ट्रंप ने शी चिनफिंग को बताया 'गहरे दोस्त', व्हाइट हाउस में ऐतिहासिक स्वागत समारोह
सारांश
मुख्य बातें
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने 25 सितंबर 2026 को व्हाइट हाउस में चीनी राष्ट्रपति शी चिनफिंग के सम्मान में आयोजित स्वागत समारोह में कहा कि दोनों नेताओं के बीच 2016 से 'गहरी दोस्ती' कायम हुई है। ट्रंप ने इस यात्रा को 'ऐतिहासिक' करार देते हुए कहा कि यह मित्रता आपसी सम्मान और दोनों देशों की जनता के मौलिक हितों पर टिकी है।
स्वागत समारोह में ट्रंप का संबोधन
ट्रंप ने अपने भाषण में कहा, 'राष्ट्रपति शी चिनफिंग, श्रीमती फंग लीयुआन और चीनी प्रतिनिधिमंडल के सभी सदस्यों, मुझे इस खूबसूरत व्हाइट हाउस में आपका स्वागत करते हुए बहुत खुशी हो रही है।' उन्होंने यह भी स्मरण कराया कि इसी वर्ष मई में उन्होंने बीजिंग में एक प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व किया था, जहाँ शी ने उनका 'गर्मजोशी से स्वागत' किया था।
ट्रंप ने आगे कहा कि मेलानिया और उन्हें वाशिंगटन में शी दंपती का स्वागत करते हुए गर्व हो रहा है। यह टिप्पणी इस बात की ओर इशारा करती है कि दोनों देशों के बीच कूटनीतिक संवाद हाल के महीनों में कई स्तरों पर जारी रहा है।
दोस्ती और कूटनीतिक संदर्भ
ट्रंप ने स्पष्ट किया कि 2016 में अपने पहले निर्वाचन के बाद से उनके और शी चिनफिंग के बीच व्यक्तिगत संबंध प्रगाढ़ हुए हैं। उन्होंने कहा, 'राष्ट्रपति शी और मैं मिलकर काम करना जारी रखेंगे, दोनों देशों के लिए एक बेहतर भविष्य का निर्माण करेंगे।'
गौरतलब है कि यह यात्रा ऐसे समय में हो रही है जब अमेरिका और चीन के बीच व्यापार, तकनीक और भू-राजनीतिक मुद्दों पर तनाव पृष्ठभूमि में बना हुआ है। ऐसे में दोनों शीर्ष नेताओं के बीच प्रत्यक्ष संवाद को कूटनीतिक हलकों में महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
चीनी प्रतिनिधिमंडल की यात्रा
राष्ट्रपति शी चिनफिंग अपनी पत्नी फंग लीयुआन के साथ इस राजकीय यात्रा पर वाशिंगटन पहुँचे। चीनी प्रतिनिधिमंडल के साथ हुई यह शिखर-स्तरीय मुलाकात द्विपक्षीय संबंधों को नई दिशा देने का प्रयास मानी जा रही है।
यह ऐसे समय में उल्लेखनीय है जब ट्रंप प्रशासन ने पिछले कुछ महीनों में चीन के साथ कई व्यापार वार्ताओं में सक्रियता दिखाई है। आलोचकों का कहना है कि व्यक्तिगत कूटनीति की इस शैली के परिणाम ठोस नीतिगत समझौतों में तभी दिखेंगे जब दोनों पक्ष संरचनात्मक मुद्दों पर सहमति बनाएँ।
आगे क्या होगा
ट्रंप ने अपने समापन वक्तव्य में इस यात्रा को 'ऐतिहासिक' बताते हुए शी दंपती का धन्यवाद किया। दोनों देशों की ओर से आगे की बैठकों और संभावित समझौतों को लेकर अभी कोई आधिकारिक जानकारी सामने नहीं आई है, लेकिन कूटनीतिक सूत्रों के अनुसार आने वाले हफ्तों में और वार्ता संभव है।