आकाश अंबानी बोले — PM मोदी का डिजिटल विजन जियो और पूरे क्षेत्र का मार्गदर्शक
सारांश
मुख्य बातें
रिलायंस जियो इन्फोकॉम लिमिटेड (RJIL) के चेयरमैन आकाश अंबानी ने 8 अक्टूबर 2026 को इंडिया मोबाइल कांग्रेस (IMC) 2026 के दौरान कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का डिजिटल उद्योग के विकास को लेकर दृष्टिकोण पूरे क्षेत्र के लिए प्रेरणा और दिशा का स्रोत बना हुआ है। नई दिल्ली के यशोभूमि परिसर में आयोजित इस कार्यक्रम में अंबानी ने जियो की दशक-लंबी यात्रा और आगामी सैटेलाइट कनेक्टिविटी योजनाओं का भी विवरण दिया।
आकाश अंबानी का बयान
अंबानी ने कहा, 'डिजिटल उद्योग के लिए प्रधानमंत्री का मिशन हमें लगातार प्रेरित करता है और हमें पहले से कहीं अधिक आगे बढ़ने के लिए प्रोत्साहित करता है। सबसे बड़ा संदेश यही रहा है कि हमें तकनीक का उपभोक्ता नहीं, बल्कि निर्माता बनना है और जियो उसी दिशा में आगे बढ़ रहा है।' उन्होंने रेखांकित किया कि जियो का उद्देश्य केवल उपभोक्ताओं को नई सेवाएँ देना नहीं, बल्कि भारत को वैश्विक तकनीकी निर्माण का केंद्र बनाना है।
जियो के 10 वर्ष और सैटेलाइट विजन
अंबानी ने बताया कि जियो ने हाल ही में अपने 10 वर्ष पूरे किए हैं और इस दशक में भारत की डिजिटल कनेक्टिविटी को नई दिशा देने में कंपनी की भूमिका उल्लेखनीय रही है। इस अवसर पर जियो ने अपनी महत्वाकांक्षी 'सॉवरेन सैटेलाइट कनेक्टिविटी' पहल का प्रदर्शन किया, जिसके तहत लगभग 1,600 लो-अर्थ ऑर्बिट (LEO) सैटेलाइट्स का एक समूह तैयार किया जाएगा। इसके साथ ही देशभर में 23 ग्राउंड स्टेशन स्थापित करने की योजना है।
इस पहल के तहत डिज़ाइन, इंजीनियरिंग, इंटीग्रेशन, लॉन्च और संचालन सहित पूरी वैल्यू चेन को भारत के भीतर ही बनाए रखने पर जोर दिया जा रहा है। कंपनी का लक्ष्य उन दूरदराज़ क्षेत्रों तक इंटरनेट और डिजिटल सेवाएँ पहुँचाना है जहाँ पारंपरिक नेटवर्क स्थापित करना कठिन रहा है। यह ऐसे समय में आया है जब स्टारलिंक और अन्य वैश्विक LEO ऑपरेटर भी भारतीय बाज़ार में प्रवेश की कोशिश कर रहे हैं।
PM मोदी का उद्घाटन भाषण
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने IMC 2026 के 10वें संस्करण का उद्घाटन करते हुए कहा कि भारत का दूरसंचार क्षेत्र अब केवल नेटवर्क और स्पेक्ट्रम तक सीमित नहीं रहा, बल्कि सुशासन का एक अहम माध्यम बन चुका है। उन्होंने कहा कि मोबाइल फोन अब सुशासन का प्रभावी साधन बन गया है।
मोदी ने बताया कि देश के प्रत्येक जिले तक 5G कनेक्टिविटी पहुँच चुकी है और अब तक देशभर में 5.5 लाख से अधिक 5G बेस स्टेशन स्थापित किए जा चुके हैं। उल्लेखनीय है कि 2022 की तुलना में मोबाइल इंटरनेट की गति लगभग 10 गुना बढ़ चुकी है — यह आँकड़ा भारत के डिजिटल बुनियादी ढाँचे के तीव्र विस्तार का संकेत है।
IMC 2026 का आयोजन
इंडिया मोबाइल कांग्रेस 2026 का आयोजन 7 से 10 अक्टूबर 2026 तक नई दिल्ली के यशोभूमि परिसर में हो रहा है। इसे दूरसंचार विभाग (DoT) और सेल्युलर ऑपरेटर्स एसोसिएशन ऑफ इंडिया (COAI) संयुक्त रूप से आयोजित कर रहे हैं। गौरतलब है कि IMC भारत का सबसे बड़ा टेलीकॉम और प्रौद्योगिकी मंच है, जो देश की डिजिटल नीति की दिशा तय करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।
आगे की राह
जियो की LEO सैटेलाइट योजना और 5G के व्यापक विस्तार के साथ, भारत वैश्विक डिजिटल पटल पर अपनी स्थिति और मज़बूत करने की ओर अग्रसर है। अब देखना यह होगा कि 'सॉवरेन सैटेलाइट कनेक्टिविटी' की समयसीमा और क्रियान्वयन किस गति से आगे बढ़ता है।