ब्रजेश पाठक: यूपी पुलिस भर्ती परीक्षा में अपमानजनक प्रश्न अस्वीकार्य
सारांश
Key Takeaways
- पुलिस भर्ती परीक्षा 14 और 15 मार्च को हो रही है।
- ब्रजेश पाठक ने विवादित प्रश्नों पर आपत्ति जताई है।
- सरकार ने तुरंत जांच के आदेश दिए हैं।
- सुरक्षा के लिए कड़े इंतजाम किए गए हैं।
- हर नागरिक की गरिमा को प्राथमिकता दी जा रही है।
लखनऊ, 14 मार्च (राष्ट्र प्रेस)। उत्तर प्रदेश में पुलिस उपनिरीक्षक (दारोगा) और समकक्ष पदों पर सीधी भर्ती के लिए लिखित परीक्षा की प्रक्रिया प्रारंभ हो चुकी है। यह परीक्षा 14 और 15 मार्च को प्रदेश के 75 जिलों में आयोजित की जा रही है। इस परीक्षा के संदर्भ में उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक ने एक बयान जारी किया है।
उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर अपने पोस्ट में कहा कि उत्तर प्रदेश पुलिस भर्ती परीक्षा में आए एक प्रश्न के विकल्पों पर हमें गंभीर आपत्ति है। सरकार ने इस मामले को गंभीरता से लिया है। किसी भी प्रश्न से किसी समाज या वर्ग की गरिमा को ठेस पहुंचता है, यह बिल्कुल अस्वीकार्य है।
उन्होंने स्पष्ट किया कि किसी भी जाति, समुदाय या परंपरा के खिलाफ अपमानजनक शब्दों के लिए कोई स्थान नहीं होना चाहिए। इस मामले की त्वरित जांच के निर्देश दिए गए हैं और जिम्मेदार व्यक्तियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। उत्तर प्रदेश सरकार सभी समाजों के सम्मान, समानता और संवेदनशीलता के सिद्धांतों पर कार्य कर रही है। प्रदेश के हर नागरिक की गरिमा हमारी सर्वोच्च प्राथमिकता है।
जानकारी के अनुसार, उत्तर प्रदेश पुलिस भर्ती एवं प्रोन्नति बोर्ड (यूपीपीआरपीबी) के अनुसार, यह भर्ती परीक्षा प्रतिदिन दो पालियों में आयोजित की जा रही है। पहली पाली सुबह 10 बजे से 12 बजे तक और दूसरी पाली दोपहर 3 बजे से 5 बजे तक निर्धारित है। बोर्ड ने सभी अभ्यर्थियों के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश भी जारी किए हैं। सभी उम्मीदवारों को परीक्षा केंद्र पर समय से पहले पहुंचने की सलाह दी गई है।
परीक्षा केंद्रों पर सुरक्षा के सख्त इंतजाम किए गए हैं और सभी केंद्रों की निगरानी सीसीटीवी कैमरों से की जा रही है। इसके साथ ही प्रशासन और पुलिस बल को भी तैनात किया गया है, ताकि परीक्षा शांति से संपन्न हो सके। शहर में प्रमुख चौराहों पर पुलिस बल की तैनाती की गई है, जिससे अभ्यर्थियों को कोई परेशानी न हो।