BJP में शामिल होते ही स्वाति मालीवाल का बड़ा खुलासा — केजरीवाल के भ्रष्टाचार और मारपीट से तंग होकर छोड़ी AAP
सारांश
Key Takeaways
- स्वाति मालीवाल ने 25 अप्रैल 2025 को BJP की सदस्यता ग्रहण की और AAP छोड़ने वाले राज्यसभा के सात सांसदों में शामिल हुईं।
- विभव कुमार द्वारा मारपीट के बाद एफआईआर वापस लेने का दो साल तक दबाव बनाया गया — यह मालीवाल का प्रमुख आरोप है।
- मालीवाल ने आरोप लगाया कि विभव कुमार को पंजाब में Z+ सुरक्षा और भगवंत मान का मुख्य सलाहकार नियुक्त किया गया।
- नीदरलैंड दौरे में एक लाख रुपए प्रतिरात्रि के होटल कमरे में विभव कुमार के ठहरने पर पंजाब के करदाताओं के पैसे के दुरुपयोग का आरोप।
- मालीवाल ने केजरीवाल के 100 करोड़ रुपए के सरकारी आवास को भ्रष्टाचार का प्रतीक बताया।
- मालीवाल की भविष्यवाणी — AAP जल्द टूटकर बिखर जाएगी; पंजाब 2027 चुनावों से पहले यह बड़ा राजनीतिक संकेत।
नई दिल्ली, 25 अप्रैल 2025 — राज्यसभा सांसद स्वाति मालीवाल ने शुक्रवार को भारतीय जनता पार्टी (BJP) की सदस्यता ग्रहण करते हुए आम आदमी पार्टी (AAP) छोड़ने के पीछे की पूरी कहानी सार्वजनिक की। उन्होंने अरविंद केजरीवाल पर भ्रष्टाचार, महिला उत्पीड़न और गुंडागर्दी के गंभीर आरोप लगाए। मालीवाल AAP छोड़ने वाले राज्यसभा के सात सांसदों में शामिल हैं।
२०१९ से जुड़ी लंबी राजनीतिक यात्रा का अंत
स्वाति मालीवाल ने राष्ट्र प्रेस से विशेष बातचीत में कहा कि वे २००६ से अरविंद केजरीवाल के साथ काम कर रही हैं। उन्होंने अपना घर और नौकरी छोड़कर सात वर्षों तक झुग्गी-झोपड़ी इलाकों में रहकर पार्टी के हर आंदोलन में भाग लिया। लेकिन उनके अनुसार, केजरीवाल ने अपने ही आवास पर अपने करीबी सहयोगी से उन्हें बेरहमी से पिटवाया।
मालीवाल ने बताया कि जब उन्होंने एफआईआर दर्ज करवाने की कोशिश की, तो उन्हें धमकाया और डराया गया। पिछले दो वर्षों में लगातार दबाव बनाया गया कि वे एफआईआर वापस लें। इतना ही नहीं, संसद में उन्हें बोलने का एक मिनट का समय भी नहीं दिया गया।
विभव कुमार प्रकरण और पंजाब में खर्च पर गंभीर आरोप
स्वाति मालीवाल ने विभव कुमार का सीधा नाम लेते हुए कहा कि जिस व्यक्ति ने उनके साथ मारपीट और बदतमीजी की, उसे अरविंद केजरीवाल ने पंजाब में Z+ सुरक्षा प्रदान की और मुख्यमंत्री भगवंत मान का मुख्य सलाहकार नियुक्त किया।
उन्होंने आरोप लगाया कि विभव कुमार हाल ही में भगवंत मान के साथ नीदरलैंड दौरे पर गए, जहां उन्हें एक लाख रुपए प्रतिरात्रि के होटल कमरे में ठहराया गया। यह सब पंजाब की जनता के करों से खर्च किया गया।
मालीवाल ने कहा कि पंजाब में रेत खनन और नशीली दवाओं का कारोबार चरम पर है और यह सब केजरीवाल की शह पर हो रहा है। उन्होंने यह भी कहा कि दिल्ली विधानसभा चुनाव हारने के बाद केजरीवाल पंजाब सरकार को रिमोट कंट्रोल से चला रहे हैं और पंजाब को अपना निजी एटीएम बना लिया है।
केजरीवाल की जीवनशैली पर तीखा प्रहार
स्वाति मालीवाल ने केजरीवाल की बदली जीवनशैली पर तीखा कटाक्ष करते हुए कहा कि जो व्यक्ति कभी फटी पैंट पहनकर, दो रुपए वाले रेनॉल्ड्स पेन और छोटी कार में घूमता था, वही आज १०० करोड़ रुपए के सरकारी आवास में रहता है, जिसमें बार और हेलीपैड तक की व्यवस्था है।
उन्होंने कहा कि इस विरोधाभास से साफ है कि केजरीवाल का भ्रष्टाचार विरोधी आंदोलन केवल सत्ता हासिल करने का जरिया था। जो लोग वास्तव में ईमानदार थे, वे एक-एक करके पार्टी छोड़ रहे हैं।
PM मोदी की नेतृत्व क्षमता की सराहना
स्वाति मालीवाल ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को न केवल भारत बल्कि विश्व का सर्वाधिक लोकप्रिय नेता बताया। उन्होंने ऑपरेशन सिंदूर, नक्सलवाद के खात्मे और महिला आरक्षण बिल को PM मोदी की उपलब्धियों के रूप में गिनाया।
उन्होंने स्पष्ट किया कि वे किसी मजबूरी में नहीं, बल्कि PM मोदी के नेतृत्व में विश्वास के कारण BJP में शामिल हुई हैं। उन्होंने यह भी कहा कि मध्य-पूर्व में युद्ध के बावजूद भारत में स्थिरता बनाए रखना PM मोदी की कुशल नेतृत्व क्षमता का प्रमाण है।
AAP के भविष्य पर बड़ी भविष्यवाणी
स्वाति मालीवाल ने दावा किया कि आम आदमी पार्टी बहुत जल्द टूटकर बिखर जाएगी, क्योंकि केजरीवाल के रवैये से हजारों-लाखों कार्यकर्ता नाराज हैं। उन्होंने कहा कि जो भी ईमानदार व्यक्ति पार्टी में था, वह केजरीवाल के भ्रष्टाचार और झूठ के कारण पार्टी छोड़ चुका है।
गौरतलब है कि फरवरी २०२५ के दिल्ली विधानसभा चुनावों में AAP को करारी हार का सामना करना पड़ा था, जिसके बाद से पार्टी में आंतरिक असंतोष की खबरें लगातार सामने आ रही हैं। मालीवाल समेत सात राज्यसभा सांसदों का एक साथ पार्टी छोड़ना इस संकट की गहराई को उजागर करता है।
आने वाले दिनों में यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि AAP इस राजनीतिक संकट से कैसे उबरती है और पंजाब विधानसभा चुनाव २०२७ से पहले पार्टी का जनाधार किस दिशा में जाता है।