क्या मुंबई की जनता ने ठाकरे बंधुओं को उनकी राजनीतिक हैसियत दिखा दी?
सारांश
Key Takeaways
- बीएमसी चुनाव में ठाकरे परिवार की हार
- योगेंद्र चंदोलिया का तीखा बयान
- मुंबई की जनता का स्पष्ट संदेश
- ममता बनर्जी के खिलाफ गंभीर आरोप
- दूषित पानी से मौतों पर चिंता
नई दिल्ली, 17 जनवरी (राष्ट्र प्रेस)। बीएमसी चुनाव में ठाकरे परिवार के कथित वर्चस्व के समाप्त होने के संबंध में भाजपा सांसद योगेंद्र चंदोलिया ने कड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा कि ठाकरे परिवार ने अपने ही पैरों पर कुल्हाड़ी मारी है। मुंबई की जनता ने ठाकरे बंधुओं को उनकी राजनीतिक हैसियत स्पष्ट कर दी है।
चंदोलिया ने समाचार एजेंसी राष्ट्र प्रेस से बातचीत करते हुए कहा कि शिवसेना के संस्थापक बालासाहेब ठाकरे को हिंदुत्व की राजनीति और विचारधारा के लिए जाना जाता था, लेकिन उनके बेटे उद्धव ठाकरे ने सत्ता की लालसा में दूसरों की गोद में बैठकर न केवल हिंदुत्व का विरोध किया, बल्कि हिंदी भाषा का भी विरोध करना शुरू कर दिया। महाराष्ट्र, विशेषकर मुंबई की जनता ने ठाकरे बंधुओं को उनकी राजनीतिक स्थिति दिखा दी है। जनता ने स्पष्ट संदेश दिया है कि यदि वे अपने पिता के दिखाए रास्ते पर नहीं चल सकते, तो उन्हें 'बाय-बाय, टाटा' कह दिया जाएगा। इसी कारण मुंबई की जनता ने बीएमसी चुनाव में ठाकरे परिवार के वर्चस्व को पूरी तरह से समाप्त कर दिया है।
चंदोलिया ने कहा कि ममता बनर्जी का नाम अब केवल मुख्यमंत्री के रूप में नहीं, बल्कि एक गुंडे के रूप में भी लिया जाने लगा है। पश्चिम बंगाल में कानून-व्यवस्था की स्थिति बेहद खराब है, आम लोग प्रताड़ित हो रहे हैं और तृणमूल कांग्रेस के कथित गुंडों द्वारा सुवेंदु अधिकारी की जान लेने की कोशिश तक की गई। उन्होंने दावा किया कि इस मानहानि के मामले में ममता बनर्जी को परिणाम भुगतने पड़ेंगे।
इंदौर में दूषित पानी पीने से हुई मौतों के मामले में कांग्रेस नेता राहुल गांधी द्वारा पीड़ित परिवारों से मुलाकात और प्रदेश सरकार पर किए गए हमले पर प्रतिक्रिया देते हुए योगेंद्र चंदोलिया ने कहा कि दूषित पानी से लोगों की मौत होना बेहद दुखद और स्तब्ध करने वाली घटना है। उन्होंने कहा कि इस संवेदनशील मुद्दे पर राजनीति करना उचित नहीं है।
उन्होंने स्पष्ट किया कि मध्य प्रदेश में भारतीय जनता पार्टी की सरकार है। यदि किसी एक शहर में दूषित पानी की समस्या सामने आती है, तो इसका मतलब यह नहीं है कि पूरा राज्य ही खराब हो गया है। उन्होंने कहा कि ऐसी घटनाएं केरल और कर्नाटक जैसे राज्यों में भी हो सकती हैं। चंदोलिया ने भरोसा दिलाया कि इस मामले में दोषियों की पहचान कर उनके खिलाफ कार्रवाई की जा रही है और सरकार पीड़ितों को न्याय दिलाने के लिए गंभीरता से काम कर रही है।