राज्यसभा उपचुनाव 18 जून: महाराष्ट्र-तमिलनाडु की 2 सीटें, 10 राज्यों में 24 सीटों पर द्विवार्षिक चुनाव
सारांश
मुख्य बातें
भारतीय निर्वाचन आयोग (ECI) ने 22 मई 2026 को महाराष्ट्र और तमिलनाडु की एक-एक रिक्त राज्यसभा सीट पर उपचुनाव की घोषणा की है। दोनों सीटें संबंधित सदस्यों के इस्तीफे के बाद खाली हुई हैं और 18 जून 2026 को मतदान एवं मतगणना एक ही दिन सम्पन्न होगी। इसके साथ ही आयोग ने 10 राज्यों में राज्यसभा की 24 सीटों पर द्विवार्षिक चुनावों की भी घोषणा की है।
सीटें रिक्त होने का कारण
महाराष्ट्र में सुनेत्रा पवार ने 6 मई 2026 को राज्यसभा सदस्यता से इस्तीफा दिया। उनका कार्यकाल 4 जुलाई 2028 तक था, किंतु विधायक निर्वाचित होने के बाद उन्होंने पद छोड़ दिया। तमिलनाडु में ऑल इंडिया अन्ना द्रविड़ मुनेत्र कषगम (AIADMK) नेता सी.वी. शनमुगम ने 7 मई 2026 को तमिलनाडु विधानसभा चुनाव में मैलाम क्षेत्र से निर्वाचित होने के बाद राज्यसभा सदस्यता से इस्तीफा दिया। उनका कार्यकाल 29 जून 2028 को समाप्त होना था।
उपचुनाव की प्रमुख तारीखें
चुनाव आयोग के अनुसार, 1 जून 2026 को अधिसूचना जारी की जाएगी और 8 जून 2026 नामांकन दाखिल करने की अंतिम तिथि होगी। 18 जून 2026 को मतदान होगा और उसी दिन परिणाम घोषित किए जाएंगे। आयोग ने स्वतंत्र एवं निष्पक्ष चुनाव सुनिश्चित करने के लिए पर्यवेक्षकों की नियुक्ति का भी निर्देश दिया है।
10 राज्यों में 24 सीटों पर द्विवार्षिक चुनाव
जून-जुलाई 2026 में 10 राज्यों के 24 राज्यसभा सदस्यों का कार्यकाल समाप्त होने वाला है। इन सभी सीटों के लिए भी 18 जून 2026 को मतदान निर्धारित है। राज्यवार सीटों का विवरण इस प्रकार है — आंध्र प्रदेश, कर्नाटक और गुजरात में चार-चार सीटें; मध्य प्रदेश और राजस्थान में तीन-तीन सीटें; झारखंड में दो सीटें; तथा अरुणाचल प्रदेश, मिजोरम, मणिपुर और मेघालय में एक-एक सीट।
चुनाव प्रक्रिया और निगरानी
आयोग ने स्पष्ट किया है कि उपचुनाव और द्विवार्षिक चुनाव दोनों एक साथ 18 जून को आयोजित होंगे। राज्यसभा चुनावों में मतदाता विधानसभा के निर्वाचित सदस्य होते हैं, इसलिए मतदाता संख्या सीमित रहती है। निष्पक्ष प्रक्रिया के लिए पर्यवेक्षकों की नियुक्ति कर बारीकी से निगरानी की जाएगी।
आगे क्या
अधिसूचना जारी होने के बाद राजनीतिक दलों द्वारा उम्मीदवारों की घोषणा अपेक्षित है। महाराष्ट्र और तमिलनाडु की रिक्त सीटों पर जो सदस्य निर्वाचित होंगे, वे मूल कार्यकाल की शेष अवधि — क्रमशः 4 जुलाई 2028 और 29 जून 2028 तक — ही पद पर रहेंगे।