क्या 1-30 नवंबर तक चल रहे राष्ट्रव्यापी डीएलसी अभियान 4.0 ने एक करोड़ का रिकॉर्ड आंकड़ा पार किया?
सारांश
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नई दिल्ली, 14 नवंबर (राष्ट्र प्रेस)। कार्मिक, लोक शिकायत एवं पेंशन मंत्रालय द्वारा शुक्रवार को दी गई जानकारी के अनुसार, डिजिटल लाइफ सर्टिफिकेट (डीएलसी) अभियान ने 1-30 नवंबर तक चल रहे राष्ट्रव्यापी डीएलसी अभियान 4.0 में रिकॉर्ड एक करोड़ का आंकड़ा पार कर लिया है। यह अभियान देश भर के 2,540 स्थानों को कवर करते हुए 2000 शहरों और कस्बों में चलाया जा रहा है।
मंत्रालय की ओर से दी गई जानकारी के अनुसार, 12 नवंबर तक 35,000 से अधिक डीएलसी शिविर आयोजित किए जा चुके हैं। इसके अलावा, 30 नवंबर 2025 तक 75,000 अतिरिक्त शिविर लगाए जाएंगे।
आधिकारिक बयान के अनुसार, अब तक कुल 1 करोड़ डीएलसी तैयार किए जा चुके हैं, जिनमें से 58 प्रतिशत यानी 59,13,073 फेस ऑथेंटिकेशन के जरिए और 80 वर्ष और इससे अधिक आयु के पेंशनभोगियों के लिए 7 लाख डीएलसी शामिल हैं।
मंत्रालय ने कहा है कि डीएलसी 4.0 ने डीएलसी 3.0 के मुकाबले 1 करोड़ डीएलसी तैयार करने का आंकड़ा बेहद कम समय में पूरा किया है। यह आंकड़ा पेंशनभोगियों के तेजी से डिजिटल टेक्नोलॉजी को अपनाए जाने का संकेत है। वहीं, मजबूत गति और एक्सटेंसिव फील्ड मोबिलाइजेशन के साथ विभाग तेजी से 2 करोड़ का आंकड़ा छूने की राह पर अग्रसर है, जो भारत के डिजिटल रूप से सशक्त पेंशन डिलिवरी सिस्टम को मजबूत करेगा।
इस अभियान को सफल बनाने के लिए सभी प्रमुख हितधारक अधिकतम पहुंच के लिए सरकारी दृष्टिकोण के साथ काम कर रहे हैं। प्रमुख हितधारकों में पेंशन संवितरण बैंक, पेंशन एवं पेंशनभोगी कल्याण विभाग, सीजीडीए, रेलवे, दूरसंचार विभाग, डाक विभाग, आईपीपीबी, यूआईडीएआई, एनआईसी और पेंशनभोगी कल्याण संघ शामिल हैं।
केंद्रीय विज्ञान और प्रौद्योगिकी राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) डॉ. जितेंद्र सिंह ने 5 नवंबर को डिजिटल लाइफ सर्टिफिकेट (डीएलसी) अभियान 4.0 आधिकारिक रूप से लॉन्च किया था। केंद्र की ओर से यह कदम पेंशनभोगियों के लिए लाइफ सर्टिफिकेशन को आसान बनाने के लिए उठाया जा रहा है। डीएलसी अभियान 4.0 के लॉन्च के अवसर पर केंद्रीय मंत्री सिंह ने नेशनल मीडिया सेंटर में अपना खुद का डिजिटल लाइफ सर्टिफिकेट बनाकर एक बेहतरीन उदाहरण भी पेश किया था।