है। भाजपा की ओर से केजरीवाल के इन आरोपों पर तत्काल कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि AAP इस मुद्दे को राष्ट्रीय स्तर पर भाजपा के खिलाफ एक प्रमुख राजनीतिक हथियार के रूप में इस्तेमाल करने की रणनीति पर काम कर रही है।

संपादकीय दृष्टिकोण

इन दावों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है और ड्रग सप्लाई चेन के आँकड़े अक्सर कानून-प्रवर्तन एजेंसियों के बीच भी विवादित रहते हैं। मुख्यधारा की कवरेज यह नज़रअंदाज़ कर देती है कि नशे की तस्करी एक बहु-राज्यीय, बहु-एजेंसी समस्या है जिसे किसी एक सरकार की सफलता या विफलता के रूप में सरलीकृत नहीं किया जा सकता। असली जवाबदेही के लिए केंद्रीय और राज्य एजेंसियों के साझा, सत्यापन-योग्य डेटा की ज़रूरत है — जो अभी तक सार्वजनिक नहीं हुआ।
RashtraPress
15 सितंबर 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

केजरीवाल ने BJP पर नशे को लेकर क्या आरोप लगाए हैं?
केजरीवाल ने 15 सितंबर 2026 को दावा किया कि पंजाब में अब लगभग 80 फीसदी नशा गुजरात, राजस्थान, हरियाणा, उत्तर प्रदेश और दिल्ली जैसे भाजपा-शासित राज्यों से आ रहा है। उन्होंने भाजपा पर आरोप लगाया कि या तो सरकार इसे रोकने में नाकाम है या इसे रोकना नहीं चाहती।
पंजाब में ड्रग्स की स्थिति 2022 से कैसे बदली है?
केजरीवाल के अनुसार, 2022 में AAP सरकार बनने से पहले पंजाब में करीब 80 फीसदी ड्रग्स पाकिस्तान से आती थी। एंटी-ड्रोन सिस्टम सहित कई कदमों के बाद यह घटकर 20 फीसदी रह गई है, हालाँकि इन आँकड़ों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।
मुंद्रा पोर्ट का नशे के मुद्दे से क्या संबंध है?
केजरीवाल ने आरोप लगाया कि गुजरात के मुंद्रा पोर्ट के रास्ते देश में नशे की खेप पहुँच रही है। उन्होंने कहा कि इसे रोकना केंद्र सरकार की जिम्मेदारी है और वह इसमें नाकाम रही है।
AAP के अनुराग ढांडा ने क्या कहा?
AAP के राष्ट्रीय मीडिया प्रभारी अनुराग ढांडा ने एक्स पर सवाल किया कि यदि भाजपा-शासित राज्यों से नशे की सप्लाई पंजाब पहुँच रही है, तो उसे रोका क्यों नहीं जा रहा। उन्होंने यह भी सवाल उठाया कि क्या भाजपा ड्रग तस्करों के साथ मिलकर देशभर में नशे को बढ़ावा देना चाहती है।
केजरीवाल ने भाजपा को क्या सुझाव दिया?
केजरीवाल ने भाजपा को सलाह दी कि वह पंजाब में नशे के खिलाफ यात्राएं निकालने की बजाय अपने शासित राज्यों में ठोस प्रशासनिक कदम उठाए। उन्होंने कहा कि सभी सरकारों को मिलकर नशे की समस्या खत्म करने के लिए काम करना चाहिए।
राष्ट्र प्रेस
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