खार्किव में रूसी ड्रोन हमले में 2 की मौत, ओडेसा-पावलोह्राद समेत 10 शहरों पर मिसाइल बरसाए
सारांश
मुख्य बातें
यूक्रेन के खार्किव शहर में 9 अगस्त को रूसी ड्रोन के सीधे हमले से एक ऊँची रिहायशी इमारत की चार मंजिलें तबाह हो गईं, जिसमें दो लोगों की मौत हो गई और कई घायल हुए। रात भर जारी रहे इन हमलों में रूस ने 61 मिसाइलें — जिनमें 56 बैलिस्टिक थीं — 1,560 से अधिक हमलावर ड्रोन और 1,540 हवाई बम दागे।
मुख्य घटनाक्रम
यूक्रेन के विदेश मंत्रालय ने बताया कि खार्किव के साल्टिव्का रिहायशी इलाके को निशाना बनाया गया, जहाँ एक ऊँची इमारत की सातवीं से दसवीं मंजिल के बीच का हिस्सा पूरी तरह नष्ट हो गया। बचाव और राहत कार्य हमले के बाद भी जारी रहा।
ओडेसा में शहर के कई हिस्सों को नुकसान पहुँचा और हमलों के बाद कई स्थानों पर आग भड़क उठी। शहर के मध्य में स्थित एक चार मंजिला रिहायशी इमारत में आग लग गई और कई कारें भी जलकर क्षतिग्रस्त हो गईं। ओडेसा में बिजली आपूर्ति बहाल करने का काम जारी रहा।
पावलोह्राद में एक शॉपिंग मॉल के पास और ऊर्जा ढाँचे पर हमले में नौ लोग घायल हुए, जिनमें चार बच्चे भी शामिल हैं। इसके अलावा झितोमिर, मायकोलाइव, कीव, खेरसोन, सुमी, द्नीप्रो, जापोरिज़्झिया और डोनेट्स्क क्षेत्रों पर भी हमले दर्ज किए गए।
जेलेंस्की की प्रतिक्रिया
यूक्रेनी राष्ट्रपति वोलोदिमिर जेलेंस्की ने एक्स पर पोस्ट करते हुए कहा, 'मुझे सेरही कोरेत्स्की, मिखाइलो ड्रापाती और विक्टर मिकीता से ओडेसा, खार्किव, पावलोह्राद और अन्य क्षेत्रों पर हुए हमलों के असर की रिपोर्ट मिली है।' उन्होंने खार्किव में मारे गए दो लोगों के परिवारों के प्रति संवेदनाएँ व्यक्त कीं।
जेलेंस्की ने यह भी कहा कि रूस बैलिस्टिक मिसाइलों के ज़रिए व्यवस्थित तरीके से आतंक फैलाने की रणनीति पर काम कर रहा है और वैश्विक खाद्य सुरक्षा को भी निशाना बना रहा है। उन्होंने ओडेसा के बंदरगाह पर हुए नुकसान का विशेष उल्लेख किया।
यूक्रेनी विदेश मंत्रालय की माँग
विदेश मंत्रालय ने अंतरराष्ट्रीय समुदाय से रूस पर कड़े और प्रभावी प्रतिबंध लगाने की माँग की, जो रूस की हथियार निर्माण क्षमता को कमज़ोर करें और नागरिकों पर हो रहे हमलों को रोकने में सहायक हों। मंत्रालय ने कहा कि रूस शांति के बजाय युद्ध का रास्ता चुन रहा है।
आम जनता पर असर
ओडेसा में ऊर्जा ढाँचे पर हुए हमले के बाद बड़े पैमाने पर बिजली गुल हो गई। आठ लोगों के घायल होने की पुष्टि की गई और उन्हें आवश्यक चिकित्सा सहायता दी गई। रिहायशी इमारतों, बंदरगाह और बुनियादी ढाँचे को हुए नुकसान से हज़ारों नागरिक प्रभावित हुए।
क्या होगा आगे
जेलेंस्की ने स्पष्ट किया कि यूक्रेन को बेहतर हवाई सुरक्षा प्रणाली की तत्काल आवश्यकता है। उन्होंने सहयोगी देशों का आभार जताते हुए अंतरराष्ट्रीय दबाव और प्रतिबंधों को और कड़ा करने की अपील की। यह हमला ऐसे समय में हुआ है जब रूस-यूक्रेन युद्ध में कूटनीतिक समाधान की संभावनाएँ अभी भी अनिश्चित बनी हुई हैं।